उपनाम: अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा
अमेरिका ने जमीन के अंदर क्यों किया परमाणु धमाके जैसा परीक्षण, चीन की बढ़ गई बेचैनी
अमेरिका ने नेवादा में एक भूमिगत गैर-परमाणु रासायनिक विस्फोट किया है, जिसका मुख्य उद्देश्य सूक्ष्म परमाणु परीक्षणों का पता लगाने की अपनी क्षमता को विकसित करना है। यह कदम चीन पर लगाए गए पुराने आरोपों और वैश्विक सुरक्षा चिंताओं के बीच उठाया गया है।
हूती विद्रोहियों का मयून द्वीप पर कब्जा, दुनिया के 12 फीसदी व्यापार पर मंडराया बड़ा खतरा
यमन के रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण मयून द्वीप पर हूती विद्रोहियों ने नियंत्रण कर लिया है। इस घटनाक्रम से दुनिया के समुद्री व्यापारिक मार्ग पर सुरक्षा का गंभीर संकट पैदा हो गया है।
हवाला का मायाजाल और आतंकवाद का कनेक्शन: FATF की रिपोर्ट में हुआ बड़ा खुलासा
फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स की हालिया रिपोर्ट में खुलासा हुआ है कि कैसे हवाला और अनौपचारिक बैंकिंग चैनलों के जरिए आम लोगों का पैसा आतंकवाद को पोषित करने के लिए इस्तेमाल किया जा रहा है। यह नेटवर्क मानव तस्करी से लेकर संगठित अपराध तक के पैसों को आतंकी संगठ...
शंघाई सहयोग संगठन के मंच से शी जिनपिंग का सख्त संदेश: आतंकवाद और अलगाववाद के खिलाफ नई रणनीति
किर्गिस्तान की राजधानी बिश्केक में आयोजित SCO शिखर सम्मेलन में चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने सुरक्षा को अपनी सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए आतंकवाद, अलगाववाद और अतिवाद को जड़ से मिटाने का आह्वान किया है, जो सीधे तौर पर शिनजियांग के उइगर मुस्लिम मुद्दे से ज...
बशर अल-असद के दौर में सीरिया गुपचुप तरीके से बना रहा था परमाणु रिएक्टर, UN की जांच में बड़ा खुलासा
संयुक्त राष्ट्र की नई रिपोर्ट में दावा किया गया है कि बशर अल-असद के कार्यकाल के दौरान सीरिया में एक गुप्त परमाणु रिएक्टर विकसित किया जा रहा था, जिसे लेकर IAEA ने बड़ी जानकारी साझा की है।
लॉरेंस बिश्नोई के बाद अब जग्गू भगवानपुरिया गिरोह पर अमेरिका में FBI का बड़ा प्रहार, मोस्ट वांटेड नीतीश कौशल गिरफ्तार
लॉरेंस बिश्नोई गैंग के बाद अब अमेरिकी जांच एजेंसी एफबीआई ने कुख्यात जग्गू भगवानपुरिया गिरोह के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। इस गिरोह के प्रमुख गुर्गे नीतीश कौशल को अमेरिका से गिरफ्तार कर लिया गया है, जिस पर अपहरण और ड्रग तस्करी जैसे गंभीर आरोप हैं।
दक्षिण कोरियाई हवाई क्षेत्र के पास चीन और रूस का सैन्य प्रदर्शन, 10 विमानों की हलचल
चीन और रूस के करीब 10 सैन्य विमानों ने दक्षिण कोरिया के एयर डिफेंस आइडेंटिफिकेशन जोन (KADIZ) में प्रवेश किया, जिसके बाद सोल ने तत्काल अपने लड़ाकू विमान तैनात कर दिए।