बिहार
35 मिनट पहले
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बिहार में बुनियादी ढांचे का विस्तार
बिहार के सड़क परिवहन तंत्र को और अधिक मजबूत बनाने के लिए एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया है। राज्य के जहानाबाद जिले स्थित हुलासगंज से पटना जिले के फतुहा तक फैली मौजूदा टू-लेन सड़क को अब फोर-लेन में तब्दील किया जाएगा। इस परियोजना को हाल ही में आधिकारिक मंजूरी प्रदान कर दी गई है और इसके लिए विभागीय स्तर पर पत्र भी जारी कर दिया गया है। इस विकास कार्य के पूरा होने से क्षेत्र के लाखों यात्रियों के लिए आवागमन की प्रक्रिया बेहद सरल और सुगम हो जाएगी।
साठ किलोमीटर की दूरी अब होगी आसान
फिलहाल हुलासगंज से फतुहा के बीच की लगभग 60 किमी की दूरी तय करने में यात्रियों को काफी समय खर्च करना पड़ता है, लेकिन फोर-लेन सड़क बन जाने के बाद इस समय में भारी कमी आने की उम्मीद है। लंबे समय से स्थानीय निवासियों और यात्रियों द्वारा इस मार्ग को फोर-लेन करने की मांग की जा रही थी, जिसे अब पूरा किया जा रहा है। यह सड़क केवल एक जिला मार्ग नहीं है, बल्कि यह गयाजी तक जाने वाले मुख्य संपर्क का हिस्सा है। फिलहाल विभाग ने गयाजी तक जाने वाली पूरी सड़क के बजाय फतुहा से हुलासगंज के बीच ही इसे फोर-लेन बनाने की स्वीकृति दी है।
चार जिलों की बेहतर कनेक्टिविटी
यह प्रस्तावित फोर-लेन सड़क गयाजी, जहानाबाद, नालंदा और पटना जिलों से होकर गुजरने वाले महत्वपूर्ण मार्ग को कवर करती है। वर्तमान में गयाजी से फतुहा के बीच की पूरी सड़क टू-लेन होने के कारण यातायात का दबाव अधिक रहता है। यात्रियों को रास्ते में पड़ने वाले कई बड़े बाजारों से होकर गुजरना पड़ता है। हालांकि, पूर्व में एकंगरसराय, हिलसा और दनियावां में बायपास बनने से जाम की समस्या में कुछ हद तक सुधार हुआ है, लेकिन इस्लामपुर और हुलासगंज जैसे इलाकों में आज भी यात्रियों को भारी जाम का सामना करना पड़ता है। फोर-लेन निर्माण और नए बायपास की सुविधा मिलने से इन सभी बाधाओं से मुक्ति मिलेगी और यात्रियों का सफर कम समय में पूरा होगा।
यातायात का भारी दबाव और सुरक्षा
यह मार्ग काफी व्यस्त रहता है, क्योंकि गयाजी से आने वाली कई गाड़ियां इसी रास्ते का उपयोग करती हैं। इसके अतिरिक्त, जहानाबाद और नालंदा जिले के लाखों लोग प्रतिदिन इसी रूट के जरिए पटना और अन्य गंतव्यों की ओर जाते हैं। हर दिन इस सड़क से हजारों की संख्या में छोटी और बड़ी गाड़ियां गुजरती हैं। विशेष रूप से इस्लामपुर, हिलसा और एकंगरसराय क्षेत्र के लोग बड़ी संख्या में सार्वजनिक परिवहन यानी बसों के जरिए पटना आते-जाते हैं। इन लोगों के लिए नई सड़क एक बड़े वरदान के रूप में साबित होगी। इसके साथ ही, टू-लेन सड़क पर अत्यधिक दबाव के कारण अक्सर सड़क दुर्घटनाओं की आशंका बनी रहती है। फोर-लेन निर्माण होने से दुर्घटनाओं की संख्या में भी उल्लेखनीय कमी आएगी और सड़क सुरक्षा का दायरा और अधिक बढ़ेगा। स्थानीय लोग इस परियोजना के धरातल पर उतरने का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।
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