बिहार में नीट पेपर लीक का विरोध: जहानाबाद में पुलिस फायरिंग, बेगूसराय और पटना में भी हंगामा बिहार एक महीने पहले 53
नीट पेपर लीक मामले को लेकर बिहार के विभिन्न जिलों में छात्रों का विरोध प्रदर्शन उग्र हो गया है, जिसमें कई जगहों पर पथराव और हिंसा की घटनाएं सामने आई हैं।

बिहार के कई जिलों में भड़का छात्रों का आक्रोश

नीट परीक्षा के पेपर लीक होने की खबर के बाद से बिहार के छात्र सड़कों पर उतर आए हैं। यह विरोध प्रदर्शन केवल पटना तक ही सीमित नहीं रहा, बल्कि मुजफ्फरपुर, जहानाबाद, कटिहार, दरभंगा और बेगूसराय जैसे जिलों में भी फैल गया है। छात्रों की मांग मुख्य रूप से शिक्षा मंत्री के इस्तीफे और परीक्षा में हुई गड़बड़ी की निष्पक्ष जांच की है। हालांकि, शांतिपूर्ण प्रदर्शन की आड़ में कई जगहों पर स्थिति हिंसक हो गई है।

जहानाबाद में पुलिस फायरिंग और पथराव

जहानाबाद में विरोध प्रदर्शन के दौरान हालात उस समय बेकाबू हो गए जब छात्रों ने पुलिस और डीएम आवास की ओर पत्थरबाजी शुरू कर दी। कानून-व्यवस्था बनाए रखने और हिंसक भीड़ को तितर-बितर करने के लिए पुलिस को अंततः फायरिंग का सहारा लेना पड़ा। प्रदर्शनकारी लगातार नारेबाजी कर रहे थे, लेकिन हिंसक झड़पों के कारण शहर में तनाव का माहौल व्याप्त हो गया।

अन्य जिलों में भी बवाल

बिहार के अन्य प्रमुख शहरों में भी प्रदर्शनों का दौर जारी रहा:

  • पटना: शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग को लेकर निकाला गया मार्च उस समय हिंसक हो गया जब पुलिस के अनुसार भीड़ में शामिल कुछ लोगों ने तोड़फोड़ की और पथराव किया। इसके जवाब में पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा।
  • कटिहार: विरोध प्रदर्शन के दौरान उपद्रवियों ने पत्थरबाजी की, जिसमें अंचल अधिकारी सोनू भगत की आंख में गंभीर चोट लग गई है।
  • दरभंगा: लोहिया चौक पर प्रदर्शन ने उग्र रूप ले लिया, जिसके बाद डीएम, एसएसपी और अन्य वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को स्थिति संभालने के लिए मोर्चा संभालना पड़ा।
  • बेगूसराय: डीएम कार्यालय के बाहर प्रदर्शनकारियों ने जमकर पथराव किया। इस घटना में कवरेज कर रहे कई पत्रकार भी घायल हुए हैं।

कानूनी कार्रवाई और उपद्रवियों की पहचान

पुलिस प्रशासन का कहना है कि प्रदर्शन के नाम पर सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। कई प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया गया है और वीडियो फुटेज व अन्य सबूतों के आधार पर उपद्रवियों की पहचान की जा रही है। अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि हिंसा में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। छात्रों के आक्रोश और निष्पक्ष जांच की मांग के बीच, इन हिंसक घटनाओं ने पूरे आंदोलन की दिशा और दशा पर कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का बड़ा बयान

इस बीच नीट पेपर लीक के मामले पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कड़ा रुख अपनाते हुए स्पष्ट किया है कि युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। प्रधानमंत्री ने घोषणा की है कि पेपर लीक के दोषियों को कड़ी सजा दिलाने के लिए सरकार ने फास्ट-ट्रैक अदालतें स्थापित करने का निर्णय लिया है। उन्होंने संबंधित विभागों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि छात्रों के हितों की रक्षा के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जाएं और दोषियों को जल्द से जल्द कानून के दायरे में लाया जाए।

अंजलि सिंह पाबना की राज्य संवाददाता हैं, जो विभिन्न राज्यों की क्षेत्रीय खबरें और खानपान कवर करती हैं। स्थानीय घटनाओं, संस्कृति और जायके की कहानियों को वे करीब से रिपोर्ट करती हैं। अलग-अलग राज्यों की विविधता उनकी रिपोर्टिंग में नजर आती है।

आपकी प्रतिक्रिया?

Comments

https://pabna.in/assets/images/user-avatar-s.jpg

0 comment

Write the first comment for this!

फेसबुक वार्तालाप