राजस्थान
17 घंटे पहले
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सीकर के खाटूश्यामजी कस्बे में युवक करण कुमावत पर हुए जानलेवा हमले के आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर सर्वसमाज का गुस्सा सड़कों पर उतर आया है। मामले में अब तक संतोषजनक कार्रवाई न होने से नाराज लोगों ने सोमवार से सीकर कलेक्ट्रेट परिसर में अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया है। बड़ी संख्या में पहुंचे लोगों ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए दोषियों के खिलाफ शीघ्र कार्रवाई की मांग उठाई।
प्रदर्शनकारियों ने दो टूक कहा कि जब तक इस मामले में नामजद और फरार चल रहे सभी आरोपियों को गिरफ्तार नहीं कर लिया जाता, तब तक उनका आंदोलन थमने वाला नहीं है।
धरने से पहले निकाली आक्रोश रैली
धरना शुरू होने से पूर्व सर्वसमाज के लोगों ने डाक बंगला से कलेक्ट्रेट तक आक्रोश रैली निकाली। रैली में शामिल लोग हाथों में तख्तियां थामे विरोध प्रदर्शन करते हुए आगे बढ़े और आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग करते रहे। उनका कहना था कि घटना को कई दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस मुख्य आरोपियों तक नहीं पहुंच पाई है, जिससे लोगों में रोष लगातार बढ़ता जा रहा है।
पुलिस पर सिर्फ आश्वासन देने का आरोप
प्रदर्शनकारी किशोर दुल्हेपुरा ने बताया कि इससे पहले 1 जून को खाटूश्यामजी पुलिस थाने का घेराव भी किया जा चुका है। उस मौके पर थाना प्रभारी पवन कुमार चौबे ने तीन दिन के भीतर आरोपियों को गिरफ्तार करने का भरोसा दिलाया था। लेकिन तय समयसीमा बीत जाने के बावजूद किसी की गिरफ्तारी न होने से लोगों में नाराजगी है।
उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस बार-बार आश्वासन तो दे रही है, लेकिन जमीनी स्तर पर उस तरह की कार्रवाई कहीं नजर नहीं आ रही, जिसकी अपेक्षा की जा रही थी।
दूसरे जिले की पुलिस पर श्रेय लेने का आरोप
प्रदर्शनकारियों ने यह भी कहा कि इस मामले में फरार चल रहे एक आरोपी को अजमेर जिले की अराई पुलिस ने पकड़ा था, मगर इसका श्रेय सीकर पुलिस लेने की कोशिश कर रही है। लोगों का तर्क है कि जब दूसरे जिलों की पुलिस कार्रवाई कर सकती है, तो सीकर पुलिस को भी बाकी बचे आरोपियों को जल्द से जल्द गिरफ्तार करना चाहिए।
गेस्ट हाउस विवाद में हुआ था हमला
उल्लेखनीय है कि 26 मई की रात करीब एक बजे खाटूश्यामजी कस्बे के एक गेस्ट हाउस में ग्राहकों को लेकर विवाद हो गया था। आरोप है कि इसी कहासुनी के दौरान करीब आधा दर्जन लोगों ने रानोली निवासी करण कुमावत पर हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया।
प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए उसे सीकर रेफर किया गया था। घटना के बाद से ही पीड़ित परिवार और समाज के लोग लगातार आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग करते आ रहे हैं।
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