राष्ट्रीय राजनीति
एक घंटा पहले
7
विचारों
दिल्ली में बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई
आगामी BRICS शिखर सम्मेलन की तैयारी में जुटे भारत के लिए दिल्ली से एक हैरान कर देने वाली खबर सामने आई है। देश की राजधानी के एयरोसिटी इलाके में स्थित दो बड़े 5-स्टार होटलों, अंदाज़ दिल्ली (जो हयात ग्रुप का हिस्सा है) और JW मैरियट के किचन की हालत बेहद खराब पाई गई है। भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण (FSSAI) ने हाल ही में इन होटलों में औचक निरीक्षण किया, जिसमें वहां परोसी जा रही खाद्य सामग्री और साफ-सफाई के दावों की कलई खुल गई। अधिकारियों को वहां जो कुछ भी मिला, उसने फाइव स्टार लक्जरी की चमक के पीछे छिपी कड़वी सच्चाई को सबके सामने ला खड़ा किया है।
अंदाज़ दिल्ली में मिली गंभीर अनियमितताएं
FSSAI की टीम ने 22 जून 2026 को अंदाज़ दिल्ली होटल का दौरा किया था। इस निरीक्षण के दौरान वहां जो कमियां पाई गईं, वे स्वास्थ्य के दृष्टिकोण से बेहद खतरनाक हैं। जांच दल को वहां से करीब 87 किलो ऐसी मिठाइयां बरामद हुईं, जिनकी एक्सपायरी डेट निकल चुकी थी। मौके पर मौजूद अधिकारियों ने तुरंत इन खाद्य पदार्थों को नष्ट करवाया। इसके अलावा, होटल के कन्फेक्शनरी विभाग में ब्रेड और केक बेस भी पूरी तरह से खराब और सड़े हुए अवस्था में मिले।
किचन की स्वच्छता को लेकर भी बड़ा सवाल उठा है। जांच में सामने आया कि पेस्ट्री सेक्शन में मक्खियां और कॉकरोच बेधड़क रेंग रहे थे। पूरे रसोई क्षेत्र में भयंकर बदबू फैली हुई थी। सबसे ज्यादा चौंकाने वाली बात यह थी कि शाकाहारी और मांसाहारी भोजन काटने वाले बोर्ड्स को एक ही पानी के बर्तन में साफ किया जा रहा था, जो कि खाद्य सुरक्षा नियमों का सरासर उल्लंघन है।
JW मैरियट में पकड़ी गईं 59 बड़ी खामियां
अंदाज़ दिल्ली के बाद 24 और 25 अगस्त 2026 को FSSAI ने JW मैरियट होटल के किचन और स्टोरेज एरिया की गहन जांच की। इस दो दिवसीय औचक निरीक्षण के दौरान टीम ने होटल प्रबंधन की लापरवाही की 59 गंभीर परतें उधेड़ीं। होटल के प्रसिद्ध K3 रेस्टोरेंट में जो पानी ग्राहकों को परोसा जा रहा था, उसमें तैरते हुए कण स्पष्ट दिखाई दे रहे थे। जब टीम ने पानी के बॉटलिंग टैंक की जांच की, तो वह अंदर से जंग खाया हुआ निकला।
स्टोरेज की स्थिति और भी बदतर थी। वहां रखे सामानों पर गलत लेबलिंग का खेल चल रहा था। झींगे (Prawns) वाले डिब्बों पर जूस के लेबल चिपकाए गए थे, जबकि जूस के डिब्बों पर झींगे के स्टिकर थे। इसके अतिरिक्त, कोल्ड स्टोरेज के भीतर सड़े हुए सेब और टमाटर मिले। बर्तनों के निरीक्षण के दौरान उनमें बाल और जमी हुई गंदगी के अंश पाए गए, जो किसी भी बड़े होटल की प्रतिष्ठा के लिए एक बड़ा बदनुमा दाग है।
वैश्विक प्रतिष्ठा पर सवाल
यह पूरा मामला तब सामने आया है जब भारत 12 और 13 सितंबर 2026 को आयोजित होने वाले 18वें BRICS शिखर सम्मेलन की मेजबानी के लिए तैयार हो रहा है। ऐसे समय में जब दिल्ली को एक वैश्विक कूटनीतिक केंद्र के रूप में पेश किया जा रहा है और यहां दुनिया भर के राष्ट्राध्यक्षों और वीआईपी मेहमानों के आने का सिलसिला शुरू होने वाला है, फाइव स्टार होटलों का यह हाल देश की साख पर गहरा असर डाल सकता है। इन होटलों को अपनी किचन व्यवस्था और साफ-सफाई के मानकों को लेकर FSSAI की ओर से सख्त चेतावनी जारी की गई है। प्रशासन ने होटल प्रबंधन को निर्देश दिए हैं कि वे सम्मेलन शुरू होने से पहले इन तमाम खामियों को तत्काल प्रभाव से सुधारें और भविष्य में खाद्य सुरक्षा मानकों से कोई समझौता न करें।
- 87 किलो एक्सपायर्ड मिठाइयां नष्ट की गईं।
- किचन में कॉकरोच और मक्खियों का जमावड़ा मिला।
- पेयजल टैंक में जंग के निशान पाए गए।
- वेज और नॉन-वेज के लिए एक ही सफाई प्रक्रिया का उपयोग हो रहा था।
- लेबलिंग में हेराफेरी कर ग्राहकों को भ्रमित करने का प्रयास हुआ।
Comments
0 comment