उपनाम: सोयाबीन की खेती
बुवाई के 72 घंटे के भीतर करें यह काम, खेतों में नहीं उगेंगे खरपतवार, कृषि वैज्ञानिक ने दी अहम सलाह
बुवाई के तुरंत बाद खेतों में प्री इमरजेंस दवाओं का इस्तेमाल करने से खरपतवार का अंकुरण रुक जाता है। कृषि वैज्ञानिक ने सोयाबीन, उड़द और मक्का की फसलों के लिए सही तरीका और दवा की जानकारी दी है।
सोयाबीन की बुआई में न करें ये गलती, वरना चौपट हो सकती है फसल; जानें खाद डालने का सही तरीका
खरगोन जिले में खरीफ सीजन के दौरान सोयाबीन की बुआई जोरों पर है। कृषि वैज्ञानिकों ने किसानों को बीज और उर्वरक एक साथ डालने से बचने और वैज्ञानिक तरीके अपनाने की सलाह दी है।
बारिश कम हुई तो किसान क्या उगाएं? वैज्ञानिक ने सुझाईं 90 दिन में पकने वाली फसलें
कम बारिश की आशंका को देखते हुए कृषि वैज्ञानिक किसानों को लंबी अवधि वाली धान की जगह कम समय में तैयार होने वाली सोयाबीन और अरहर जैसी फसलें अपनाने की सलाह दे रहे हैं।
सोयाबीन की बुवाई में न दोहराएं यह पुरानी गलती, अपनाएं वैज्ञानिक तरीका और पाएं बंपर पैदावार
खरगोन जिले में खरीफ सीजन के साथ सोयाबीन की बुवाई जोरों पर है, लेकिन कृषि विशेषज्ञ बीज और खाद को एक साथ डालने की आम गलती से बचने की सलाह दे रहे हैं। सही खाद प्रबंधन और वैज्ञानिक तरीका अपनाने पर फसल मजबूत होती है और उत्पादन बढ़ता है।
धान से ज्यादा फायदेमंद साबित हो रही यह फसल, कृषि वैज्ञानिक ने बताए पैदावार बढ़ाने के नुस्खे
कृषि वैज्ञानिकों के मुताबिक किसान धान के साथ सोयाबीन उगाकर कम लागत में अच्छा मुनाफा पा सकते हैं। उन्नत किस्में करीब 100 दिनों में तैयार हो जाती हैं और वैज्ञानिक तरीके से खेती करने पर 25 क्विंटल प्रति हेक्टेयर तक उपज दे सकती हैं।