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एक घंटा पहले
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खेती में सही तकनीक और बारीकियों की जानकारी न होने पर अक्सर किसानों को नुकसान झेलना पड़ता है और उनकी मेहनत तथा लागत दोनों बेकार चली जाती हैं। लेकिन जब कहीं से कृषि की सही जानकारी मिल जाती है, तो वही किसान बंपर पैदावार कर अच्छी कमाई कर लेते हैं। मऊ के पकड़ी निवासी रामलेश मौर्य इसी का जीवंत उदाहरण हैं, जिन्होंने तय समय बीत जाने के बाद भी प्याज की खेती से अपनी तकदीर बदल दी।
समय खत्म होने के बाद शुरू की खेती
पकड़ी खुर्द के प्रगतिशील किसान रामलेश मौर्य ने बताया कि उद्यान विभाग के सहयोग से उन्हें प्याज का बीज उपलब्ध हुआ। खेत समय पर खाली न होने की वजह से उन्होंने इसकी रोपाई तय समय से थोड़ा देर से शुरू की। आमतौर पर प्याज की खेती फरवरी महीने से पहले की जाती है, लेकिन उन्होंने फरवरी में ही बीज लगाए।
लोगों ने किया मना, पर नहीं मानी हार
रोपाई के दौरान कई लोगों ने उन्हें रोका और कहा कि अब प्याज की फसल नहीं होगी। इसके बावजूद उन्होंने खेती का सही तरीका अपनाया और नतीजा यह रहा कि आज बेहतरीन प्याज तैयार हुई है, जिसकी बाजार में अच्छी बिक्री भी हो रही है।
ड्रिप और बेड विधि से मिली एक समान फसल
उद्यान विभाग द्वारा बताए गए तरीके के अनुसार उन्होंने ड्रिप लगाकर बेड विधि से खेती की, जिससे सभी प्याज एक ही आकार की निकलीं और बाजार में उन्हें अच्छा रेट मिल रहा है। उनका कहना है कि बहुत बड़ी प्याज जल्दी सड़ने लगती है, लेकिन उनके खेत में जिस आकार की प्याज हुई है, वह खराब नहीं होती और सभी एक जैसी हैं।
एनपीआर वैरायटी की लाल प्याज
उद्यान विभाग से मिला यह बीज एनपीआर वैरायटी का था, जिससे एक समान लाल प्याज तैयार हो रही है। रामलेश बताते हैं कि प्याज की रोपाई आमतौर पर जनवरी महीने में होती है, लेकिन उन्होंने एक महीना देरी से फरवरी में बीज लगाए। इसी वजह से फसल इस आकार की है—अगर वे जनवरी में रोपाई करते तो प्याज का आकार दोगुना बड़ा होता।
कम लागत, ज्यादा मुनाफा
रामलेश मौर्य के अनुसार, अगर ड्रिप लगाकर बेड विधि से प्याज की खेती की जाए तो देरी होने के बावजूद फसल अच्छी होती है। यही कारण है कि देर से बोने के बाद भी उनकी पैदावार अधिक रही। इस विधि में लागत कम और पैदावार ज्यादा होती है, इसलिए उन्होंने इसे अपनाया और बेहतर मुनाफा कमा रहे हैं।
वे पूरी तरह जैविक खेती करते हैं और इसमें किसी अन्य प्रकार की खाद का इस्तेमाल नहीं किया गया, केवल एक बार फंगीसाइड का छिड़काव किया गया है।
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