उपनाम: खंडवा
खंडवा की अनूठी मिसाल: आंखों की रोशनी नहीं, पर जज्बे से संवार रहे बच्चों का भविष्य, 33 साल से शिक्षा का अलख जगा रहे दंपती
मध्य प्रदेश के खंडवा में नंदराम और शकुंतला आवचे नाम का एक दृष्टिबाधित शिक्षक दंपती अपनी शारीरिक चुनौतियों को पीछे छोड़कर दशकों से बच्चों को पढ़ा रहा है। नंदराम पिछले 33 वर्षों से और उनकी पत्नी शकुंतला 17 वर्षों से शिक्षा के क्षेत्र में अपनी सेवाएं दे रहे है...
रक्षाबंधन 2026: निमाड़ में खास 'चकती' के बिना अधूरी है राखी, जानें क्या है इसकी रेसिपी और परंपरा
मध्य प्रदेश के खंडवा समेत पूरे निमाड़ अंचल में रक्षाबंधन का पर्व पारंपरिक मिठाई 'चकती' के बिना अधूरा माना जाता है। आइए जानते हैं कि इस खास व्यंजन को घर में कैसे तैयार किया जाता है।
रक्षाबंधन से पहले रसोई का बिगड़ा बजट, चीनी 70 रुपये के पार और प्याज के दाम ने बढ़ाई चिंता
खंडवा में त्योहार से पहले चीनी और प्याज की कीमतों में भारी उछाल से आम लोगों की रसोई का बजट पूरी तरह गड़बड़ा गया है, जिससे त्योहार की तैयारियों पर भी असर पड़ने की आशंका है।
खंडवा की पुरानी मंडी: बैलगाड़ियों का दौर, लुटेरों का खौफ और व्यापार का इतिहास
मध्य प्रदेश के खंडवा में स्थित पुरानी कृषि उपज मंडी न केवल व्यापार का एक केंद्र रही है, बल्कि यह किसानों के संघर्षों और उनके ऐतिहासिक बदलावों की गवाह भी है। ब्रिटिश कालीन इस मंडी ने उस समय को करीब से देखा है जब किसान अपनी उपज बेचने के लिए लंबी और खतरनाक य...
राहुल गांधी पर बीजेपी सांसद का विवादित बयान, कहा- वे भारत के मूल निवासी नहीं हैं
खंडवा से बीजेपी सांसद ज्ञानेश्वर पाटिल ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी के खिलाफ तीखी टिप्पणी करते हुए उनके राष्ट्रवाद और मूल निवास पर सवाल उठाए हैं।
खंडवा की 101 साल पुरानी तिरंगा बर्फी: स्वतंत्रता संग्राम का गवाह रही है यह खास मिठाई
मध्य प्रदेश के खंडवा में एक ऐसी मिठाई मशहूर है जिसे महात्मा गांधी ने भी चखा था। तिरंगा बर्फी के नाम से जानी जाने वाली यह मिठाई अपनी 101 साल पुरानी विरासत के कारण हर साल 15 अगस्त के मौके पर लोगों की पहली पसंद बन जाती है।
मिट्टी से सोना बनाने की कला: खंडवा के इस युवक ने कबाड़ से तैयार की शानदार कलाकृतियां
मध्य प्रदेश के खंडवा निवासी पप्पू तंतवर कबाड़ को बेशकीमती सामान में बदलकर मिसाल पेश कर रहे हैं। उन्होंने अपनी रचनात्मकता से यह साबित कर दिया है कि कचरा समझी जाने वाली चीजों का सही इस्तेमाल पर्यावरण के लिए भी वरदान साबित हो सकता है।
खंडवा: पिकनिक मनाने गए चार युवक 11 घंटे तक टापू पर फंसे, ड्रोन से पहुंचाई गई मदद
मध्य प्रदेश के खंडवा में नदियों के संगम पर पिकनिक मना रहे चार लोग अचानक जलस्तर बढ़ने से टापू पर फंस गए, जिन्हें लंबी मशक्कत के बाद सुरक्षित बाहर निकाला गया।
ओंकारेश्वर सावन यात्रा: दर्शन के लिए बदलेगा ट्रैफिक प्लान, प्रशासन ने लागू किया वन-वे रूट
सावन के दौरान ओंकारेश्वर ज्योतिर्लिंग आने वाले लाखों श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए जिला प्रशासन ने नई ट्रैफिक और पार्किंग व्यवस्था लागू की है। 30 जुलाई से 26 अगस्त तक प्रभावी रहने वाले इस प्लान में वन-वे सिस्टम और भारी वाहनों के लिए रूट डायवर्जन शामिल है।
खंडवा में हादसा: नगर परिषद की लापरवाही से खुले सेप्टिक टैंक में गिरा 3 साल का बच्चा, इलाज के दौरान मौत
मध्य प्रदेश के खंडवा में ओंकारेश्वर के पास एक दर्दनाक घटना में खुले सेप्टिक टैंक में गिरने से एक मासूम की जान चली गई। पिता ने बेटे को बचाने की पूरी कोशिश की लेकिन अस्पताल में इलाज के दौरान बच्चे ने दम तोड़ दिया।
खंडवा में मानवता की मिसाल: डॉक्टर और उनकी टीम बनी लाचार बुजुर्ग का सहारा, कराया इलाज
मध्य प्रदेश के खंडवा में एक बेसहारा बुजुर्ग के लिए डॉक्टर और मेडिकल रिप्रेजेंटेटिव की टीम फरिश्ता बनकर सामने आई है। गैंग्रीन से जूझ रहे इस बुजुर्ग का न केवल इलाज कराया गया, बल्कि उनके रहने और खाने-पीने की जिम्मेदारी भी उठाई गई है।
ओंकारेश्वर और ममलेश्वर मंदिर में पारदर्शिता की मिसाल, 15 दिनों में भक्तों ने अर्पित किए 27.58 लाख
मध्य प्रदेश के खंडवा जिले में स्थित ओंकारेश्वर और ममलेश्वर मंदिर ट्रस्ट ने दान पेटियों की राशि का सार्वजनिक ब्यौरा जारी किया है, जो मंदिर प्रबंधन की जवाबदेही को दर्शाता है।
36 साल की फरारी के बाद कानून के शिकंजे में आया आरोपी, 65 की उम्र में खेत से हुआ गिरफ्तार
मध्य प्रदेश के खंडवा जिले में पुलिस ने 36 साल पुराने चोरी के एक मामले में 65 वर्षीय बुजुर्ग को गिरफ्तार किया है। आरोपी साल 1989 से फरार चल रहा था और अपनी पहचान छिपाकर जीवन बिता रहा था।
ओंकारेश्वर में नर्मदा नदी में डूब रहा था बीटेक छात्र, बचाव दल की तत्परता से बची जान
मध्यप्रदेश के ओंकारेश्वर में नर्मदा नदी में स्नान के दौरान गहरे पानी में फंसा बीटेक का छात्र बाल-बाल बच गया। स्थानीय गोताखोरों और बचाव टीम ने समय रहते कार्रवाई करते हुए उसकी जान बचाई।
सफलता की कहानी: घर से शुरू हुआ छोटा सा सफर, आज शहर का मशहूर ब्रांड बना ओम नमकीन भंडार
खंडवा के देवनारायण चौक पर स्थित ओम नमकीन भंडार ने 45 वर्षों में अपनी शुद्धता और स्वाद से एक खास पहचान बनाई है। अब पिता की विरासत को उनके बेटे नई ऊंचाइयों पर ले जा रहे हैं।