पशुपालकों की मौज: एक बार लगाएं नेपियर घास और 5 साल तक पाएं मुफ्त हरा चारा उत्तर प्रदेश एक महीने पहले 51
नेपियर घास पशुपालन करने वाले किसानों के लिए किसी वरदान से कम नहीं है, क्योंकि एक बार रोपाई के बाद यह वर्षों तक लगातार हरा चारा प्रदान करती है।

पशुपालन में मददगार साबित हो रही है नेपियर घास

आज के दौर में पशुपालकों के लिए चारे का खर्च एक बड़ी चुनौती बना हुआ है, लेकिन नेपियर घास इस समस्या का एक शानदार समाधान है। इस घास की सबसे बड़ी खूबी यह है कि एक बार इसे खेत में लगाने के बाद आप अगले 5 साल तक लगातार इसकी उपज प्राप्त कर सकते हैं। यह न केवल पशुओं के लिए पौष्टिक आहार है, बल्कि इसे उगाकर किसान अपनी पशुपालन लागत को भी काफी हद तक कम कर सकते हैं।

खेती के लिए जरूरी परिस्थितियां

कृषि विशेषज्ञ शिव शंकर वर्मा के अनुसार, इस घास की बेहतर पैदावार के लिए 25 से 35 डिग्री सेल्सियस का तापमान सबसे उपयुक्त माना जाता है। किसानों को इस बात का विशेष ध्यान रखना चाहिए कि जिस भूमि पर वे इसकी रोपाई कर रहे हैं, वहां जलभराव की समस्या न हो। पानी जमा होने से पौधों की जड़ें सड़ सकती हैं, जिससे पूरी फसल बर्बाद होने का खतरा रहता है। उचित पोषण और सही सिंचाई के प्रबंधन से आप सालभर भरपूर हरा चारा पा सकते हैं, जिससे दूध उत्पादन में भी बढ़ोतरी होती है।

कटाई का सही समय

इस घास की कटाई के चक्र को समझना बेहद जरूरी है। पहली बार रोपाई करने के बाद, घास की पहली कटाई 60 से 75 दिन के भीतर की जाती है। एक बार फसल तैयार हो जाने के बाद, किसान हर 40 से 50 दिन के अंतराल पर इसकी कटाई जारी रख सकते हैं। नियमित कटाई और सही देखभाल से पशुपालक न केवल अपने खर्चों पर लगाम लगा सकते हैं, बल्कि अपनी आय में भी अच्छी वृद्धि कर सकते हैं।

चेतन तिवारी पाबना के उत्तर प्रदेश संवाददाता हैं और राज्य की राजनीति, प्रशासन तथा जमीनी मुद्दों को कवर करते हैं। लखनऊ में रहते हुए वे जिलों से लेकर विधानसभा तक की खबरें संतुलित रिपोर्टिंग के साथ पाठकों तक पहुंचाते हैं। आम लोगों के मुद्दों और स्थानीय घटनाओं पर उनका खास फोकस रहता है।

आपकी प्रतिक्रिया?

Comments

https://pabna.in/assets/images/user-avatar-s.jpg

0 comment

Write the first comment for this!

फेसबुक वार्तालाप