उपनाम: धान की फसल
धान की खेती: गोभ की अवस्था में रखें इन बातों का ध्यान, दानों में आएगी चमक और बढ़ेगी पैदावार
धान की रोपाई के 30 से 40 दिन बाद फसल गोभ की नाजुक अवस्था में पहुंच जाती है, जहां सही पोषण और सही देखभाल से पैदावार को बेहतर बनाया जा सकता है।
धान की फसल में पत्तियों का पीला पड़ना हो सकता है खैरा रोग का संकेत, अपनाएं ये उपाय
धान की फसल में जिंक की कमी के चलते खैरा रोग लगने का खतरा बना रहता है, जिससे पौधे कमजोर होकर पीले पड़ जाते हैं। कृषि विशेषज्ञों की सलाह मानकर सही मात्रा में जिंक सल्फेट का छिड़काव कर आप अपनी फसल को सुरक्षित रख सकते हैं।
दरभंगा में धान की फसल पर मंडराया संकट, बौनापन रोग से 80 फीसदी तक पैदावार घटने का डर
दरभंगा के धान खेतों में पौधों के बौने रह जाने की समस्या देखी गई है, जो फसलों की पैदावार में 80 प्रतिशत तक की बड़ी गिरावट का कारण बन सकती है। कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को सतर्क रहने और सही पहचान कर तुरंत उपचार करने की सलाह दी है।
धान की फसल को कीटों और चूहों से बचाना है तो मेड़ों की सफाई पर दें ध्यान
धान की रोपाई के बाद खेत की मेड़ों पर उगने वाली घास कीटों और चूहों का अड्डा बन जाती है। कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि मेड़ों की नियमित सफाई से न केवल फसल सुरक्षित रहती है, बल्कि पैदावार में भी बढ़ोतरी होती है।
गेहूं और मक्का के बाद धान पर मंडराया संकट, बिहार के किसानों के लिए अल नीनो बना नई चुनौती
साल 2026 में आंधी और बेमौसम बारिश से गेहूं-मक्का को नुकसान झेल चुके बिहार के किसानों की उम्मीद अब धान पर टिकी है, लेकिन प्रशांत महासागर में सक्रिय हो रहे 'सुपर अल नीनो' से कमजोर मानसून और कम बारिश की आशंका जताई जा रही है।
अल नीनो सक्रिय: सितंबर तक और मजबूत होगा, धान समेत खरीफ फसलों पर मंडराया खतरा
प्रशांत महासागर में सक्रिय हुआ अल नीनो सितंबर के अंत तक और प्रबल हो सकता है, जिससे देश में औसत से कम बारिश की आशंका है। हालांकि IMD प्रमुख ने घबराने की बजाय अग्रिम तैयारियों का भरोसा दिलाया है।
बेमौसम बारिश ने बढ़ाई किसानों की चिंता, धान और उड़द की फसल पर मंडराया खतरा; जानें बचाव के उपाय
छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले में बेमौसम बारिश ने धान और उड़द की खेती करने वाले किसानों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। कृषि विशेषज्ञ का कहना है कि लगातार बारिश से धान की बालियां झड़ सकती हैं, इसलिए मौसम साफ होने पर ही कटाई करनी चाहिए।