जीवनशैली
53 मिनट पहले
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विचारों
जमशेदपुर शहर की तेज रफ्तार जिंदगी, दफ्तर के काम का लगातार बढ़ता दबाव और दैनिक जीवन की व्यस्तताओं के बीच हर व्यक्ति कुछ पल ऐसे ढूंढता है जहां वह पूरी तरह शांत रह सके। पूरे सप्ताह कड़ी मेहनत करने के बाद जब साप्ताहिक छुट्टी का दिन आता है, तो लोग अक्सर किसी ऐसी जगह की तलाश में रहते हैं जहां वे शहर के कोलाहल से दूर जा सकें। वे चाहते हैं कि वहां भरपूर प्राकृतिक सुंदरता हो, मन को शांति मिले और वे अपने परिवार अथवा करीबी दोस्तों के साथ यादगार समय बिता सकें। ऐसे पर्यटकों के लिए इन दिनों झारखंड के जमशेदपुर में स्थित डिमना लेक का बैक साइड सबसे पसंदीदा और लोकप्रिय ठिकाना बनकर उभरा है। यहां वीकेंड पर पर्यटकों की अच्छी-खासी चहल-पहल देखी जा रही है।
शहर से सिर्फ 12 किलोमीटर दूर है यह जन्नत
यदि आप जमशेदपुर से बोड़ाम की दिशा में आगे बढ़ते हैं, तो मुख्य शहर से लगभग 12 किलोमीटर की दूरी तय करने के बाद एक रास्ता आपको डिमना लेक के बैक साइड की तरफ ले जाता है। इस स्थान की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि यहां पहुंचते ही शहरी जीवन का सारा शोर-शराबा और भागदौड़ बहुत पीछे छूट जाती है। आमतौर पर मुख्य पर्यटन स्थलों पर जहां भारी भीड़भाड़ देखने को मिलती है, वहीं डिमना लेक के इस पिछले हिस्से में भीड़ काफी नियंत्रित और कम होती है। यही वजह है कि यहां आने वाले लोग प्रकृति के एकदम करीब रहकर शांति का अनुभव कर पाते हैं।
आँखों को सुकून देता है डिमना लेक का प्राकृतिक सौंदर्य
डिमना लेक के बैक साइड का नजारा देखने में किसी खूबसूरत फिल्मी दृश्य की तरह प्रतीत होता है। इस जगह पर पहुंचते ही चारों तरफ फैली हरी-भरी घास की मखमली चादर पर्यटकों का स्वागत करती है। झील का शांत, गहरा नीला पानी मन को असीम शांति प्रदान करता है। इस पानी के ठीक पीछे सिर उठाए खड़े हरे-भरे पहाड़ और उनके ऊपर हर घंटे अपना रंग बदलता हुआ विशाल आसमान इस पूरे परिदृश्य की सुंदरता में चार चांद लगा देता है। सुबह के सूर्योदय और शाम के सूर्यास्त के समय यहां का वातावरण इतना आकर्षक होता है कि लोग मंत्रमुग्ध हो जाते हैं। यही कारण है कि दूर-दूर से लोग केवल इस खूबसूरत नजारे को देखने और अपने भीतर नई ऊर्जा भरने के लिए यहां खींचे चले आते हैं।
झील के किनारे मछली पकड़ना और पिकनिक का आनंद
इन दिनों डिमना लेक के इस पिछले हिस्से में पर्यटकों के बीच एक नया आकर्षण देखने को मिल रहा है। बड़ी संख्या में लोग यहां मछली पकड़ने के लिए पहुंच रहे हैं। बहुत से पर्यटक अपने साथ खाने-पीने की चीजें लेकर आते हैं और झील के किनारे चटाई बिछाकर घंटों बैठे रहते हैं। इस शांत वातावरण में लोग निम्नलिखित गतिविधियों का भरपूर आनंद लेते हैं:
- झील के किनारे बैठकर ठंडी हवाओं के बीच घंटों बातें करना।
- मछलियों के लिए दाना डालना और उन्हें पानी में तैरते हुए देखना।
- अपने परिवार और बच्चों के साथ पिकनिक मनाना।
- शांत वातावरण में बैठकर किताबें पढ़ना या ध्यान लगाना।
यहां की हवा में एक ऐसी ताजागी और शांति है कि कुछ देर बैठते ही व्यक्ति का मानसिक तनाव पूरी तरह गायब हो जाता है और मन बिल्कुल हल्का हो जाता है।
पर्यटक महेश ने साझा किया अपना अनुभव
डिमना लेक बैक साइड की सैर करने पहुंचे स्थानीय पर्यटक महेश ने अपना अनुभव साझा करते हुए बताया कि वह अक्सर अपनी छुट्टियों के दिन यहां मछली पकड़ने के लिए आते हैं। महेश का मानना है कि मछली पकड़ना उनके लिए केवल एक मनोरंजन या शौक नहीं है, बल्कि यह मानसिक शांति प्राप्त करने का एक बेहद कारगर जरिया भी है। उनके अनुसार:
"जब मैं इस शांत झील के किनारे बैठता हूं, तो मेरे दिमाग से काम का सारा तनाव और रोजमर्रा की चिंताएं पूरी तरह से दूर हो जाती हैं। प्रकृति की गोद में बिताए ये कुछ घंटे मुझे आने वाले पूरे हफ्ते के लिए तरोताजा कर देते हैं।"
भीड़भाड़ से दूर जाने का एक बेहतरीन विकल्प
यदि आप भी जमशेदपुर के व्यस्त ट्रैफिक, लगातार बढ़ते काम के दबाव और रोजमर्रा के तनाव से तंग आ चुके हैं और कुछ समय के लिए खुद को रीचार्ज करना चाहते हैं, तो डिमना लेक का बैक साइड आपके लिए सबसे उत्तम विकल्प हो सकता है। यहां की शुद्ध और ठंडी हवा, पहाड़ों की ओट से झांकता सूरज और झील का मद्धम संगीत हर किसी को जिंदगी के कुछ पल खुलकर जीने का आमंत्रण देता है।
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