नीरज भारती प्रकरण पर कृषि मंत्री चंद्र कुमार की दो टूक, बोले- सोशल मीडिया पर पार्टी के मसले उठाना अनुचित हिमाचल प्रदेश 3 महीने पहले 44
कांग्रेस नेता नीरज भारती से जुड़े विवाद पर पहली बार प्रतिक्रिया देते हुए कृषि मंत्री प्रो. चंद्र कुमार ने कहा कि पार्टी और सरकार से जुड़े मुद्दे सोशल मीडिया या सार्वजनिक मंचों के बजाय कांग्रेस के तय मंचों पर रखे जाने चाहिए।

कांग्रेस नेता नीरज भारती से जुड़े विवाद पर अब तक खामोश रहे उनके पिता और हिमाचल प्रदेश सरकार में कृषि मंत्री प्रो. चंद्र कुमार ने पहली बार खुलकर अपनी राय रखी है। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि पार्टी और सरकार से जुड़े किसी भी विषय को सोशल मीडिया या सार्वजनिक मंचों पर उठाना उचित नहीं है। उनके अनुसार कांग्रेस एक लोकतांत्रिक संगठन है, जहां हर नेता और कार्यकर्ता को अपनी बात कहने का हक है, मगर इसके लिए पार्टी के भीतर तय मंच पहले से मौजूद हैं।

शिमला में पत्रकारों से बातचीत के दौरान कृषि मंत्री ने कहा कि तथ्यों और पर्याप्त चर्चा के बिना लगाए जाने वाले आरोप पार्टी और सरकार, दोनों की छवि को चोट पहुंचाते हैं। उन्होंने कहा कि अगर किसी नेता को सरकार की कार्यशैली या संगठन के किसी फैसले पर एतराज है, तो उसे मुख्यमंत्री और प्रदेश कांग्रेस नेतृत्व के सामने रखना चाहिए।

अपनी ही सरकार और संगठन पर सवाल उठाना ठीक नहीं

चंद्र कुमार ने दो टूक कहा कि व्हाट्सएप ग्रुप, सोशल मीडिया या मीडिया के माध्यम से अपनी ही सरकार और संगठन पर सवाल खड़े करना स्वस्थ राजनीतिक परंपरा नहीं मानी जा सकती। उन्होंने जोर देकर कहा कि किसी भी राजनीतिक संगठन की सबसे बड़ी पूंजी उसका अनुशासन और आपसी तालमेल होता है।

उन्होंने कहा कि कांग्रेस में सभी को अपनी बात रखने का अवसर मिलता है, लेकिन सार्वजनिक बयानबाजी से परहेज करना चाहिए। इसी क्रम में उन्होंने वरिष्ठ नेताओं और पदाधिकारियों को भी जिम्मेदारी के साथ आचरण करने की सलाह दी।

जल्दबाजी में नहीं होगा कोई फैसला

नीरज भारती के इस्तीफे से जुड़े सवाल पर कृषि मंत्री ने कहा कि कांग्रेस नेतृत्व ने पूरे मामले को गंभीरता से लिया है और सभी पक्षों से बातचीत की जाएगी। उन्होंने संकेत दिया कि जल्दबाजी में कोई निर्णय नहीं लिया जाएगा और संवाद के जरिए ही समाधान निकालने की कोशिश होगी।

सरकार के खिलाफ सार्वजनिक मंचों पर बयान देना उचित नहीं

चंद्र कुमार ने कहा कि लोकतंत्र में रचनात्मक आलोचना का स्वागत होना चाहिए, परंतु ऐसे बयानों से बचना जरूरी है जिनसे पार्टी और सरकार की सार्वजनिक छवि प्रभावित हो। उन्होंने कहा कि विपक्ष का सरकार की आलोचना करना स्वाभाविक है, लेकिन अपनी ही सरकार के खिलाफ सार्वजनिक मंचों पर बयान देना उचित नहीं ठहराया जा सकता।

अंजलि सिंह पाबना की राज्य संवाददाता हैं, जो विभिन्न राज्यों की क्षेत्रीय खबरें और खानपान कवर करती हैं। स्थानीय घटनाओं, संस्कृति और जायके की कहानियों को वे करीब से रिपोर्ट करती हैं। अलग-अलग राज्यों की विविधता उनकी रिपोर्टिंग में नजर आती है।

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