मध्य प्रदेश
एक घंटा पहले
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नरसिंहपुर में सामने आया खौफनाक सच
मध्य प्रदेश के नरसिंहपुर जिले में पुलिस ने एक ऐसे अंधे कत्ल का पर्दाफाश किया है जिसने हर किसी को हैरान कर दिया है। इस मामले में एक पत्नी ने अपने ही पति को रास्ते से हटाने के लिए ऐसी साजिश रची कि सुनने वाले दंग रह गए। आरोपी महिला न केवल अपने पति की हत्या में शामिल थी, बल्कि वह अपने प्रेमी के साथ मिलकर चौथी शादी करने की योजना बना रही थी। पुलिस ने अपनी तकनीकी जांच और वैज्ञानिक सबूतों के दम पर इस साजिश का खुलासा कर दिया है।
झाड़ियों में मिली थी लाश
पुलिस को यह मामला तब पता चला जब वारूरेवा नदी पुल के पास एनएच-44 से कुछ दूरी पर स्थित झाड़ियों में एक अज्ञात शव बरामद हुआ। शुरुआत में पुलिस के लिए यह पता लगाना एक बड़ी चुनौती थी कि मृतक कौन है और उसकी हत्या किसने की है। मामला पूरी तरह से रहस्यमय बना हुआ था, लेकिन नरसिंहपुर पुलिस ने हार नहीं मानी। सीसीटीवी फुटेज, तकनीकी साक्ष्यों और गहन पूछताछ के आधार पर पुलिस ने धीरे-धीरे हत्या की कड़ियों को जोड़ना शुरू किया। जांच के बाद मृतक की पहचान तुलसीराम मेहरा के रूप में हुई।
पति-पत्नी के बीच विवाद की मुख्य वजह
पुलिस की जांच में यह बात सामने आई कि तुलसीराम की पत्नी सरोज मेहरा के अवैध संबंध महेंद्र मेहरा नाम के व्यक्ति के साथ थे। तुलसीराम को अपनी पत्नी के इस प्रेम प्रसंग के बारे में पता चल गया था, जिसकी वजह से घर में अक्सर कलह होती थी और दोनों के बीच जमकर विवाद होता था। पुलिस ने बताया कि सरोज का अतीत भी काफी हैरान करने वाला रहा है, क्योंकि तुलसीराम उसका तीसरा पति था। प्रेमी के साथ नई जिंदगी की शुरुआत करने की चाहत में सरोज ने अपने पति को ही रास्ते से हटाने का मन बना लिया था।
ऐसे अंजाम दिया गया खूनी खेल
साजिश को अंजाम देने के लिए महेंद्र मेहरा के दोस्त विष्णु रजक को भी शामिल किया गया। योजना के अनुसार, विष्णु रजक ने शराब पिलाने का झांसा दिया और तुलसीराम को वारूरेवा नदी पुल के पास ले गया। कुछ देर बाद वहां मुख्य आरोपी महेंद्र मेहरा भी पहुंच गया। इसके बाद दोनों ने मिलकर रस्सी से गला घोंटकर तुलसीराम मेहरा की हत्या कर दी। वारदात के बाद शव को झाड़ियों में छिपा दिया गया ताकि इसे एक हादसा या अज्ञात हत्या के रूप में पेश किया जा सके।
तीनों आरोपी सलाखों के पीछे
नरसिंहपुर पुलिस अधीक्षक ऋषिकेष मीणा ने पूरे मामले की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम कराया और जांच शुरू की। पुलिस ने सरोज मेहरा के घर पर भी मुखबिर तैनात किए थे। तकनीकी प्रमाणों और पक्के सबूतों के आधार पर पुलिस ने अब सरोज मेहरा, महेंद्र मेहरा और विष्णु रजक को गिरफ्तार कर लिया है। इन आरोपियों ने अब अपना जुर्म कबूल कर लिया है और कानूनी प्रक्रिया पूरी की जा रही है।
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