उपनाम: गिलगित-बाल्टिस्तान
52 साल पुरानी साजिश और चीनी परियोजना का विरोध... PoK में फिर क्यों धधक उठी बगावत? जानिए पूरी कहानी
पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर के रावलाकोट, मुजफ्फराबाद और गिलगित-बाल्टिस्तान में एक बार फिर प्रदर्शन और झड़पें भड़क उठी हैं, जिसमें पुलिस कार्रवाई के दौरान 12 लोगों की मौत हो गई। महंगाई, बिजली बिल और आरक्षित सीटों को लेकर लोगों का गुस्सा फूट पड़ा है।
PoK में खूनी टकराव: पाकिस्तानी सेना और प्रदर्शनकारियों के बीच संघर्ष, 150 से ज्यादा मौतों का दावा
पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में सेना और प्रदर्शनकारियों के बीच हिंसक टकराव में 150 से ज्यादा लोगों की मौत और 100 से अधिक के घायल होने का दावा किया जा रहा है। जॉइंट अवामी एक्शन कमेटी ने रावलकोट में एक जनाजे में शामिल लोगों पर फायरिंग का आरोप लगाया है।
'गिलगित-बाल्टिस्तान भारत का अंग, वहां चुनाव कराने का हक नहीं', पाकिस्तान को भारत की दो-टूक
पाकिस्तान द्वारा 7 जून 2026 को 'गिलगित-बाल्टिस्तान विधानसभा' के लिए प्रस्तावित आम चुनाव पर भारत ने कड़ी आपत्ति जताते हुए औपचारिक विरोध पत्र सौंपा है। नई दिल्ली ने दोहराया कि यह क्षेत्र भारत का अभिन्न हिस्सा है।
पीओके में एक माह के 'पब्लिक लॉकडाउन' की घोषणा, पाकिस्तानी हुकूमत के प्रति लोगों में गहरा रोष
महंगाई, बुनियादी सुविधाओं की कमी और राजनीतिक अधिकारों को लेकर पीओके और गिलगित-बाल्टिस्तान में जनता का गुस्सा फूट पड़ा है। नागरिक संगठनों ने 9 जून से एक महीने के 'पब्लिक लॉकडाउन' की घोषणा की है, जबकि गिलगित-बाल्टिस्तान में 7 जून को चुनाव होने हैं।