उपनाम: अंबाला
अंबाला के राहुल की कामयाबी: 6 बार मिली असफलता, फिर 7वीं कोशिश में बने भारतीय सेना में लेफ्टिनेंट
अंबाला के रहने वाले राहुल धाकड़ ने अपनी कड़ी मेहनत और दृढ़ इच्छाशक्ति से भारतीय सेना में लेफ्टिनेंट का पद हासिल कर मिसाल कायम की है। सातवीं बार में SSB परीक्षा उत्तीर्ण करने के बाद पहली बार घर लौटने पर उनका जोरदार स्वागत किया गया।
अंबाला की बेटी का सेना में कमाल, दादा और पिता की गौरवशाली परंपरा को लेफ्टिनेंट बनकर बढ़ाया आगे
हरियाणा के अंबाला की रहने वाली सिमरनजीत कौर चहल ने लेफ्टिनेंट बनकर अपने परिवार की सैन्य विरासत को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया है। घर लौटने पर ग्रामीणों ने ढोल-नगाड़ों के साथ बेटी का ऐतिहासिक स्वागत किया।
अंबाला का ऐतिहासिक फूल डोल मेला: ब्रिटिश काल से चली आ रही अनोखी परंपरा, जन्माष्टमी के बाद होता है आयोजन
हरियाणा के अंबाला में करीब 150 साल पुरानी फूल डोल मेले की परंपरा आज भी कायम है। जन्माष्टमी के अगले दिन आयोजित होने वाले इस मेले में दूर-दराज से श्रद्धालु दर्शन के लिए उमड़ते हैं।
अंबाला: प्रिंसिपल सुभाष शर्मा का कमाल, 8 महीनों में सरकारी स्कूल की बदली तस्वीर
हरियाणा के अंबाला में एक सरकारी स्कूल के प्रिंसिपल सुभाष शर्मा को राज्य स्तरीय शिक्षक पुरस्कार के लिए चुना गया है। उन्होंने बेहद कम समय में स्कूल की जर्जर व्यवस्था को नई तकनीकों और सुधारों के जरिए बदल दिया है।
अंबाला में सफाई व्यवस्था ठप, कूड़ा सड़कों पर फेंकने से मचा हड़कंप
हरियाणा के अंबाला में पिछले 25 दिनों से सफाई कर्मियों का धरना जारी है, जिसके चलते अब कूड़ा सड़कों पर फेंका जा रहा है।
डेंगू में प्लेटलेट्स गिरने पर क्या वाकई सिर्फ कीवी ही एकमात्र उपाय है? जानिए आयुर्वेदिक डॉक्टर की सलाह और बचाव के सही तरीके
डेंगू के मौसम में प्लेटलेट्स कम होने पर अक्सर लोग घबराकर महंगे फल जैसे कीवी की तरफ भागते हैं। अंबाला के आयुर्वेदिक चिकित्सक डॉ. जितेंद्र वर्मा ने बताया कि प्लेटलेट्स बढ़ाने के लिए केवल कीवी ही नहीं, बल्कि कई अन्य घरेलू और पौष्टिक आहार भी बेहद प्रभावी हैं।
रक्षाबंधन पर अंबाला के ऑब्जर्वेशन होम में बही खुशियों की लहर, अपनों से दूर बच्चों के लिए पहुंचे समाज के लोग
अंबाला के ऑब्जर्वेशन होम में रक्षाबंधन का पर्व बेहद भावुक माहौल में मनाया गया, जहां स्वयंसेवी संस्थाओं ने बच्चों की कलाई पर राखी बांधकर उन्हें अपनत्व का अहसास कराया। इस आयोजन के जरिए बच्चों को सकारात्मक जीवन जीने और समाज में बेहतर नागरिक बनने का संकल्प दि...
रक्षाबंधन पर हरियाणा सरकार का बड़ा तोहफा: महिलाओं और बच्चों के लिए मुफ्त बस यात्रा, जानें क्या है नियम
हरियाणा सरकार ने रक्षाबंधन के मौके पर महिलाओं और 15 साल तक के बच्चों के लिए 36 घंटे की मुफ्त बस यात्रा का ऐलान किया है, जिसके तहत 27 अगस्त दोपहर 12 बजे से 28 अगस्त रात 12 बजे तक यात्रा की जा सकेगी।
रक्षाबंधन 2026: पिता चलाते थे रिक्शा, बहन की एक सलाह ने बदल दी अंबाला के मनोज की किस्मत
अंबाला के मनोज की कहानी एक मिसाल है, जहां उनकी बहन द्वारा दिए गए एक छोटे से विचार ने एक नौकरीपेशा व्यक्ति को नई पहचान दिलाई है।
बच्चों की सेहत से खिलवाड़: क्या उनकी थाली में मौजूद है ये जानलेवा खतरा?
फास्ट फूड का चलन बच्चों की सेहत के लिए गंभीर संकट बन गया है, जो सीधे उनके दिल की कार्यप्रणाली को प्रभावित कर रहा है।
अंबाला में बाल झड़ने की समस्या से बढ़ी चिंता, जानिए इसके मुख्य कारण और बचाव
हरियाणा के अंबाला में हेयर फॉल से परेशान मरीजों की संख्या में तेजी से इजाफा हो रहा है, डॉक्टर ने इसके पीछे के प्रमुख कारणों पर जानकारी साझा की है।
अंबाला: बेटे को रेल दुर्घटना में खोने के बाद जगदीश कुमार ने संभाली 200 बच्चों की शिक्षा की जिम्मेदारी
अंबाला के जगदीश कुमार ने अपने 18 वर्षीय बेटे को रेल हादसे में खोने के बाद दुख को सेवा में बदल दिया है और अब वे श्री बालाजी सेवा समिति के जरिए 200 जरूरतमंद विद्यार्थियों की पढ़ाई का खर्च उठा रहे हैं।
अंबाला में बवाल: पंजोखरा साहिब विवाद के चलते हाईवे पर हुआ संग्राम, पुलिस ने दागे आंसू गैस के गोले
हरियाणा के अंबाला में पंजोखरा साहिब गुरुद्वारा विवाद के बाद सिख प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच तीखी झड़प हुई है, जिसमें डीएसपी समेत सात पुलिसकर्मी घायल हो गए हैं। प्रदर्शनकारियों द्वारा दिल्ली-अमृतसर-चंडीगढ़ नेशनल हाईवे जाम करने के बाद स्थिति को काबू में...
अंबाला जेल में अनोखी पहल: 17 कैदी बनेंगे शिक्षक, 236 बंदियों को साक्षर बनाने का लक्ष्य
अंबाला सेंट्रल जेल में उल्लास-नव भारत साक्षरता कार्यक्रम के तहत निरक्षर कैदियों को शिक्षित करने की मुहिम शुरू की गई है, जिसमें शिक्षित कैदी ही अपने साथी बंदियों को पढ़ाएंगे।
अंबाला के विशाल वर्मा की अनूठी पहल: कोरोना काल के बाद से बदल गई जीवन की दिशा, टीबी मरीजों की कर रहे सेवा
अंबाला के रहने वाले विशाल वर्मा ने समाजसेवा को ही अपने जीवन का मकसद बना लिया है। एक सर्राफ होने के बावजूद वे अस्पताल के मरीजों को फल बांटने से लेकर टीबी पीड़ितों को गोद लेने जैसे नेक काम कर रहे हैं।