उपनाम: वर्मी कम्पोस्ट
मानसून में मुरझा न जाएं आपके पसंदीदा पौधे, बरसात के मौसम में ऐसे रखें उनका खास ख्याल
बारिश का मौसम वैसे तो पेड़-पौधों के लिए वरदान माना जाता है, लेकिन इस दौरान अत्यधिक नमी और पानी के जमाव से उन्हें भारी नुकसान भी पहुंच सकता है। जानिए मानसून में अपने पौधों को हरा-भरा और स्वस्थ रखने के आसान तरीके।
बारिश शुरू होते ही घर पर तैयार करें केंचुआ खाद, घटेगी खेती की लागत, विशेषज्ञ ने बताया सरल तरीका
केंचुआ खाद विशेषज्ञ के अनुसार कम खर्च और कम जगह में वर्मी कम्पोस्ट तैयार कर किसान खेती की लागत घटा सकते हैं। प्री-मानसून बारिश शुरू होते ही इसे बनाने का काम आरंभ कर देना चाहिए।
अब आंगन और छत पर ही उगाएं ताजी सब्जियां, गमलों में इस तरह तैयार करें बैंगन, भिंडी, लौकी और नेनुआ
कृषि विशेषज्ञ डॉ. दिलीप पांडे के मुताबिक मिट्टी में सही खाद मिलाकर गमलों में टमाटर, बैंगन और लौकी जैसी सब्जियां आसानी से उगाई जा सकती हैं और इनमें 50 दिनों के भीतर फल आने लगते हैं।
खाद की किल्लत से परेशान किसानों के लिए राहत, अपनाएं ये किफायती विकल्प और बढ़ाएं पैदावार
बुवाई के मौसम में यूरिया और डीएपी की मांग बढ़ने पर किसानों को अक्सर खाद की कमी झेलनी पड़ती है। कृषि विभाग ने रासायनिक उर्वरकों की जगह कई सस्ते और कारगर विकल्प अपनाने की सलाह दी है।
साइबर सिक्योरिटी की पढ़ाई के बाद खेती में उतरे नरेंद्र, केंचुआ खाद से बना डाला कामयाब कारोबार
सतना के इटौरा गांव के 25 वर्षीय नरेंद्र कुमार कुशवाहा ने साइबर सिक्योरिटी में ग्रेजुएशन के बाद नौकरी के बजाय केंचुआ खाद उत्पादन को व्यवसाय बनाया और अब किसानों को जैविक खेती का प्रशिक्षण भी दे रहे हैं।
गोबर खाद को सीधे खेत में डालना पड़ सकता है भारी, कृषि वैज्ञानिक से जानिए तैयार करने का सही तरीका
कृषि विशेषज्ञों के अनुसार गोबर को खुले में धूप में रखने से उसके लाभकारी जीवाणु नष्ट हो जाते हैं। छायादार जगह पर नमी के साथ सड़ाकर तैयार की गई खाद ही फसल को दोगुना फायदा पहुंचाती है।
गोंडा: मुजेहना के नंदलाल ने भिंडी की खेती से बदली तकदीर, वैज्ञानिक तकनीक से कमा रहे लाखों
गोंडा के मुजेहना ब्लॉक के गांव उज्जैनीकल के युवा किसान नंदलाल जायसवाल ने पारंपरिक खेती छोड़कर भिंडी उगाना शुरू किया और अब इससे सालाना लाखों रुपये की कमाई कर रहे हैं।