बिहार
एक घंटा पहले
3
विचारों
बिहार में एमएलसी चुनाव को लेकर राष्ट्रीय जनता दल ने सुनील सिंह को अपना उम्मीदवार घोषित किया है। पार्टी के इस फैसले से पूर्व मंत्री शिवचंद्र राम बेहद नाराज नजर आए। अपनी नाराजगी जाहिर करने के लिए उन्होंने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस भी की, जिसमें बोलते-बोलते वह भावुक हो गए और रो पड़े। इसी दौरान उन्होंने राजद के सभी पदों से इस्तीफा देने की घोषणा कर दी।
मिली जानकारी के अनुसार शिवचंद्र राम भी एमएलसी उम्मीदवारी की दौड़ में शामिल थे, लेकिन पार्टी ने एक बार फिर सुनील सिंह पर भरोसा जताया। शिवचंद्र राम ने इस फैसले को वादाखिलाफी करार दिया।
शिवचंद्र राम राजद के वरिष्ठ नेता माने जाते हैं। वे बिहार सरकार में कला, संस्कृति एवं युवा मामलों के मंत्री की जिम्मेदारी निभा चुके हैं। पार्टी में उनकी पहचान एक वरिष्ठ दलित नेता (रविदास समाज) के रूप में है। पिछले लोकसभा चुनाव में उन्होंने चिराग पासवान के खिलाफ ताल ठोकी थी, हालांकि उस मुकाबले में उन्हें हार झेलनी पड़ी थी।
'1990 से राजद के साथ जुड़ा रहा'
प्रेस कॉन्फ्रेंस में शिवचंद्र राम ने कहा, "मैंने अपनी राजनीति की शुरुआत राजद से ही की थी। पूरे राजद में ऐसा कोई नहीं था जो लालू प्रसाद यादव जी और तेजस्वी यादव जी के सामाजिक न्याय को इतनी मजबूती से जनता तक पहुंचाने का काम करता। हमने जमीनी हकीकत को सामने रखने का काम किया। मैं 1990 से राजद में हूं और मैंने हमेशा पार्टी की नीतियों का पालन किया। राजद ने मुझे सम्मान भी दिया, जिसके लिए मैं लालू प्रसाद यादव जी और तेजस्वी जी को बधाई देता हूं और उनका स्वागत करता हूं। लेकिन पिछले तीन-चार दिनों से मैंने जैसी जिंदगी गुजारी है, भगवान करे कि ऐसी जिंदगी किसी को न मिले।"
'हमारे साथ नाइंसाफी हुई'
इतना कहते-कहते शिवचंद्र राम बीच में ही रो पड़े। किसी तरह खुद को संभालते हुए उन्होंने आगे कहा, "मैं चार रात से सो नहीं पाया हूं। हम पार्टी के कार्यकर्ता हैं, पार्टी के दरबारी हैं, पार्टी के मजदूर हैं और अपने नेता के प्रति पूरी श्रद्धा के साथ काम करते रहे। लेकिन हमने महसूस किया कि हमारे साथ नाइंसाफी हुई है। तीन दिनों से मेरे समाज के लोग और मेरे समर्थक पूरे बिहार से आकर पटना के एक होटल में बैठे हुए हैं। हमारे लोग जिस तरह आहत हुए हैं, उससे बिहार के करोड़ों गरीबों, भीमराव अंबेडकर, संत रविदास, वीर चौहरमल, बाबा बिरसा मुंडा और बहुजन समाज में जन्मे तमाम लोगों की भावनाएं आहत हुई हैं।"
राजद के सभी पदों से इस्तीफे का ऐलान
पार्टी में अपने सभी पदों से इस्तीफे की घोषणा करते हुए उन्होंने कहा, "सबसे पहले मैं उन लोगों का सम्मान करूंगा जो मेरे लिए खड़े रहे। आज मैं राष्ट्रीय जनता दल के एससी-एसटी प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे रहा हूं। प्रकोष्ठ के अलावा पार्टी में मैं जिन-जिन पदों पर हूं, उन सभी पदों से इस्तीफा दे रहा हूं। मैंने अभी अपने पदों से त्यागपत्र दे दिया है, हालांकि पार्टी के सक्रिय सदस्य बने रहेंगे। हमारे साथ वादाखिलाफी की गई है, मुझे आश्वासन दिया गया था। अपनी जो पीड़ा थी, उसे हमने आप सभी के सामने रखने का काम किया है।"
Comments
0 comment