उपनाम: सनातन धर्म
शामली में धर्मांतरण का बड़ा खुलासा: आयुष मलिक की सनातन में घर वापसी, डायरी में मिला खौफनाक मिशन
उत्तर प्रदेश के शामली में मोहम्मद अली बने आयुष मलिक की फिर से हिंदू धर्म में वापसी हो गई है। जांच के दौरान पुलिस को एक डायरी मिली है जिसमें 'I Am on Mission' लिखा है, वहीं मुख्य आरोपी मौलवी की तलाश जारी है।
शामली: लव जिहाद के जाल से निकलकर घर लौटे आयुष मलिक, माता-पिता से मांगी माफी, वैदिक परंपरा अपनाई
उत्तर प्रदेश के शामली जिले में आयुष मलिक ने लव जिहाद के प्रभाव में आकर बदला अपना धर्म फिर से त्याग दिया है। उसने सनातन धर्म में वापसी करते हुए अपने परिवार से माफी मांगी और पूजा-पाठ शुरू कर दी है।
पूजा में नारियल का इस्तेमाल क्यों है अनिवार्य? जानिए त्रिदेव से जुड़ा इसका गहरा धार्मिक रहस्य
हिंदू धर्म में नारियल को श्रीफल के नाम से जाना जाता है और पूजा के हर शुभ कार्य में इसे विशेष महत्व दिया जाता है। जानिए क्यों नारियल को ब्रह्मा, विष्णु और महेश का प्रतीक माना गया है और इसका आध्यात्मिक अर्थ क्या है।
स्वामी प्रसाद मौर्य का हनुमान जी पर विवादित बयान, धर्मगुरुओं और राजनीतिक दलों ने जताई कड़ी आपत्ति
स्वामी प्रसाद मौर्य ने भगवान हनुमान और प्रभु श्रीराम को लेकर फिर से विवादास्पद टिप्पणी की है, जिसके बाद से राजनीतिक और धार्मिक हलकों में भारी विरोध देखने को मिल रहा है।
75 साल के खड़ेश्वर बाबा की अनूठी तपस्या, 22 साल से नहीं बैठे और अब 1000 किलोमीटर की दंडवत यात्रा पर निकले
सीकर के 75 वर्षीय संत शंकर दास महाराज ने मां वैष्णो देवी के दर्शन के लिए एक बेहद कठिन दंडवत यात्रा शुरू की है। वे पिछले 22 वर्षों से गौ माता को 'राष्ट्र माता' का दर्जा दिलाने के लिए खड़े रहकर तपस्या कर रहे हैं।
सीतापुर में घर वापसी: 8 साल बाद अब्दुल्ला ने बेटे के साथ अपनाया हिंदू धर्म, अब बने दारोगा सिंह
उत्तर प्रदेश के सीतापुर में एक पिता और पुत्र ने इस्लाम छोड़कर सनातन धर्म में वापसी की है। पिता ने आरोप लगाया कि उन्हें फंसाने का झांसा देकर धर्म परिवर्तन कराया गया था।
उत्तर प्रदेश: सीतापुर में पिता-पुत्र ने छोड़ा इस्लाम, सनातन धर्म में की 'घर वापसी'
सीतापुर में एक पिता और उनके बेटे ने इस्लाम छोड़कर हिंदू धर्म अपना लिया है। इस दौरान उन्होंने अपने पुराने धर्म पर गंभीर आरोप लगाए हैं।
खंडवा में आजाद पठान की घर वापसी, सनातन धर्म अपनाकर बने अजय कश्यप
मध्य प्रदेश के खंडवा स्थित महादेवगढ़ मंदिर में एक युवक ने सनातन धर्म स्वीकार किया है। आजाद पठान ने वैदिक अनुष्ठानों के बाद अपना नाम अजय कश्यप रख लिया है।
सप्ताह के इन दिनों भूलकर भी न खाएं खिचड़ी, जान लें इसके पीछे के धार्मिक कारण
सनातन परंपरा में सप्ताह के हर दिन का अपना विशेष महत्व और नियम हैं। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, सप्ताह में दो ऐसे दिन हैं जब खिचड़ी का सेवन करना शुभ नहीं माना जाता है।
भरत तिवारी एनकाउंटर मामला: धीरेंद्र शास्त्री का बड़ा ऐलान, बोले- सनातनी युवा को न्याय दिलाकर रहूंगा
भोजपुर के चर्चित भरत तिवारी एनकाउंटर मामले में बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने एंट्री ली है। उन्होंने भरत को सनातन का रक्षक बताते हुए उनके परिजनों से मिलने शाहपुर के बिटौली जाने का ऐलान किया है।
स्वर्ग जाने की अनोखी सीढ़ी: मध्य प्रदेश की बुंदेलखंड परंपरा, जहां चार पीढ़ियां देख लेने पर बनती है सोने की नसेनी
मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले में एक अनूठी परंपरा जीवित है, जिसके तहत चार पीढ़ियां देखने वाले बुजुर्गों के लिए सोने की नसेनी बनवाई जाती है। मान्यता है कि यह नसेनी मृत्यु के बाद स्वर्ग के द्वार तक पहुंचने में सहायक होती है।
सोमवती अमावस्या 2026: अखंड सौभाग्य और पितृदोष निवारण के लिए पढ़ें यह पावन पौराणिक कथा
इस वर्ष 15 जून को सोमवती अमावस्या मनाई जा रही है, जो अधिकमास में पड़ने के कारण और भी विशेष मानी जा रही है। जानिए इस दिन से जुड़ी प्रचलित व्रत कथा, जिसके श्रवण से अखंड सौभाग्य और पितृदोष से मुक्ति का फल मिलता है।
'सनातन धर्म का अपमान है...' राम मंदिर दानपात्र चोरी की जांच पर अखिलेश यादव ने क्यों जताई नाराजगी?
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने अयोध्या राम मंदिर के दानपात्र गबन मामले में सेवादारों और कर्मचारियों से हो रही पूछताछ को 'सनातन धर्म का अपमान' बताते हुए कड़ी आपत्ति जताई है।
हरिद्वार: तीर्थ है, पिकनिक स्थल नहीं — श्रद्धालु इन नियमों का रखें ध्यान, वरना उठाना पड़ सकता है बड़ा नुकसान
मां गंगा के तट पर बसे हरिद्वार में बढ़ते हुड़दंग और रील बनाने की होड़ ने तीर्थाटन को महज मौज-मस्ती का साधन बना दिया है। हर की पौड़ी के तीर्थ पुरोहित पंडित कन्हैया ने शास्त्रों के अनुसार हरिद्वार आने के सही नियम बताए हैं।
मृत्यु के बाद जूते-चप्पलों का क्या करें? अनजाने में हो जाती है यह भूल, गरुड़ पुराण में छिपा है इसका उत्तर
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार दिवंगत व्यक्ति के जूते-चप्पल पहनना उचित नहीं माना जाता। ऐसी वस्तुएं जरूरतमंदों को दान करना अधिक शुभ और पुण्यदायी कहा गया है, जिससे आत्मा की शांति की कामना जुड़ी होती है।