उत्तर प्रदेश
5 दिन पहले
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उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में कोतवाली क्षेत्र में बार-बार हो रही चोरी की वारदातों को पुलिस ने चुनौती के तौर पर लिया और आखिरकार एक बड़ा खुलासा कर दिखाया। जांच में सामने आया कि सीसीटीवी कैमरों की नजर से बचने के लिए चोरी करने वाला गिरोह महिला का भेष धारण करता था। पुलिस ने इस गिरोह के दो और सदस्यों को दबोच लिया है, जबकि इससे पहले गिरोह के एक सदस्य को जेल भेजा जा चुका है। गिरफ्तार आरोपियों के पास से नकदी, मोबाइल फोन और चांदी के सिक्के बरामद हुए हैं। इसे पुलिस की एक अहम सफलता माना जा रहा है।
शक से बचने के लिए ओढ़ लेते थे महिला का रूप
लंबे समय से गोरखपुर में चोरी की लगातार घटनाओं ने पूरे इलाके में दहशत का माहौल बना रखा था और पुलिस के लिए भी यह सिरदर्द बनी हुई थीं। हालांकि अब पुलिस ने पूरे मामले की गुत्थी सुलझा ली है। मामले का खुलासा करते हुए गोरखपुर के एसपी सिटी निमिष पाटिल ने बताया कि आरोपी चोरी की वारदात को अंजाम देते समय महिला का वेश इसलिए धारण करते थे ताकि किसी को उन पर शक न हो। साथ ही इस तरकीब से वे सीसीटीवी कैमरों में पहचाने जाने से भी बच जाते थे। पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों की पहचान इमरान उर्फ रियासत और राशिद खान के रूप में की है।
ई-रिक्शा चालक भी गिरोह में शामिल
पुलिस के मुताबिक राशिद खान ई-रिक्शा चालक है, जो गिरोह के सदस्यों को वारदात की जगह तक पहुंचाने और वहां से वापस लाने का काम करता था। पूछताछ में यह भी पता चला कि महिला का भेष बदलकर चोरी करने का तरीका गिरोह के सदस्य अरबाज ने सुझाया था। वह खुद घर की महिलाओं के कपड़े पहनकर चोरी की घटनाओं को अंजाम देता था। पुलिस पहले ही अरबाज को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है।
आरोपियों के पास से बरामद हुआ काफी सामान
गिरफ्तार आरोपियों के पास से 22 हजार रुपये नकद, पांच मोबाइल फोन और नौ चांदी के सिक्के बरामद किए गए हैं। पुलिस का कहना है कि तीनों आरोपियों के खिलाफ पहले से ही कई आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। फिलहाल सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया है।
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