बहराइच में विकास को रफ्तार: 22 करोड़ से बनेगा नया गोलवाघाट पुल और फोरलेन सड़क उत्तर प्रदेश 2 महीने पहले 38
बहराइच शहर को लखनऊ मार्ग से जोड़ने वाले गोलवाघाट पर 120 मीटर लंबा नया वन-वे पुल और महाराणा प्रताप चौक तक फोरलेन डिवाइडर युक्त सड़क बनेगी। करीब 22 करोड़ रुपये की लागत वाली इस परियोजना से शहर को ट्रैफिक जाम से राहत मिलेगी और व्यापार को नई गति मिलेगी।

बहराइच शहर के विकास को नए पंख लगने जा रहे हैं। करीब 22 करोड़ रुपये की लागत से गोलवाघाट से महाराणा प्रताप चौक तक फोरलेन डिवाइडर युक्त सड़क और गोलवाघाट पर नया पुल बनाया जाएगा, जिससे शहर की तस्वीर पूरी तरह बदल जाएगी। लखनऊ राजमार्ग से बहराइच को जोड़ने वाला गोलवाघाट पुल शहर में आने-जाने का प्रमुख रास्ता है, जहां से हर दिन बड़ी तादाद में लोग गुजरते हैं। अब इस मार्ग की सूरत बदलने वाली है और लगभग 22 करोड़ रुपये की लागत से यहां नया पुल खड़ा किया जाएगा।

गोलवाघाट पुल का इतिहास

इस पुल की कहानी आजादी से पहले अंग्रेजी शासनकाल तक जाती है। उस दौर में लखनऊ, बाराबंकी और बहराइच को आपस में जोड़ने के लिए अंग्रेजों ने गोलवाघाट पर लकड़ी का पुल बनवाया था, जिससे आवागमन होता था। देश के आजाद होने के बाद जैसे-जैसे आबादी बढ़ती गई, यहां पक्के पुल का निर्माण किया गया।

समय बीतने के साथ जब वह पुल भी जर्जर हो गया, तो उसके बगल में पुराने सिंगल लाइन पुल से कुछ चौड़ा एक और पुल बनवाया गया। धीरे-धीरे शहर का विस्तार होता गया और लोग बसते गए, जिसके चलते मौजूदा पुल भी अब संकरा पड़ गया है। सिंगल रोड होने के कारण यहां आए दिन ट्रैफिक जाम की समस्या बनी रहती है। इसी को देखते हुए अब 120 मीटर लंबे वन-वे पुल का निर्माण किया जाएगा।

22 करोड़ की लागत से शुरू होगा निर्माण

फोरलेन सड़क और पुल के निर्माण को लेकर जनप्रतिनिधियों और स्थानीय लोगों के प्रयास अब रंग लाते दिख रहे हैं। बहराइच के सांसद आनंद कुमार गौड़ ने खुद पहल करते हुए अधिकारियों को काम तेजी से पूरा करने के निर्देश दिए हैं। उम्मीद की जा रही है कि जल्द ही सभी कागजी औपचारिकताएं पूरी कर निर्माण कार्य में तेजी लाई जाएगी।

पुल बनने से बढ़ेगा व्यापार और आवागमन

संकरा पुल होने की वजह से यहां अक्सर जाम की स्थिति बन जाती है। सबसे ज्यादा परेशानी नवरात्रि, दशहरा और विसर्जन जैसे पावन अवसरों पर होती है, क्योंकि पास में ही सरयू नदी का तट है और इसी तट के किनारे मरी माता मंदिर स्थित है। नवरात्रि के दौरान यहां भारी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं और विसर्जन के समय भी भक्तों का तांता लगा रहता है।

ऐसे मौकों पर बड़ी आबादी को ट्रैफिक जाम का सामना करना पड़ता है। डिवाइडर युक्त वन-वे पुल और चौड़ी सड़क बन जाने के बाद लोगों को इन दिक्कतों से राहत मिलेगी, साथ ही शहर के व्यापार और आवागमन को भी नई रफ्तार मिलेगी।

चेतन तिवारी पाबना के उत्तर प्रदेश संवाददाता हैं और राज्य की राजनीति, प्रशासन तथा जमीनी मुद्दों को कवर करते हैं। लखनऊ में रहते हुए वे जिलों से लेकर विधानसभा तक की खबरें संतुलित रिपोर्टिंग के साथ पाठकों तक पहुंचाते हैं। आम लोगों के मुद्दों और स्थानीय घटनाओं पर उनका खास फोकस रहता है।

आपकी प्रतिक्रिया?

Comments

https://pabna.in/assets/images/user-avatar-s.jpg

0 comment

Write the first comment for this!

फेसबुक वार्तालाप