पीएम किसान योजना: 30 अक्टूबर को किसानों के खाते में आएगी 24वीं किस्त, जानें पूरी जानकारी व्यापार एक घंटा पहले 6
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गुजरात के बनासकांठा से पीएम किसान सम्मान निधि की 24वीं किस्त जारी करेंगे, जिसका लाभ देश के 9.34 करोड़ से अधिक किसानों को मिलेगा।

30 अक्टूबर को जारी होगी 24वीं किस्त

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शुक्रवार, 30 अक्टूबर को गुजरात के बनासकांठा जिले में एक बड़े कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि यानी पीएम-किसान योजना की 24वीं किस्त का वितरण करेंगे। राज्य के कृषि मंत्री जीतू वघानी ने बुधवार को इस महत्वपूर्ण आयोजन की पुष्टि की है। प्रधानमंत्री अपने दो दिवसीय गुजरात दौरे पर रहेंगे, जो 30 और 31 अक्टूबर को निर्धारित है। भिलड़ी में आयोजित होने वाले मुख्य कार्यक्रम में नरेंद्र मोदी देश भर के 9.34 करोड़ से अधिक लाभार्थियों के बैंक खातों में कुल 18,680 करोड़ रुपये से अधिक की राशि डिजिटल माध्यम से ट्रांसफर करेंगे।

पिछली किस्तों का विवरण

इससे पूर्व, पीएम किसान योजना की 23वीं किस्त का वितरण इस वर्ष 20 जून को किया गया था। उस अवसर पर प्रधानमंत्री ने पश्चिम बंगाल के हुगली जिले के तारकेश्वर में आयोजित एक जनसभा से देश भर के 9.44 करोड़ से ज्यादा पात्र किसानों के बैंक खातों में 18,880 करोड़ रुपये से अधिक की सहायता राशि भेजी थी। इसके अलावा, योजना की 22वीं किस्त का हस्तांतरण 13 मार्च को किया गया था, जब प्रधानमंत्री असम के दौरे पर थे।

गुजरात के किसानों को मिलेगा बड़ा लाभ

कृषि मंत्री जीतू वघानी ने भिलड़ी में होने वाले 'पीएम किसान उत्सव दिवस' की तैयारियों का जायजा लेने के बाद जानकारी दी कि केवल गुजरात राज्य के 52.33 लाख से ज्यादा किसान परिवारों को इस योजना के तहत 1051 करोड़ रुपये से अधिक की वित्तीय मदद दी जाएगी। अपने इस दौरे के दौरान प्रधानमंत्री बनास डेयरी की ओर से थराद और राधनपुर में स्थापित किए जा रहे 2 नए CBG यानी कंप्रेस्ड बायोगैस संयंत्रों की आधारशिला भी रखेंगे।

बनास मॉडल और बायो-सीएनजी का विस्तार

इन नए संयंत्रों के जुड़ने के बाद बनास मॉडल के तहत बायो-सीएनजी प्लांटों की कुल संख्या बढ़कर 6 हो जाएगी। थराद संयंत्र में प्रतिदिन 75 टन गोबर का प्रसंस्करण किया जाएगा, जबकि राधनपुर संयंत्र की क्षमता रोजाना 100 टन गोबर की होगी। इन सभी 6 संयंत्रों की कुल गोबर प्रसंस्करण क्षमता 515 टन प्रतिदिन तक पहुंच जाएगी। वर्तमान में, बनासकांठा डेयरी द्वारा प्रतिदिन लगभग 6100 किलोग्राम बायो-सीएनजी की आपूर्ति की जा रही है। गोबर से निर्मित इस बायो-सीएनजी को रियायती दरों पर उपलब्ध कराया जाता है। इन प्लांटों के संचालन से पर्यावरण को भी बड़ा लाभ होगा और हर साल 33,400 से 34,600 टन कार्बन उत्सर्जन में कमी आने का अनुमान है।

राजीव खन्ना पाबना के व्यापार संवाददाता हैं और कंपनियों, बाजार तथा अर्थव्यवस्था की खबरों को सरल भाषा में समझाते हैं। कारोबार जगत के बड़े फैसलों, नीतिगत बदलावों और उनके आम आदमी पर असर को वे गहराई से कवर करते हैं। उनका मकसद जटिल आर्थिक खबरों को हर पाठक के लिए आसान बनाना है।

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