धर्म
2 घंटे पहले
5
विचारों
पढ़ाई और एकाग्रता की समस्या
आज के दौर में डिजिटल स्क्रीन और मोबाइल ने बच्चों के लिए पढ़ाई को बहुत चुनौतीपूर्ण बना दिया है। अक्सर ऐसा देखा जाता है कि बच्चे किताब लेकर बैठने का नाटक तो करते हैं, लेकिन कुछ ही मिनटों के भीतर उनका ध्यान मोबाइल या इधर-उधर की चीजों में भटकने लगता है। माता-पिता बच्चों को पढ़ाई के लिए डांटते हैं, लेकिन इससे स्थिति सुधरने के बजाय और बिगड़ जाती है।
ज्योतिषीय दृष्टि से कारणों की समझ
अंबाला के ज्योतिषी कुमार गौरव ने लोकल 18 को दिए अपने साक्षात्कार में बताया कि समस्या का समाधान निकालने के लिए बच्चे के व्यवहार को बारीकी से समझना अनिवार्य है। उन्होंने कहा कि केवल डांटना ही सही रास्ता नहीं है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, कुछ विशेष ग्रहों की महादशा भी बच्चों के व्यवहार को प्रभावित कर सकती है।
किन ग्रहों का होता है प्रभाव
ज्योतिषी के अनुसार, कुंडली में राहु, केतु और शनि की महादशा के कारण बच्चों के स्वभाव में नकारात्मक बदलाव आ सकते हैं। इसके प्रमुख संकेत निम्नलिखित हैं:
- बच्चों का अत्यधिक जिद्दी हो जाना।
- स्वभाव में बेचैनी का बढ़ जाना।
- पढ़ाई के प्रति गंभीर न होना।
- एकाग्रता की भारी कमी महसूस होना।
इन ग्रहों के प्रभाव के चलते बच्चे का मन एक जगह स्थिर नहीं हो पाता है। ऐसे में माता-पिता को चाहिए कि वे घर के वास्तु और बच्चे के बैठने की दिशा पर ध्यान दें ताकि घर की ऊर्जा सकारात्मक बनी रहे।
Comments
0 comment