बिहार
एक घंटा पहले
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असम के जोरहाट स्थित रौरिया इंडियन एयरबेस पर भारतीय वायुसेना के विमान हादसे में भोजपुर जिले के कायमनगर गांव के रहने वाले अग्निवीर दानिश आलम शहीद हो गए। उनका पार्थिव शरीर जब पैतृक गांव पहुंचा तो पूरे राजकीय सम्मान के साथ उन्हें सुपुर्द-ए-खाक किया गया। शहीद के अंतिम दर्शन के लिए हजारों लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी और समूचे इलाके में शोक की लहर फैल गई।
मां की पुकार ने सबकी आंखें नम कर दीं
पार्थिव शरीर के गांव पहुंचते ही परिजन बिलख उठे। सबसे मार्मिक क्षण वह था जब शहीद की मां अपने बेटे के ताबूत से लिपटकर रो पड़ीं। नम आंखों से उन्होंने कहा कि एक बार उन्हें अपने बेटे को देख लेने दिया जाए। मां की यह करुण पुकार सुनकर वहां मौजूद हर व्यक्ति की आंखें भर आईं।
पिता बोले- बेटे की शहादत पर गर्व है
अंतिम विदाई से पहले शहीद दानिश के पिता ने अपने बेटे को श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने कहा कि बेटे की शहादत पर उन्हें गर्व है, लेकिन उसके बिछड़ने का गम और यह पीड़ा शब्दों में नहीं बताई जा सकती। उन्होंने कहा कि दानिश ने देश सेवा का जो सपना देखा था, उसे पूरा करते हुए वह मातृभूमि के लिए शहीद हो गया।
नारों से गूंज उठा वातावरण
गांव में जैसे ही पार्थिव शरीर पहुंचा, लोगों ने 'शहीद दानिश आलम अमर रहे', 'भारत माता की जय' और 'वंदे मातरम्' के नारों से पूरे वातावरण को गुंजा दिया। बड़ी संख्या में ग्रामीण, जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी और सेना के जवान अंतिम यात्रा में शामिल हुए।
वायुसेना में सेवारत थे दानिश
शहीद दानिश आलम अग्निवीर के रूप में भारतीय वायुसेना में सेवा दे रहे थे और असम के जोरहाट एयरबेस पर तैनात थे। विमान दुर्घटना में उनके शहीद होने की खबर मिलते ही भोजपुर समेत पूरे शाहाबाद क्षेत्र में शोक छा गया था। रविवार को राजकीय सम्मान के साथ उनके अंतिम संस्कार की सभी तैयारियां गांव में पहले से कर ली गई थीं। सुरक्षा और व्यवस्था को लेकर प्रशासन भी पूरी तरह मुस्तैद रहा। सेना के जवानों ने शहीद को अंतिम सलामी दी और पूरे सम्मान के साथ उन्हें सुपुर्द-ए-खाक किया गया।
ग्रामीणों ने कहा कि दानिश की शहादत ने भोजपुर जिले को गौरवान्वित किया है और वह हमेशा देश के युवाओं के लिए प्रेरणा बने रहेंगे। उनकी बहादुरी और देशभक्ति को कभी भुलाया नहीं जा सकेगा। पूरे क्षेत्र ने नम आंखों से अपने वीर सपूत को अंतिम विदाई दी।
शुभम कुमार को भी दी गई श्रद्धांजलि
जहानाबाद के शहीद शुभम कुमार का पार्थिव शरीर भी उनके गांव पहुंचा, जहां श्रद्धांजलि देने के लिए हजारों लोग जुटे। इस मौके पर केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी, मंत्री प्रमोद चंद्रवंशी, सांसद सुरेन्द्र यादव, विधायक राहुल कुमार ऋतुराज, मगध रेंज के आईजी विकास वैभव के साथ डीएम और एसपी भी मौजूद रहे।
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