उपनाम: भारत पाकिस्तान संबंध
सिंधु जल संधि पर भारत का कड़ा रुख, क्या पाकिस्तान को इस बार किस्मत बचा पाएगी?
भारत द्वारा सिंधु जल संधि को निलंबित करने के बाद पाकिस्तान भीषण जल संकट की कगार पर खड़ा है, जहाँ उसकी कृषि व्यवस्था पूरी तरह से जल भंडारण की गिरती क्षमता पर निर्भर है।
भारत-पाकिस्तान ट्रैक 2 डिप्लोमेसी के दावों पर बरसे राम माधव, बताया असली सच
बीजेपी नेता राम माधव ने कोलंबो में आयोजित एक सुरक्षा सम्मेलन में पाकिस्तान के साथ गुप्त वार्ता के आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए इसे भ्रामक बताया है।
पाकिस्तान का जल संकट: कैसे कुदरत ने बचाई जान और अब मंडरा रहा है नया खतरा
भारत द्वारा सिंधु जल संधि स्थगित करने के बाद पाकिस्तान भीषण जल संकट की कगार पर था, लेकिन 2025 में अत्यधिक बारिश और बाढ़ ने स्थिति बदल दी। हालांकि, डैमों की घटती क्षमता अब देश के लिए एक नई और गंभीर चुनौती बन गई है।
1948 में भारत ने बिना युद्ध छेड़े कैसे पाकिस्तान पर डाला था दबाव
भारत और पाकिस्तान के बीच जल बंटवारे को लेकर 1948 में एक बड़ा तनाव पैदा हुआ था, जब भारत ने नहरों का पानी रोककर पड़ोसी देश की अर्थव्यवस्था को हिला दिया था।
न ब्रह्मोस, न अग्नि-5 — फिर भी पाकिस्तान में हाहाकार, सिंधु जल पर भारत के फैसले ने बढ़ाई मुनीर की मुश्किलें
पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत द्वारा सिंधु जल संधि स्थगित किए जाने का असर अब पाकिस्तान में साफ दिख रहा है। सिंध और बलूचिस्तान प्रांत गंभीर जल संकट से जूझ रहे हैं, जिससे खेती और लाखों-करोड़ों लोगों की आजीविका पर संकट गहरा गया है।