उपनाम: बनारसी साड़ी
रांची में फेस्टिव सीजन की धूम, मिट्टी की ज्वेलरी से लेकर डिजाइनर बैग्स ने बढ़ाई रौनक
रांची के बाजारों में फेस्टिव सीजन को देखते हुए एक से बढ़कर एक हस्तनिर्मित और इको-फ्रेंडली कलेक्शन उपलब्ध हैं। यहां मिट्टी की ज्वेलरी से लेकर मोती के बैग और बनारसी साड़ियों तक का शानदार कलेक्शन लोगों को अपनी ओर आकर्षित कर रहा है।
एक ही छत के नीचे यूपी की बनारसी, झारखंड का तसर और राजस्थान का बंधेज, ऑनलाइन ऐप्स पर भी जबरदस्त मांग
रांची के सालवीय और सुमित ने 'सियाकारी' नाम से कपड़ों का ब्रैंड शुरू किया है, जहां देश के हर राज्य की मशहूर साड़ी एक ही जगह मिलती है। उनकी साड़ियों की अमेजॉन से लेकर फ्लिपकार्ट तक भारी डिमांड है और इससे करीब 600 कारीगरों को रोजगार मिल रहा है।
लक्जरी कार जितनी कीमत में बनती है एक बनारसी साड़ी, बॉलीवुड सितारों की भी पसंद
धर्म नगरी काशी में हथकरघे पर तैयार होने वाली खास बनारसी साड़ियों की कीमत कई बार लाखों रुपये तक पहुंच जाती है। चांदी और सोने के तारों के काम वाली इन साड़ियों की मांग बॉलीवुड हस्तियों और बड़े उद्योगपति घरानों में खूब है।