राष्ट्रीय राजनीति
एक घंटा पहले
8
विचारों
रूसी हमलों में भारतीय नागरिक की जान गई
यूक्रेन में चल रहे भीषण युद्ध के दौरान एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। लगातार हो रहे रूसी ड्रोन और मिसाइल हमलों की चपेट में आने से एक भारतीय नागरिक की मौत हो गई है। यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने मंगलवार को इस नुकसान की जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि बीते पांच दिनों के भीतर रूस द्वारा किए गए हमलों में कुल 12 लोगों ने अपनी जान गंवाई है, जिनमें एक भारतीय मूल का व्यक्ति भी शामिल है। फिलहाल, मृतक की पहचान और वह किस इलाके में हमले का शिकार हुआ, इस बारे में आधिकारिक रूप से कोई विशेष जानकारी साझा नहीं की गई है।
हमलों का व्यापक दायरा और जेलेंस्की का दावा
जेलेंस्की ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स के माध्यम से रूसी सैन्य कार्रवाई पर कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि रूस जानबूझकर ऐसी जगहों को निशाना बना रहा है जहां अधिकतम तबाही और जनहानि हो सके। राष्ट्रपति ने विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि कीव में एक रेलवे डिपो पर किए गए हमले में सात लोगों की मौत हुई है। इसके अलावा, रूस ने अपने ड्रोन और बैलिस्टिक मिसाइलों का उपयोग करते हुए खेरसॉन, डोनेत्स्क, ज़ापोरिज़्ज़िया, खारकीव, चेर्निहिव, झितोमिर, सूमी और ड्नीप्रो जैसे क्षेत्रों को निशाना बनाया है।
सैन्य सहायता और सुरक्षा की मांग
यूक्रेनी राष्ट्रपति ने अपने संबोधन में यह भी कहा कि रूस तभी अपने इन घातक हमलों में सफल हो पाता है जब यूक्रेन की हवाई रक्षा क्षमता में कोई कमी आती है। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से तत्काल प्रभाव से और अधिक एयर डिफेंस सिस्टम प्रदान करने की अपील की है। जेलेंस्की ने जोर देकर कहा कि रूस के इन आतंकी हमलों में मारे जाने वाले लोगों की संख्या पूरी तरह से इस बात पर निर्भर करती है कि यूक्रेन को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कितनी सैन्य सहायता और सुरक्षा उपकरण समय पर उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
शांति की अपील और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का रुख
यह दुखद घटना ऐसे समय में हुई है जब वैश्विक स्तर पर युद्ध को समाप्त करने के प्रयास तेज हो रहे हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को ही रूस और यूक्रेन के बीच जारी इस घातक युद्ध को रोकने की पुरजोर अपील की थी। किर्गिस्तान की राजधानी बिश्केक में आयोजित शंघाई सहयोग संगठन (SCO) शिखर सम्मेलन के दौरान रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से मुलाकात के समय प्रधानमंत्री ने स्पष्ट शब्दों में कहा था कि अब हमें अंतहीन युद्ध की मानसिकता से बाहर निकलकर शत्रुता को खत्म करने और शांति की ओर बढ़ने की आवश्यकता है। प्रधानमंत्री का मानना है कि युद्ध का हर एक दिन मानवता को पीछे धकेलता है, जबकि शांति का एक छोटा सा कदम भी पूरी दुनिया के लिए उम्मीद की एक नई किरण लेकर आता है।
भारतीय दूतावास का आश्वासन
कीव स्थित भारतीय दूतावास ने भी इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया है। दूतावास ने सोशल मीडिया पर अपनी आधिकारिक प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि वे इस कठिन समय में पीड़ित परिवार के साथ पूरी संवेदना के साथ खड़े हैं। दूतावास के बयान के अनुसार, संबंधित कंपनी और यूक्रेन के स्थानीय अधिकारियों के साथ लगातार संपर्क साधा जा रहा है ताकि दिवंगत भारतीय नागरिक के पार्थिव शरीर को जल्द से जल्द सम्मान के साथ स्वदेश वापस लाया जा सके। दूतावास ने हर संभव प्रशासनिक और कानूनी सहायता प्रदान करने का आश्वासन दिया है ताकि परिवार को किसी प्रकार की अतिरिक्त परेशानी का सामना न करना पड़े।
Comments
0 comment