पिता को कैंसर ने छीना, मां ने सिलाई से पाला... अब गांव का पहला IITian बनने जा रहा जिगर राजस्थान एक महीने पहले 20
ओडिशा के गंजम जिले के एक छोटे से गांव के जिगर नायक ने JEE Advanced 2026 में AIR 17783 हासिल की है। पिता को खोने के बाद मां के संघर्ष के दम पर अब वह अपने गांव का पहला आईआईटीयन बनने की दहलीज पर है।

ओडिशा के गंजम जिले के बाकलीकोड़ा गांव के जिगर नायक ने JEE Advanced 2026 में अखिल भारतीय रैंक (AIR) 17783 हासिल कर एक नई मिसाल पेश की है। उनकी यह कामयाबी सिर्फ एक परीक्षा का परिणाम नहीं, बल्कि वर्षों की कठिनाइयों और एक मां के अथक संघर्ष की कहानी है।

गांव का पहला आईआईटीयन बनने की ओर

जिगर इस उपलब्धि के साथ अपने पूरे गांव का पहला आईआईटीयन बनने की ओर बढ़ रहे हैं। आज वह आईआईटी में दाखिले की दहलीज पर खड़े हैं, और इस मुकाम तक पहुंचाने में उनकी मां अपूर्वा के त्याग और मेहनत की सबसे बड़ी भूमिका रही है।

2020 में टूटा परिवार पर सबसे बड़ा संकट

जिगर और उनकी मां ने जीवन में कई उतार-चढ़ाव देखे, लेकिन सबसे बड़ी मुसीबत साल 2020 में आई। इसी साल कैंसर के कारण जिगर के पिता जूरीनाथ का निधन हो गया। लंबे इलाज के दौरान परिवार की जमा-पूंजी लगभग खत्म हो चुकी थी।

मां ने सिलाई कर संभाला घर

पिता के जाने के बाद घर की आर्थिक स्थिति लगातार बिगड़ती चली गई। ऐसे कठिन समय में रोजमर्रा का खर्च चलाना भी परिवार के लिए बड़ी चुनौती बन गया था। इन्हीं हालात में मां अपूर्वा ने सिलाई का काम कर घर की गाड़ी को आगे बढ़ाया और बेटे की पढ़ाई का सपना टूटने नहीं दिया।

अंजलि सिंह पाबना की राज्य संवाददाता हैं, जो विभिन्न राज्यों की क्षेत्रीय खबरें और खानपान कवर करती हैं। स्थानीय घटनाओं, संस्कृति और जायके की कहानियों को वे करीब से रिपोर्ट करती हैं। अलग-अलग राज्यों की विविधता उनकी रिपोर्टिंग में नजर आती है।

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