सिंधु जल संधि पर फिर बौखलाया पाकिस्तान, 24 करोड़ नागरिकों की दुहाई देकर कर रहा यह मांग विश्व एक घंटा पहले 5
भारत द्वारा सिंधु जल संधि को रद्द किए जाने के बाद पाकिस्तान के सूचना मंत्री अत्ताउल्लाह तरार ने इसे अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताते हुए अपनी प्रतिक्रिया दी है।

पाकिस्तान का नया बयान

सिंधु जल संधि को लेकर पाकिस्तान की बेचैनी एक बार फिर सार्वजनिक हो गई है। पाकिस्तान के सूचना मंत्री अत्ताउल्लाह तरार ने भारत के हालिया कदम पर कड़ी आपत्ति जताई है। ज्ञात हो कि पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद भारत सरकार ने अप्रैल 2025 में सिंधु जल समझौते को आधिकारिक रूप से रद्द कर दिया था। इस बड़े फैसले के बाद से ही पाकिस्तान लगातार अंतरराष्ट्रीय मंचों और अपने बयानों के जरिए दबाव बनाने की कोशिश कर रहा है।

संधि को बताया बाध्यकारी

अत्ताउल्लाह तरार ने अपने हालिया बयान में यह दावा किया है कि सिंधु जल संधि एक कानूनी रूप से बाध्यकारी दस्तावेज है। उन्होंने तर्क दिया कि किसी भी एक पक्ष द्वारा इस संधि को एकतरफा तरीके से बदला नहीं जा सकता है और न ही इसे स्थगित करने का कोई कानूनी प्रावधान है। पाकिस्तानी मंत्री का कहना है कि यह समझौता दोनों देशों के बीच जल वितरण का आधार है और इसे खत्म करना अंतरराष्ट्रीय संधियों के खिलाफ है।

24 करोड़ लोगों का हवाला

अपनी बात को वजन देने के लिए अत्ताउल्लाह तरार ने मानवीय आधार का सहारा लिया है। उन्होंने कहा कि इस संधि के अचानक रद्द होने से पाकिस्तान के 24 करोड़ नागरिकों के बुनियादी जल अधिकार खतरे में पड़ गए हैं। पाकिस्तान का दावा है कि सिंधु नदी का पानी उनकी कृषि और आम जनजीवन के लिए जीवन रेखा के समान है। मंत्री ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से भी इस मामले में ध्यान देने का आग्रह किया है।

भारत का अडिग रुख

भारत ने अप्रैल 2025 में यह स्पष्ट कर दिया था कि सीमा पार से प्रायोजित आतंकवाद और शांति वार्ता एक साथ नहीं चल सकते। पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत ने सख्त रुख अपनाते हुए संधि को रद्द करने का फैसला लिया था। भारत का मानना है कि पाकिस्तान संधि की शर्तों का पालन करने में विफल रहा है और बार-बार सुरक्षा का उल्लंघन करके समझौते की पवित्रता को नष्ट कर चुका है।

साहिल चौहान पाबना के वर्ल्ड अफेयर्स रिपोर्टर हैं, जो अंतरराष्ट्रीय खबरें और वैश्विक मामले कवर करते हैं। विदेश नीति, कूटनीति और दुनिया भर के घटनाक्रमों पर उनकी अच्छी पकड़ है। वे जटिल वैश्विक मुद्दों को भारतीय नजरिए से समझाते हैं।

आपकी प्रतिक्रिया?

Comments

https://pabna.in/assets/images/user-avatar-s.jpg

0 comment

Write the first comment for this!

फेसबुक वार्तालाप