दिल्ली
एक घंटा पहले
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विचारों
पंजाब में कथित पेपर लीक के मुद्दे पर देश की राजधानी में सियासी पारा पूरी तरह चढ़ गया है। गुरुवार को भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने आम आदमी पार्टी (AAP) और उसके राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल के खिलाफ दिल्ली की सड़कों पर एक विशाल विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। इस बड़े प्रदर्शन की संवेदनशीलता को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था बेहद कड़ी कर दी गई है और दिल्ली में AAP कार्यालय के बाहर भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है ताकि कानून व्यवस्था बनी रहे। बीजेपी का आरोप है कि पंजाब में पिछले कुछ समय के दौरान कई महत्वपूर्ण सरकारी भर्तियों और परीक्षाओं के पेपर लीक हुए हैं, जिससे राज्य के लाखों छात्रों और युवाओं का भविष्य अधर में लटक गया है। इस गंभीर मुद्दे पर नैतिक जिम्मेदारी तय करने की मांग करते हुए बीजेपी ने पंजाब के शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस के तुरंत इस्तीफे की मांग की है।
संसद से लेकर सड़क तक चौतरफा घिरी आम आदमी पार्टी
बीजेपी इस कथित पेपर लीक मामले को लेकर पंजाब और दिल्ली दोनों ही मोर्चों पर AAP सरकार के खिलाफ लगातार बेहद हमलावर रुख अपनाए हुए है। इससे पहले 28 जुलाई को भी इस मुद्दे की गूंज देश की संसद में सुनाई दी थी, जब बीजेपी के सांसदों ने संसद परिसर के भीतर जोरदार नारेबाजी और प्रदर्शन किया था। इस विशेष प्रदर्शन का नेतृत्व राज्यसभा सांसद स्वाति मालीवाल ने किया था। प्रदर्शन के दौरान सांसदों ने हाथों में तख्तियां लेकर 'पंजाब पेपर लीक पर जवाब दो' के नारे लगाए और पंजाब के शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस से तुरंत अपने पद से हट जाने को कहा।
शिरोमणि अकाली दल ने की CBI जांच की मांग
केवल बीजेपी ही नहीं, बल्कि पंजाब के अन्य विपक्षी दल भी इस मुद्दे पर राज्य सरकार को कटघरे में खड़ा करने में कोई कसर नहीं छोड़ रहे हैं। शिरोमणि अकाली दल ने भी इस मामले में AAP सरकार पर तीखा हमला बोला है। अकाली दल की सांसद हरसिमरत कौर बादल ने इस पूरे मामले को लेकर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात की है। उन्होंने गृह मंत्री से मांग की है कि पंजाब में AAP सरकार के अब तक के कार्यकाल के दौरान हुए सभी 11 कथित परीक्षा घोटालों की गहन जांच देश की सबसे बड़ी जांच एजेंसी CBI से कराई जानी चाहिए।
हरसिमरत कौर बादल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर अपनी इस मांग को साझा करते हुए लिखा कि उन्होंने पूरे पंजाब की जनता की ओर से गृह मंत्री अमित शाह से इन सभी 11 परीक्षा घोटालों की CBI जांच कराने की मांग उठाई है। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि पंजाब के युवाओं को इस घोटाले का पूरा जवाब चाहिए और इससे कम पर कोई समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा।
कांग्रेस ने भी मुख्यमंत्री भगवंत मान पर साधा निशाना
इस सियासी घमासान में पंजाब कांग्रेस भी पूरी ताकत से सरकार के खिलाफ खड़ी नजर आ रही है। सोमवार को कांग्रेस सांसदों ने भी संसद भवन के बाहर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। इस प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के इस्तीफे की मांग की। कांग्रेस पार्टी ने आरोप लगाया कि राज्य में लगातार हो रही कथित पेपर लीक की घटनाओं से छात्र परेशान हैं, लेकिन सरकार उनकी आवाज सुनने के बजाय दमनकारी नीतियां अपना रही है। कांग्रेस ने इसके साथ ही बरनाला में अपनी मांगों को लेकर शांतिपूर्ण ढंग से प्रदर्शन कर रहे सफाई कर्मचारियों पर हुई पुलिस की कार्रवाई का मुद्दा भी उठाया और इसे अत्यंत निंदनीय बताया।
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