हाथ-पैर सुन्न होने की समस्या से हैं परेशान? काले तिल का तेल बन सकता है रामबाण इलाज जीवनशैली एक घंटा पहले 4
हाथ-पैर सुन्न होने की दिक्कत को हल्के में लेना भारी पड़ सकता है। आयुर्वेद विशेषज्ञों के अनुसार, आप कुछ आसान घरेलू उपायों और मालिश से इस स्थिति में राहत पा सकते हैं।

सुन्नपन को न करें अनदेखा

अक्सर काम के दौरान एक ही मुद्रा में काफी देर तक बैठे रहने से हमारे हाथ या पैर अचानक सुन्न पड़ जाते हैं। ऐसी स्थिति में खड़े होने में भी काफी परेशानी होती है। कई लोग इसे मामूली समझकर अनदेखा कर देते हैं, लेकिन बार-बार हाथ-पैर सुन्न होना किसी बड़ी समस्या का संकेत भी हो सकता है।

क्यों होता है अंगों में सुन्नपन?

फरीदाबाद के आयुर्वेद चिकित्सक डॉ. चेतन शर्मा के मुताबिक, शरीर में पोषक तत्वों की कमी सुन्नपन का एक बड़ा कारण है। विशेष रूप से विटामिन बी12 और विटामिन डी की कमी होने पर नसें कमजोर होने लगती हैं। इसके अलावा, शरीर की किसी नस पर अधिक दबाव पड़ने या नर्व कंप्रेशन की स्थिति बनने पर भी अंगों में झुनझुनी या सुन्नता महसूस हो सकती है। यदि आपको यह समस्या बार-बार हो रही है, तो इसके वास्तविक कारण की जांच कराना बेहद जरूरी है।

आयुर्वेद के अनुसार प्रभावी उपाय

आयुर्वेद में इस समस्या से निजात पाने के लिए प्रभावित हिस्से की सिकाई और मालिश को अत्यंत लाभकारी बताया गया है। काले तिल का तेल सुन्नपन दूर करने में विशेष रूप से प्रभावी माना जाता है। यदि यह उपलब्ध न हो, तो आप सरसों के तेल का इस्तेमाल भी कर सकते हैं। प्रभावित अंग पर तेल से हल्के हाथों से मालिश करने से रक्त संचार बेहतर होता है और नसों को सक्रिय होने में काफी मदद मिलती है। नियमित रूप से मालिश करने पर आपको सुन्नपन की समस्या से धीरे-धीरे आराम मिल सकता है।

अंजलि सिंह पाबना की राज्य संवाददाता हैं, जो विभिन्न राज्यों की क्षेत्रीय खबरें और खानपान कवर करती हैं। स्थानीय घटनाओं, संस्कृति और जायके की कहानियों को वे करीब से रिपोर्ट करती हैं। अलग-अलग राज्यों की विविधता उनकी रिपोर्टिंग में नजर आती है।

आपकी प्रतिक्रिया?

Comments

https://pabna.in/assets/images/user-avatar-s.jpg

0 comment

Write the first comment for this!

फेसबुक वार्तालाप