उपनाम: दरभंगा
दरभंगा की प्रीति का जुनून: चौथी कक्षा से शुरू हुआ मिथिला पेंटिंग का सफर, अब अंतरराष्ट्रीय पहचान बनाने का है सपना
दरभंगा की प्रीति कुमारी ने चौथी कक्षा से ही मिथिला पेंटिंग को अपना लिया था। ग्रेजुएशन कर रहीं प्रीति अब इस पारंपरिक कला को न केवल अपना करियर बनाना चाहती हैं, बल्कि इसे देश-दुनिया तक पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
दरभंगा में सालों पुरानी शादी के चलते बवाल, घर और मंदिर में तोड़फोड़ के बाद 7 लोग गिरफ्तार
बिहार के दरभंगा जिले में एक चार साल पुराने अंतरधार्मिक विवाह को लेकर उपजे विवाद ने हिंसक रूप ले लिया है, जिसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 7 आरोपियों को हिरासत में लिया है।
बिहार में सरकारी बसों का सफर हुआ मुफ्त, जानिए किन लोगों को मिलेगी यह विशेष सुविधा और कैसे बनेगा पास
बिहार राज्य पथ परिवहन निगम ने विशेष श्रेणियों के यात्रियों के लिए मुफ्त बस सेवा की घोषणा की है। स्वतंत्रता सेनानियों और दिव्यांगजनों को अब बस में सफर के लिए किराया नहीं देना होगा, बस उन्हें अपना आधिकारिक पास दिखाना होगा।
बस का किराया बढ़ने से आम यात्री परेशान, बोले-महीने का बजट बिगड़ गया
बिहार राज्य पथ परिवहन निगम द्वारा बस किराए में 10 से 15 प्रतिशत की बढ़ोतरी से आम यात्रियों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। छात्र, नौकरीपेशा और मजदूर वर्ग ने इस फैसले पर नाराजगी जताते हुए इसे महंगाई की दोहरी मार बताया है।
दरभंगा की ग्रीन रोड: तपती गर्मी में भी स्वर्ग जैसा एहसास, शहर से 5 डिग्री कम रहता है तापमान
बिहार के दरभंगा में एक ऐसी सड़क है, जो चिलचिलाती धूप में भी मुसाफिरों को ठंडक का अहसास कराती है। बरगद और नीम के घने पेड़ों से ढकी यह सड़क न सिर्फ राहत देती है, बल्कि मिथिलांचल की लाइफलाइन भी मानी जाती है।
बिना कोचिंग के BPSC में लहराया परचम, दरभंगा की बेटी ने टॉप 10 में बनाई जगह
दरभंगा की प्रिया ने सेल्फ स्टडी के दम पर BPSC 70वीं परीक्षा में 10वीं रैंक हासिल की है। बिना किसी महंगी कोचिंग के केवल मेहनत और परिवार के सहयोग से उन्होंने यह उपलब्धि प्राप्त की।
दरभंगा का बेला पैलेस: जहां बेल्जियम के कांच से जगमगाता है महाराज का ऐतिहासिक महल
मिथिला की विरासत का प्रतीक बेला पैलेस अपनी अनूठी वास्तुकला और यूरोपीय शैली के लिए प्रसिद्ध है, जो आज केंद्र सरकार के अधीन एक प्रमुख केंद्र के रूप में काम कर रहा है।
बारहमासी नींबू की खेती से होगी सालभर कमाई, दरभंगा के किसान ने बताया मुनाफे का आसान तरीका
बाजार में नींबू की बढ़ती मांग को देखते हुए दरभंगा के किसान मनोज झा ने बारहमासी नींबू की खेती को मुनाफे का जरिया बताया है। कम देखभाल और सालभर फल देने वाली इस किस्म से घर की जरूरतें पूरी होने के साथ अतिरिक्त आय भी हो सकती है।
दरभंगा से जयपुर के बीच शुरू हुई नई अमृत भारत एक्सप्रेस, जानें समय और रूट की पूरी जानकारी
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बिहार और राजस्थान को जोड़ने वाली अमृत भारत एक्सप्रेस को हरी झंडी दिखा दी है। यह ट्रेन रक्सौल, गोरखपुर और लखनऊ जैसे प्रमुख स्टेशनों से होकर गुजरेगी।
BPSC Result: पहले ही प्रयास में दरभंगा की प्रिया का कमाल, हासिल की 10वीं रैंक
बिहार लोक सेवा आयोग की 70वीं परीक्षा में दरभंगा की रहने वाली प्रिया ने 10वीं रैंक हासिल कर जिले का मान बढ़ाया है। उन्होंने अपनी इस बड़ी सफलता का श्रेय कड़ी मेहनत और परिवार के सहयोग को दिया है।
आम की खेती में मनोज का कमाल: फ्री कैल्शियम फॉर्मूले से बढ़ाएं मुनाफा
दरभंगा के किसान मनोज कुमार झा ने आम की खेती के लिए एक आसान और असरदार तरीका साझा किया है, जिससे कम लागत में बंपर पैदावार पाई जा सकती है।
दरभंगा के नवीन ने आंगन में उगाई शुद्ध परवल, 6 महीने से नहीं गए बाजार, पूरा परिवार खा रहा ताजी सब्जी
दरभंगा के नवीन कुमार पांडे ने घर के दरवाजे की खाली जमीन पर परवल की बेल लगाई और बीते 6 महीने से उनका 10 लोगों का परिवार बिना बाजार गए ताजी, केमिकल-मुक्त परवल खा रहा है।
दरभंगा: यात्रियों से भरी नाव नदी में समाई, 3 महिलाओं का अब तक पता नहीं; तरवारा घाट पर मचा कोहराम
दरभंगा के किरतपुर प्रखंड स्थित तरवारा घाट के रिंग बांध के पास मूंग की फसल तोड़ने जा रहे 13 लोगों से भरी नाव डूब गई। 10 लोगों को सुरक्षित निकाल लिया गया, जबकि 3 महिलाएं अब भी लापता हैं।
जब बाजार में अंकल चिप्स और लेज का नाम तक नहीं था, मिथिला में तभी से घर-घर बनते आ रहे ये देसी आलू चिप्स, बिना केमिकल सालभर रहते कुरकुरे
मिथिला के घरों में पीढ़ियों से हाथ से बने, धूप में सुखाए आलू के चिप्स की परंपरा कायम है, जिन्हें बिना किसी केमिकल या प्रिजर्वेटिव के सालभर स्टोर किया जाता है। आज भी मेहमानों को इन्हीं चिप्स और चाय से स्वागत करना यहां स्नेह की पहचान माना जाता है।
दोस्त से मिली एक बेल ने बदली तस्वीर, दरभंगा का परिवार 6 महीने से खा रहा घर की उगाई परवल
दरभंगा के नवीन कुमार पांडे ने आंगन में परवल की बेल लगाई और पिछले 6 महीने से उनका परिवार बाजार से बिना परवल खरीदे रोज ताजी और शुद्ध सब्जी खा रहा है। बिना रासायनिक खाद के उगी यह परवल सेहत के साथ-साथ बचत का भी जरिया बन गई है।