गुरुग्राम में वजन घटाने के नाम पर करोड़ों की धोखाधड़ी, फर्जी कॉल सेंटर का भंडाफोड़ हरियाणा 2 महीने पहले 84
गुरुग्राम पुलिस ने वजन कम करने के बहाने ठगी करने वाले एक बड़े गिरोह का पर्दाफाश किया है, जहां फेसबुक और इंस्टाग्राम के जरिए लोगों को निशाना बनाया जाता था। इस मामले में तीन महिलाओं को गिरफ्तार कर भारी मात्रा में इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बरामद किए गए हैं।

उद्योग विहार में चल रहा था गोरखधंधा

साइबर सिटी गुरुग्राम की पुलिस ने एक ऐसे बड़े फर्जी कॉल सेंटर का भंडाफोड़ किया है जो लोगों को वजन घटाने की जादुई दवाइयां बेचने का झांसा देकर करोड़ों रुपये की चपत लगा रहे थे। यह कार्रवाई गुरुग्राम के उद्योग विहार फेज 5 इलाके में की गई। साइबर थाना पुलिस की टीम ने सटीक सूचना के आधार पर छापेमारी की और इस अवैध नेटवर्क का पर्दाफाश किया।

ऐसे फंसाते थे जाल में

पूछताछ और शुरुआती जांच में सामने आया है कि आरोपी 'क्यरेस्ट साइंस एंड वेलनेस प्राइवेट लिमिटेड' नाम की एक फर्जी कंपनी चला रहे थे। वे फेसबुक और इंस्टाग्राम जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर हर्बल दवाइयों के लुभावने विज्ञापन पोस्ट करते थे। वजन कम करने के इच्छुक लोगों को विश्वास में लेने के लिए वे 100 प्रतिशत रिफंड का झूठा वादा करते थे। एक बार जब ग्राहक दवाइयां खरीद लेते थे, तो वजन कम न होने पर ये लोग न तो पैसे वापस करते थे और न ही ग्राहकों की किसी शिकायत पर ध्यान देते थे।

खुद को बताते थे डॉक्टर

इस गिरोह के सदस्य ग्राहकों को भ्रमित करने के लिए खुद को विशेषज्ञ डॉक्टर, डाइटिशियन या ब्यूटीशियन बताते थे। इस तरह के पेशेवर होने का ढोंग रचकर वे लोगों का भरोसा जीत लेते थे। एसीपी साइबर क्राइम गौरव फोगाट ने जानकारी दी कि यह गिरोह केवल गुरुग्राम तक सीमित नहीं था, बल्कि गुजरात समेत देश के कई अन्य राज्यों में भी लोगों को अपनी ठगी का शिकार बना चुका है। अब तक की जांच में करोड़ों रुपये की धोखाधड़ी होने के संकेत मिले हैं।

बरामदगी और आगे की जांच

पुलिस ने इस छापेमारी के दौरान मौके से तीन महिला आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनकी पहचान मंदीप, नेहा और वर्षा के तौर पर की गई है। पुलिस ने भारी मात्रा में सबूत जुटाए हैं, जिनमें निम्नलिखित शामिल हैं:

  • 102 मोबाइल फोन
  • 150 सिम कार्ड
  • 12 लैपटॉप
  • अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण और दस्तावेज

फिलहाल पुलिस ने इन तीनों महिलाओं को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि इस गिरोह में शामिल अन्य लोगों की तलाश जारी है और उनके नेटवर्क के हर सदस्य की भूमिका की बारीकी से जांच की जा रही है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।

अंजलि सिंह पाबना की राज्य संवाददाता हैं, जो विभिन्न राज्यों की क्षेत्रीय खबरें और खानपान कवर करती हैं। स्थानीय घटनाओं, संस्कृति और जायके की कहानियों को वे करीब से रिपोर्ट करती हैं। अलग-अलग राज्यों की विविधता उनकी रिपोर्टिंग में नजर आती है।

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