उपनाम: गार्डनिंग टिप्स
मानसून में इनडोर प्लांट्स को खराब होने से कैसे बचाएं? अपनाएं ये आसान टिप्स
बारिश और उमस भरे मौसम में इनडोर प्लांट्स की सेहत बनाए रखने के लिए कुछ सामान्य गलतियों को सुधारना जरूरी है। भिवाड़ी के गार्डनिंग एक्सपर्ट अमित राणा ने पौधों को हरा-भरा रखने के लिए खास सुझाव दिए हैं।
मानसून में महक उठेगा आपका घर: गार्डन को खूबसूरत बनाने के लिए लगाएं ये 6 बेहतरीन फूलदार पौधे
अगर आप इस बरसात अपने घर या गार्डन को फूलों से सजाना चाहते हैं, तो मानसून का समय इसके लिए सबसे उपयुक्त है। आइए जानते हैं किन पौधों को लगाकर आप अपने बगीचे में बहार ला सकते हैं और उनकी देखभाल कैसे करें।
मोगरे के पौधे पर नहीं आ रहे फूल? अपनाएं ये 5 जादुई तरीके और घर महक उठेगा खुशबू से
अगर आपका मोगरे का पौधा हरा-भरा होने के बावजूद फूलों से खाली है, तो यह लेख आपके लिए है। विशेषज्ञ की सलाह के अनुसार इन पांच आसान टिप्स को अपनाकर आप अपने पौधे को कलियों से भर सकते हैं।
नर्सरी में पौधों के ऊपर क्यों लगी होती है ग्रीन नेट, जानिए इसके पीछे का असली कारण और फायदे
नर्सरी में इस्तेमाल होने वाली हरी जाली पौधों के लिए एक सुरक्षा कवच की तरह काम करती है। यह न केवल चिलचिलाती धूप से बचाव करती है, बल्कि पौधों को तेज हवा, ओलावृष्टि और पानी की कमी जैसी समस्याओं से भी बचाकर उनकी ग्रोथ में मदद करती है।
गर्मियों में मनी प्लांट को सूखने और कीटों से बचाने का आसान तरीका, एक्सपर्ट से जानें खास टिप्स
भीषण गर्मी के मौसम में मनी प्लांट के पीले पड़ने और मुरझाने की समस्या आम है। सुल्तानपुर के गार्डन एक्सपर्ट मोहम्मद इमरान ने इस पौधे को सुरक्षित रखने के लिए बेहद कारगर तरीके बताए हैं।
आम के छिलके फेंकने की गलती न करें, पौधों के लिए घर पर बनाएं जबरदस्त ऑर्गेनिक खाद
गर्मी के मौसम में आम खाने के बाद छिलकों को कचरे में डालने के बजाय उनका उपयोग पौधों की ग्रोथ बढ़ाने के लिए करें। इससे न केवल पौधों को पोषण मिलता है, बल्कि रासायनिक खाद पर खर्च भी बचता है।
घर के गमले में एलोवेरा उगाने का सही तरीका, इन 5 टिप्स से पौधा कभी नहीं सूखेगा
एलोवेरा का पौधा घर की सुंदरता बढ़ाने के साथ सेहत के लिए भी उपयोगी है। गर्मियों में इसे आसानी से लगाने और देखभाल करने के लिए इन खास तरीकों को अपनाएं।
मनी प्लांट की ग्रोथ नहीं हो रही? इन आसान उपायों से आपका पौधा हो जाएगा घना और हरा-भरा
अगर आपके घर का मनी प्लांट बढ़ना बंद हो गया है या इसकी पत्तियां पीली पड़ रही हैं, तो कुछ सामान्य गलतियों को सुधारकर आप इसकी रौनक वापस ला सकते हैं।
अब आंगन और छत पर ही उगाएं ताजी सब्जियां, गमलों में इस तरह तैयार करें बैंगन, भिंडी, लौकी और नेनुआ
कृषि विशेषज्ञ डॉ. दिलीप पांडे के मुताबिक मिट्टी में सही खाद मिलाकर गमलों में टमाटर, बैंगन और लौकी जैसी सब्जियां आसानी से उगाई जा सकती हैं और इनमें 50 दिनों के भीतर फल आने लगते हैं।
बालकनी का करी पत्ता नहीं हो रहा घना? माली के बताए 6 आसान तरीके बना देंगे पौधे को झाड़ीदार
करी पत्ते के पौधे को घना और हरा-भरा बनाने के लिए सही गमला, अच्छी मिट्टी, समय पर कटाई-छंटाई और संतुलित पोषण जरूरी है. नीम ऑयल से कीड़ों को दूर रखें और छाछ से बनी मुफ्त खाद का इस्तेमाल करें, कुछ ही हफ्तों में फर्क दिखने लगेगा.
तरबूज के छिलकों को न फेंकें, घर पर ऐसे बनाएं असरदार ऑर्गेनिक खाद और संवारें अपना बगीचा
तरबूज के छिलकों को कूड़े में फेंकने के बजाय उनसे लिक्विड खाद तैयार की जा सकती है। चावल का पानी, छाछ और गुड़ मिलाकर बनी यह खाद पौधों को जरूरी पोषण देकर उन्हें तेजी से बढ़ने में मदद करती है।
नर्सरी के हजारों रुपये बचाएं, जेड प्लांट से घर पर ही तैयार करें खूबसूरत बोनसाई और निखारें बगीचे की रौनक
ऋषिकेश की गार्डनर ममता काला के मुताबिक सुख-समृद्धि का प्रतीक माना जाने वाला जेड प्लांट कम देखभाल में ही आकर्षक बोनसाई का रूप ले सकता है। जानिए इसे बनाने का आसान तरीका और जरूरी सावधानियां।
मोगरे में नहीं खिल रहे फूल? बस ये 2 आसान तरीके अपनाइए और पाइए खुशबूदार कलियों से भरा पौधा
मोगरे में फूल न आने और पत्तियां पीली पड़ने की परेशानी से जूझ रहे हैं तो सिर्फ दो आसान उपाय काफी हैं। सही छंटाई और ऑर्गेनिक खाद के सहारे पौधा तेजी से बढ़ेगा और ढेरों सुगंधित फूल देगा।
गार्डन के लिए महंगे फर्टिलाइजर की जरूरत नहीं, घर की इन चीजों से हरा-भरा रहेगा आपका छोटा बगीचा
किचन वेस्ट, पुराने डिब्बे और प्राकृतिक चीजों के सहारे बिना ज्यादा खर्च किए पौधों को हरा-भरा रखा जा सकता है। थोड़ी समझदारी और सही देखभाल ही खूबसूरत गार्डन की असली कुंजी है।
तेज धूप में मुरझा रहे हैं पौधे? जड़ में डालें 10 रुपये की यह चीज, फिर से लहलहा उठेगी बगिया
भीषण गर्मी और तेज धूप में सूखते पौधों को दोबारा हरा-भरा करने के लिए एप्सम साल्ट एक सस्ता और आसान उपाय हो सकता है। जानिए इसे पौधों की जड़ में कैसे और कितनी मात्रा में डालें।