उपनाम: संयुक्त राष्ट्र
यूएन में गरजे नेतन्याहू: बोले- यहूदियों की सुरक्षा तक जारी रहेगी जंग, ईरान को जड़ से उखाड़ फेंकने का लिया संकल्प
संयुक्त राष्ट्र में अपने संबोधन के दौरान इजरायली प्रधानमंत्री नेतन्याहू ने ईरान शासन को खत्म करने की कसम खाई और कहा कि यहूदियों की सुरक्षा तक उनकी लड़ाई जारी रहेगी।
संयुक्त राष्ट्र में भारत की दहाड़: पाकिस्तान को दो टूक, कहा- पीओके खाली करो और अल्पसंख्यकों का दमन बंद करो
जिनेवा में संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद के दौरान भारतीय राजनयिक क्षितिज त्यागी ने पाकिस्तान के झूठ का पर्दाफाश करते हुए उसे कड़े शब्दों में चेतावनी दी। उन्होंने पाकिस्तान को अपने कब्जे वाले कश्मीर को खाली करने और मानवाधिकारों पर उपदेश देने के बजाय अपन...
खाड़ी देशों को डोनाल्ड ट्रंप की दो टूक नसीहत, कहा- मेरे दोस्त एर्दोगन से उलझने की भूल न करना
न्यूयॉर्क में एक उच्चस्तरीय बैठक के दौरान डोनाल्ड ट्रंप ने तुर्की के राष्ट्रपति रेसेप तैयप एर्दोगन की जमकर तारीफ की और उन्हें अपना खास दोस्त बताते हुए दुनिया को उनसे दूर रहने की चेतावनी दी।
संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में भारत की दावेदारी को मिली बड़ी कामयाबी, यूरोप के 4 देशों ने किया समर्थन
संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में भारत की स्थायी सदस्यता की मांग को यूरोप के चार देशों के समूह विसेग्राद (V4) ने अपना खुला समर्थन दिया है। विदेश मंत्री एस जयशंकर ने इन देशों के साथ रक्षा, तकनीक और व्यापारिक सहयोग को नई दिशा देने की बात कही है।
उत्तर कोरिया ने दागीं 450 किलोमीटर की मारक क्षमता वाली मिसाइलें, दक्षिण कोरिया ने लगाई गुहार
उत्तर कोरिया ने समुद्र की तरफ बैलिस्टिक मिसाइलें दागकर एक बार फिर तनाव बढ़ा दिया है। दक्षिण कोरिया ने इस घटना को लेकर संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद से सख्त कार्रवाई की मांग की है।
संयुक्त राष्ट्र में ईरान के खिलाफ अमेरिकी योजना नाकाम, रूस-चीन की वीटो से बढ़ा संकट
संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में ईरान पर निगरानी रखने वाले पैनल के कार्यकाल को बढ़ाने की अमेरिकी कोशिश रूस और चीन के वीटो के कारण विफल हो गई है। इसी बीच, एक नई रिपोर्ट में ईरान के अंदर अमेरिकी सैन्य हमलों को युद्ध अपराध के दायरे में रखा गया है।
संयुक्त राष्ट्र में ईरान के मुद्दे पर आमने-सामने आए रूस-चीन और अमेरिका, वीटो से बदल गया पूरा समीकरण
संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर प्रतिबंधों की निगरानी करने वाले विशेषज्ञों के पैनल का कार्यकाल बढ़ाने को लेकर अमेरिका और रूस-चीन के बीच तीखी बहस हुई, जिसके बाद वीटो के चलते प्रस्ताव गिर गया।
संयुक्त राष्ट्र महासभा में शामिल नहीं हो पाएंगे महमूद अब्बास, अमेरिका ने वीजा आवेदन ठुकराया
अमेरिका ने फिलिस्तीनी राष्ट्रपति महमूद अब्बास का वीजा आवेदन खारिज कर दिया है, जिससे वे न्यूयॉर्क में आयोजित संयुक्त राष्ट्र महासभा में व्यक्तिगत रूप से हिस्सा नहीं ले पाएंगे।
अफगानिस्तान पर यूएन में भारत की दहाड़: मिट गए मिटाने वाले, हमारा रिश्ता अटूट
संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की बैठक में भारत ने अफगानिस्तान के साथ अपने ऐतिहासिक संबंधों को दोहराया और मानवीय सहायता जारी रखने का संकल्प लिया।
संयुक्त राष्ट्र में भारत ने पाकिस्तान की खोली पोल, ओसामा बिन लादेन का उदाहरण देकर आतंकवाद पर घेरा
संयुक्त राष्ट्र में भारत ने आतंकवाद को लेकर पाकिस्तान को कड़े शब्दों में घेरा है। भारत ने ओसामा बिन लादेन के एबटाबाद में छिपे होने का जिक्र करते हुए कहा कि आतंकी दूर-दराज के इलाकों में नहीं बल्कि आबादी के बीच सुरक्षित पनाह पा रहे हैं।
पहलगाम आतंकी हमले पर BRICS देशों का कड़ा रुख, कहा- आतंकवाद के खिलाफ एकजुट है दुनिया
ब्रिक्स देशों ने साझा घोषणापत्र जारी कर पहलगाम में हुए आतंकी हमले की कड़ी निंदा की है और आतंकवाद को मानवता के लिए खतरा बताते हुए इसे जड़ से खत्म करने का संकल्प लिया है।
संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में भारत की दावेदारी को मिला बांग्लादेश का साथ, सुधारों की मांग पर नई बहस
संयुक्त राष्ट्र महासभा के नए अध्यक्ष खलीलुर रहमान ने सुरक्षा परिषद में सार्थक सुधारों की वकालत की है। उन्होंने स्पष्ट किया कि 1945 के दौर की व्यवस्था वर्तमान वैश्विक चुनौतियों के लिए अपर्याप्त है, जो कि भारत की लंबे समय से चली आ रही मांग के साथ मेल खाती ह...
संयुक्त राष्ट्र में नए नक्शे पर भारत का समर्थन देख पाकिस्तान क्यों हुआ बेचैन, कश्मीर का राग फिर छेड़ा
संयुक्त राष्ट्र में पेश किए गए 'करेक्ट द मैप' प्रस्ताव का भारत ने समर्थन किया है, जिससे नक्शों की भौगोलिक विसंगतियां दूर होंगी। इस पर भारत के सख्त रुख और कूटनीतिक जीत से पाकिस्तान बौखला गया है और पुराने कश्मीर मुद्दे को हवा दे रहा है।
वैश्विक मानचित्र पर भारत का सख्त रुख: संयुक्त राष्ट्र में दी चेतावनी, सीमाओं से छेड़छाड़ बर्दाश्त नहीं
संयुक्त राष्ट्र महासभा में नक्शों से जुड़े एक प्रस्ताव पर मतदान के दौरान भारत ने अपनी सीमाओं को लेकर कड़ा रुख अपनाया है और साफ किया है कि देश के मानचित्र में किसी भी बाहरी हस्तक्षेप को स्वीकार नहीं किया जाएगा।
संयुक्त राष्ट्र में 'करेक्ट द मैप' को क्यों मिला भारत का साथ, क्या है 164 देशों के एकजुट होने की वजह
संयुक्त राष्ट्र महासभा में 'करेक्ट द मैप' प्रस्ताव को भारी बहुमत से पारित कर दिया गया है। भारत ने इस प्रस्ताव का समर्थन किया है, लेकिन साथ ही स्पष्ट किया है कि वह किसी विशेष नक्शा प्रणाली को अनिवार्य बनाने के पक्ष में नहीं है।