उपनाम: सफलता की कहानी
पलामू की अमितु सिंह की सफलता की कहानी: विपरीत परिस्थितियों से लड़कर बनीं RIMS में डॉक्टर
झारखंड के पलामू की रहने वाली अमितु सिंह ने पारिवारिक बाधाओं को पार करते हुए चिकित्सा के क्षेत्र में एक नई पहचान बनाई है। आज वह RIMS में सीनियर रेजिडेंट के पद पर अपनी सेवाएं दे रही हैं।
20 साल की उम्र में मछली पालन से कमाए 7 लाख रुपये, जहानाबाद के नवनीत ने पढ़ाई के साथ खड़ा किया सफल कारोबार
जहानाबाद के रहने वाले 20 वर्षीय युवा नवनीत कुमार ने अपनी स्नातक की पढ़ाई के साथ मछली पालन का व्यवसाय शुरू कर एक मिसाल पेश की है। महज 15 कट्ठे के तालाब से शुरुआत कर उन्होंने एक सीजन में 7 लाख रुपये तक की शानदार कमाई की है।
बिना डिग्री के भी मोटी कमाई: मधुबनी के संजीव मखाना प्रोसेसिंग से हर सीजन में बना रहे हैं 5 लाख रुपये
बिहार के मधुबनी जिले के संजीव मुखिया और उनका पूरा परिवार खेती से जुड़े मखाना फोड़ी के काम से सालाना 4 से 5 लाख रुपये की कमाई कर रहे हैं, जो उनकी मेहनत और कौशल का प्रमाण है।
सफलता की कहानी: आदिवासी कला से संवर रही सूरज की जिंदगी, हर महीने हो रही है 50 हजार की कमाई
रांची के रहने वाले सूरज डोकरा आर्ट और लकड़ी की नक्काशी के जरिए अपनी एक अलग पहचान बना चुके हैं, जिससे वे न केवल अपनी संस्कृति को सहेज रहे हैं, बल्कि हर महीने शानदार कमाई भी कर रहे हैं।
कभी जेब में नहीं थे पैसे, आज 40000 रुपये कमा रही हैं रांची की दुलारी, जानें प्रेरणादायक सफर
राजस्थान से रांची आकर एक महिला ने किस तरह आत्मनिर्भरता की नई मिसाल कायम की है, यह कहानी उसी जज्बे की है। वंदना सहायता समूह से जुड़कर दुलारी आज न केवल खुद कमा रही हैं, बल्कि अन्य महिलाओं के लिए भी प्रेरणा बनी हैं।
गया के महेश्वर प्रसाद सिंह की प्रेरणादायक कहानी: जिस स्कूल से मैट्रिक की, वहीं बने प्रधानाध्यापक
गया जिले के मोनेया गांव के निवासी महेश्वर प्रसाद सिंह शेरघाटी अनुमंडल के पहले ऐसे शिक्षक रहे, जिन्होंने BPSC के जरिए प्रधानाध्यापक का पद हासिल किया। अपनी मेहनत के दम पर उन्होंने उसी स्कूल में लंबा समय बिताया जहां से कभी उन्होंने स्वयं शिक्षा प्राप्त की थी...
केबीसी में जीते 50 लाख, फिर पहले ही प्रयास में पास की यूपीएससी परीक्षा, जानिए 22 साल के विकास सिंह पंवार की कहानी
हिमाचल प्रदेश के शिमला के रहने वाले 22 वर्षीय विकास सिंह पंवार ने पहले 'कौन बनेगा करोड़पति' में 50 लाख रुपये जीते और फिर अपने पहले ही प्रयास में यूपीएससी परीक्षा में 159वीं रैंक हासिल की।
UPSC CAPF में चाय बेचने वाले के बेटे की शानदार कामयाबी, प्रेमानंद महाराज के प्रवचन और 10 घंटे की मेहनत ने दिलाई सफलता
रांची के रहने वाले अंकित आशीष मिश्रा ने UPSC CAPF परीक्षा में 236वीं रैंक हासिल की है। बेहद साधारण पृष्ठभूमि से आने वाले अंकित ने कठिन परिश्रम और सात्विक जीवन शैली अपनाकर यह मुकाम हासिल किया है।
घर के तानों से मिली प्रेरणा, लाह आर्ट के जरिए रश्मि ने बनाई अपनी अलग पहचान
रांची की रश्मि ने लोगों की बातों को नजरअंदाज कर लाह से कलाकृतियां बनाने का हुनर सीखा और आज वह अपनी मेहनत से हर महीने 50,000 रुपये तक की कमाई कर रही हैं।
25 बार मिली नाकामी, लेकिन नहीं खोया हौसला: 26वें प्रयास में कार्तिके प्रसाद बने असिस्टेंट कमांडेंट
छत्तीसगढ़ के कार्तिके प्रसाद ने लगातार 25 परीक्षाओं में असफल होने के बाद भी हार नहीं मानी और UPSC CAPF 2025 में 329वीं रैंक हासिल कर असिस्टेंट कमांडेंट बनने का सपना पूरा किया।
यूट्यूब से मिली प्रेरणा, बत्तख पालन से चमकी किस्मत: समस्तीपुर के दीपू कुमार कमा रहे हैं 70 हजार रुपये महीना
समस्तीपुर के एक युवक दीपू कुमार ने सोशल मीडिया पर वीडियो देखकर बत्तख पालन का व्यवसाय शुरू किया। आज वे 1350 बत्तखों के जरिए हर महीने 70 हजार रुपये से भी अधिक की कमाई कर रहे हैं।
संघर्षों से भरी है डॉ. अभय झा की कहानी: पिता ने बैंक से कर्ज लेकर पूरा किया डॉक्टर बनाने का सपना
पूर्णिया के डेंटिस्ट डॉ. अभय कुमार झा की सफलता की कहानी एक शिक्षक पिता के अटूट विश्वास और आर्थिक तंगी के बीच संघर्ष की मिसाल है।
दिल्ली की नौकरी छोड़ पटना में शुरू की बिरयानी की दुकान, मात्र 20 रुपये में मिलती है पेट भर थाली
दिल्ली में निजी नौकरी करने वाले मोहन मंडल ने अपनी आजीविका के लिए पटना में वेज बिरयानी का स्टॉल लगाया है। महज 20 रुपये में स्वादिष्ट भोजन खिलाने वाले मोहन आज सैकड़ों लोगों की भूख मिटा रहे हैं।
बिहार की अलका ने कैसे बदला अपना भाग्य: बर्तन बनाने के काम से सालाना 5 लाख की कमाई, 30 लोगों को दिया रोजगार
शिवहर जिले की निवासी अलका कुमारी ने जीविका समूह की मदद से बर्तन निर्माण का सफल व्यवसाय खड़ा किया है, जिससे वह आज आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन चुकी हैं।
मिठाई की दुकान चलाने वाले राम अवतार की कहानी: साइकिलिंग के जुनून ने बेल्जियम तक पहुंचाया
साधारण सी मिठाई की दुकान चलाने वाले राम अवतार ने अपने संकल्प और कड़ी मेहनत के दम पर साइकिलिंग की दुनिया में बड़ा मुकाम हासिल किया है। अब वे बेल्जियम में आयोजित होने वाली वर्ल्ड चैंपियनशिप में भारत का प्रतिनिधित्व करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।