रायपुर में ट्रैफिक चालान भुगतने का आखिरी मौका: 12 सितंबर को लोक अदालत में होगा निपटारा, गुरुवार तक कराएं रजिस्ट्रेशन वरना अटक जाएंगे गाड़ी के काम छत्तीसगढ़ एक घंटा पहले 5
छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में सवा लाख से अधिक लंबित ई-चालान के निपटारे के लिए 12 सितंबर को लोक अदालत का आयोजन किया जा रहा है, जिसके लिए रजिस्ट्रेशन कराने की अंतिम तिथि गुरुवार है।

छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के वाहन चालकों के लिए एक बेहद जरूरी खबर है। अगर आपने भी अनजाने में या किसी कारणवश ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन किया है और आपका ई-चालान कटा हुआ है, तो उसे निपटाने का यह आखिरी और सबसे बेहतरीन मौका है। रायपुर शहर में लंबित पड़े हजारों ई-चालान के निपटारे के लिए आगामी 12 सितंबर को राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन होने जा रहा है। इस लोक अदालत में अपने चालान के मामले को सुलझाने के लिए वाहन मालिकों को पहले रजिस्ट्रेशन कराना होगा, जिसकी अंतिम तारीख इसी सप्ताह गुरुवार तक निर्धारित की गई है। अगर इस तय समय सीमा तक रजिस्ट्रेशन नहीं कराया गया, तो वाहन चालकों को भविष्य में भारी मुश्किलों का सामना करना पड़ सकता है।

रजिस्ट्रेशन न कराने पर रुक जाएंगी वाहन से जुड़ी ये जरूरी सेवाएं

ट्रैफिक पुलिस की ओर से साफ तौर पर चेतावनी दी गई है कि जिन वाहन मालिकों के ई-चालान लंबे समय से पेंडिंग हैं और वे इसका भुगतान करने में रुचि नहीं दिखा रहे हैं, उनके वाहनों से संबंधित कई महत्वपूर्ण कार्यों पर रोक लगा दी जाएगी। यदि आपने समय रहते अपने ई-चालान का निपटारा नहीं किया, तो आपके लिए निम्नलिखित सेवाओं का लाभ उठाना नामुमकिन हो जाएगा:

  • RC (रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट) का नवीनीकरण कराने में बाधा आएगी।
  • कमर्शियल यानी व्यावसायिक वाहनों के लिए मिलने वाले फिटनेस सर्टिफिकेट और परमिट पर रोक लगा दी जाएगी।
  • वाहन को किसी अन्य व्यक्ति के नाम पर ट्रांसफर करने यानी वाहन ट्रांसफर की प्रक्रिया पूरी नहीं हो सकेगी।
  • किसी भी प्रकार की NOC (नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट) प्राप्त करने में दिक्कत होगी।
  • वाहन के पंजीकरण में संशोधन कराने अथवा हाइपोथिकेशन हटाने से जुड़े काम लटक जाएंगे।
  • वाहन चालक के DL (ड्राइविंग लाइसेंस) का नवीनीकरण भी समय पर नहीं हो सकेगा।

इसके अलावा, यदि वाहन मालिक लगातार ई-चालान की अनदेखी करते हैं, तो उन्हें अदालत की तरफ से समन जारी किया जा सकता है। मामलों को वर्चुअल कोर्ट में भी भेजा जा सकता है। इतना ही नहीं, सड़क पर सामान्य चेकिंग के दौरान अगर ऐसी कोई गाड़ी पकड़ी जाती है जिस पर पुराना चालान बकाया है, तो पुलिस विभाग द्वारा उस वाहन को मौके पर ही जब्त या डिटेन करने की कार्रवाई की जाएगी।

पेंडिंग चालान का आंकड़ा सवा लाख के पार, एक बाइक पर 55 हजार का बकाया

रायपुर शहर में यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों की संख्या लगातार बढ़ रही है। आंकड़ों पर नजर डालें तो अकेले जनवरी 2025 से लेकर 31 जनवरी 2026 के बीच ही 96,800 से अधिक ई-चालान पेंडिंग हैं, जिनका भुगतान अब तक नहीं किया गया है। यह मामले काफी समय से कोर्ट में लंबित चल रहे हैं। इसके अतिरिक्त, इस साल के शुरुआती आठ महीनों में भी 30,000 से ज्यादा नए चालान पेंडिंग हो चुके हैं। इस प्रकार रायपुर में कुल लंबित चालानों का आंकड़ा अब सवा लाख से भी अधिक हो चुका है।

इन लंबित मामलों के निपटारे के लिए ट्रैफिक पुलिस द्वारा लगातार वाहन मालिकों के पंजीकृत मोबाइल नंबरों पर मैसेज और रिमाइंडर भेजे जा रहे हैं। राहत की बात यह है कि आगामी लोक अदालत के लिए अब तक लगभग 3,000 वाहन मालिक अपना रजिस्ट्रेशन करा चुके हैं। पुलिस विभाग के अधिकारियों का कहना है कि शहर में बार-बार ट्रैफिक नियमों को तोड़ने वाले वाहन चालकों की तादाद भी तेजी से बढ़ रही है। रिकॉर्ड के अनुसार, एक अकेले दोपहिया वाहन पर ही रिकॉर्ड 55 हजार रुपये का चालान बकाया है। रायपुर पुलिस ने अब ऐसी सभी गाड़ियों की एक विशेष सूची तैयार करना शुरू कर दिया है, जिनके चालान अत्यधिक मात्रा में लंबित हैं, और जल्द ही इन्हें सड़क से जब्त करने का अभियान शुरू किया जाएगा।

गलत चालान कटने की शिकायतों पर भी होगी सुनवाई

ई-चालान की प्रक्रिया के बीच कुछ वाहन मालिकों ने ट्रैफिक विभाग के समक्ष अजीबोगरीब शिकायतें भी दर्ज कराई हैं। कुछ लोगों का कहना है कि बरसात के मौसम में रेनकोट पहनकर मोटरसाइकिल चलाने के दौरान भी उनका बिना हेलमेट का गलत चालान काट दिया गया। वहीं कुछ मामलों में मोटरसाइकिल को गलती से मोपेड दर्शाते हुए गलत श्रेणी का चालान जारी करने की शिकायतें भी सामने आई हैं।

अगर आपको भी लगता है कि आपका ट्रैफिक चालान गलत तरीके से काटा गया है, तो आपके पास अपनी शिकायत दर्ज कराने का विकल्प मौजूद है। ऐसे पीड़ित वाहन चालक रायपुर के कालीबाड़ी ट्रैफिक ऑफिस में जाकर अपनी लिखित शिकायत के साथ आवेदन जमा कर सकते हैं। ट्रैफिक विभाग के अधिकारियों ने आश्वासन दिया है कि प्रत्येक आवेदन की गहनता से जांच की जाएगी और यदि शिकायत सच पाई जाती है, तो उस गलत चालान को तुरंत प्रभाव से निरस्त या रद्द कर दिया जाएगा।

अंजलि सिंह पाबना की राज्य संवाददाता हैं, जो विभिन्न राज्यों की क्षेत्रीय खबरें और खानपान कवर करती हैं। स्थानीय घटनाओं, संस्कृति और जायके की कहानियों को वे करीब से रिपोर्ट करती हैं। अलग-अलग राज्यों की विविधता उनकी रिपोर्टिंग में नजर आती है।

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