जीवनशैली
एक घंटा पहले
2
विचारों
दूध की मलाई को गाढ़ा बनाने का अचूक नुस्खा
अक्सर घरों में दूध उबाला तो जाता है, लेकिन नतीजा हमेशा वैसा नहीं होता जैसा हम चाहते हैं। बहुत से लोग दूध से मलाई निकालकर उसका घी या मक्खन बनाना पसंद करते हैं, लेकिन शिकायत यह होती है कि मलाई की परत बहुत पतली बनती है। अगर आप भी इसी समस्या से परेशान हैं, तो यूट्यूबर चन्ना कौर की यह खास तकनीक आपके लिए बेहद मददगार साबित हो सकती है। सही बर्तन के चुनाव से लेकर फ्रिज में दूध रखने तक, हर छोटे कदम का मलाई की मोटाई पर गहरा असर पड़ता है। आइए जानते हैं कि आखिर वह कौन सी विधि है जिससे आप दूध की मलाई को रोटी जैसा मोटा जमा सकते हैं।
बर्तन का सही चुनाव है पहली प्राथमिकता
मलाई की एक मोटी परत जमाने का सफर सही बर्तन के चयन से ही शुरू होता है। आप हमेशा ऐसा बर्तन इस्तेमाल करें जिसका तला मोटा हो और गहराई अधिक हो। मोटे तले वाले बर्तन में दूध धीरे-धीरे और समान रूप से गर्म होता है, जो मलाई के लिए अनुकूल वातावरण बनाता है। इसके अलावा, दूध को उबालने से पहले उसे बारीक छलनी से अच्छी तरह छान लेना चाहिए। एक और प्रो-टिप यह है कि बर्तन के ऊपरी किनारों पर थोड़ा सा शुद्ध देसी घी लगा दें। इससे न केवल दूध बाहर गिरकर बहने से बचता है, बल्कि यह मलाई के विकास को भी नियंत्रित करने में मदद करता है।
धीमी आंच पर पकाएं, जल्दबाजी न करें
आमतौर पर समय बचाने के चक्कर में लोग दूध को तेज आंच पर उबालते हैं, जो कि मोटी मलाई जमाने के लिए सबसे बड़ी बाधा है। दूध को हमेशा धीमी या मध्यम आंच पर ही गर्म करना चाहिए। धीमी आंच पर पकने के दौरान दूध का फैट (वसा) धीरे-धीरे ऊपर की तरफ आता है, जिससे बाद में जमने वाली मलाई की परत आश्चर्यजनक रूप से मोटी हो जाती है। यही वह मूल मंत्र है जो आपकी मलाई को बाजार जैसी गाढ़ी बना सकता है।
उबाल आने के बाद भी दें अतिरिक्त समय
चन्ना कौर के अनुसार, ज्यादातर लोग पहली बार उबाल आते ही गैस बंद कर देते हैं, जो कि एक बड़ी भूल है। दूध में जैसे ही उबाल आए, गैस को बंद करने के बजाय उसे धीमी आंच पर कम से कम पांच मिनट तक और पकने दें। यदि इस दौरान दूध उफनकर बाहर आने की कोशिश करे, तो चम्मच की सहायता से उसे हल्का हिलाते रहें या थोड़ी हवा दें, लेकिन तुरंत गैस बंद न करें। पांच मिनट तक पकने से दूध थोड़ा गाढ़ा हो जाता है, जो मलाई के लिए एक मजबूत और बेहतर आधार प्रदान करता है।
ठंडा करने और फ्रिज में रखने का सटीक तरीका
दूध उबालने के बाद उसे तुरंत ढक्कन से बंद कर देना मलाई की गुणवत्ता को खराब कर सकता है। ऐसा करने से बर्तन के अंदर भाप इकट्ठी होकर वापस पानी की बूंदों के रूप में दूध में गिरती है, जिससे मलाई की परत पतली हो जाती है। बेहतर यही है कि दूध को कमरे के तापमान पर धीरे-धीरे ठंडा होने दें। आप इस पर एक जालीदार ढक्कन रख सकते हैं ताकि धूल-कण दूध में न जाएं और भाप आसानी से बाहर निकलती रहे। जब दूध पूरी तरह से ठंडा हो जाए, तभी उसे फ्रिज के अंदर रखें।
आठ से नौ घंटे का धैर्य है जरूरी
फ्रिज में रखने के बाद दूध को कम से कम आठ से नौ घंटे तक बिल्कुल न छेड़ें। इस समय के दौरान बर्तन को बार-बार इधर-उधर करने या दूध निकालने से बचें। जब दूध लंबे समय तक बिना हिलाए एक स्थिर तापमान पर रहता है, तभी ऊपर की मलाई वाली परत मजबूत और मोटी हो पाती है।
मलाई निकालने का सही तरीका
जब आप मलाई निकालने जाएं, तो जल्दबाजी में चम्मच न चलाएं। सबसे पहले एक चाकू या चम्मच की मदद से किनारों पर जमी मलाई को हल्के हाथों से अलग करें। इसके बाद, मलाई को पूरी परत के रूप में एक साथ सावधानीपूर्वक ऊपर उठाएं। इस तरीके को अपनाकर आप देखेंगे कि आपकी मलाई बिना टूटे एक मोटी और मखमली परत के रूप में बाहर आ जाएगी। अब आप इस मलाई का उपयोग करके घर पर ही शुद्ध और ताजा घी या मक्खन आसानी से तैयार कर सकते हैं।
Comments
0 comment