उपनाम: पितृपक्ष 2026
पितृपक्ष 2026: पैसे की तंगी से हैं परेशान, तो ऐसे करें अपने पूर्वजों का तर्पण, सिर्फ सच्ची श्रद्धा ही काफी
पितृपक्ष के दौरान अगर आपके पास तर्पण या पिंडदान के लिए आर्थिक साधन नहीं हैं, तो परेशान होने की जरूरत नहीं है। शास्त्रों के अनुसार, केवल सच्ची श्रद्धा और सरल उपायों से भी पितरों को तृप्त किया जा सकता है।
पितृपक्ष 2026: आज से शुरू हुआ पूर्वजों को नमन का पर्व, जानिए हरिद्वार की नारायणी शिला का विशेष धार्मिक महत्व
आज से पितृपक्ष की शुरुआत हो चुकी है, जो 10 अक्टूबर तक चलेगा। इस दौरान हरिद्वार स्थित नारायणी शिला पर पिंडदान और श्राद्ध कर्म का विशेष महत्व माना गया है, जिसे भगवान विष्णु के हृदय का प्रतीक माना जाता है।
पितृपक्ष 2026: मणिपुर के लोगों के लिए गोवर्धन क्यों है मोक्ष का धाम, पीपल के नीचे अस्थि गाड़ने की क्या है परंपरा
मणिपुर के वैष्णव समुदाय का ब्रजभूमि से सदियों पुराना नाता है, जहां वे अपने पूर्वजों की शांति के लिए गोवर्धन में विशेष तर्पण और अस्थि विसर्जन करते हैं। जानिए इस अनूठी परंपरा और पितृपक्ष की महत्वपूर्ण तिथियों के बारे में विस्तार से।
पितृपक्ष 2026: मोक्ष का पहला द्वार है यह स्थान, गयाजी जाने से पहले यहां क्यों करते हैं पिंडदान?
पितृपक्ष के दौरान गयाजी को पिंडदान का सबसे बड़ा केंद्र माना जाता है, लेकिन एक विशेष स्थान ऐसा भी है जहां गया जाने से पहले तर्पण करना बेहद जरूरी है। जानिए भगवान श्री राम और माता सीता से जुड़ी इस जगह का धार्मिक महत्व और पितृपक्ष की प्रमुख तिथियां।
पितृपक्ष 2026: जानिए किस तिथि को करना चाहिए अपने पूर्वजों का श्राद्ध, क्या है सही नियम
पितृपक्ष के दौरान पूर्वजों को याद कर उनका श्राद्ध और तर्पण किया जाता है। पंचांग के अनुसार श्राद्ध की सही तिथि का चुनाव करने की पूरी प्रक्रिया यहां समझें।
पितृपक्ष 2026: 27 सितंबर से शुरू होगा पूर्वजों का श्रद्धा पर्व, जानें श्राद्ध की तिथियां और सर्वपितृ अमावस्या का महत्व
वर्ष 2026 में पितृपक्ष का शुभारंभ 27 सितंबर से होने जा रहा है, जिसका समापन 10 अक्टूबर को सर्वपितृ अमावस्या के साथ होगा। इस दौरान पूर्वजों के निमित्त किए जाने वाले श्राद्ध, तर्पण और पिंडदान की पूरी जानकारी यहां उपलब्ध है।
पितृपक्ष 2026: संतान नहीं होने पर कौन करेगा पिंडदान? गया के पुरोहित ने बताए नियम
पितृपक्ष के दौरान अगर किसी व्यक्ति की कोई संतान नहीं है, तो पिंडदान का अधिकार किसे मिलता है? गया के विशेषज्ञों ने इससे जुड़े धार्मिक नियमों और आत्म-पिंडदान की प्रक्रिया को विस्तार से समझाया है।
पितृपक्ष 2026: गयाजी में पिंडदान का क्यों है इतना महत्व, क्या है इसके पीछे की पौराणिक कथा?
पितृपक्ष के दौरान गयाजी में पिंडदान करने की परंपरा सदियों से चली आ रही है, जिसे पूर्वजों की मुक्ति और सात पीढ़ियों के उद्धार के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है। जानिए इस पवित्र नगरी और पिंडदान से जुड़ी मान्यताओं का विशेष विवरण।
पितृपक्ष 2026: 25 या 26 सितंबर कब से शुरू हो रहा श्राद्ध, जानिए सही तारीख और महत्व
पितृपक्ष के दौरान पूर्वजों के प्रति श्रद्धा अर्पित की जाती है। जानिए 2026 में पितृपक्ष की सटीक शुरुआत और इससे जुड़ी महत्वपूर्ण तिथियों का पूरा विवरण।
पितृपक्ष 2026: कब से शुरू होंगे श्राद्ध और क्या है पूरी तिथियों का कैलेंडर?
सनातन परंपरा में पूर्वजों के प्रति सम्मान प्रकट करने के लिए पितृपक्ष का विशेष महत्व है। साल 2026 में पितृपक्ष की शुरुआत 26 सितंबर से हो रही है, जानें इस अवधि का संपूर्ण विवरण।
पितृपक्ष 2026: कब से शुरू हो रहा है श्राद्ध का महापर्व, गया जी में पिंडदान का महत्व और पूरी जानकारी
सनातन धर्म में पितृपक्ष का विशेष महत्व है, जहां श्रद्धालु अपने पूर्वजों की शांति के लिए गया जी में पिंडदान करते हैं। इस साल 27 सितंबर से 16 दिनों तक चलने वाला यह पवित्र अनुष्ठान शुरू होगा।