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एक घंटा पहले
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थाईलैंड के तट पर पहुंचा अमेरिकी बेड़ा
पश्चिम एशिया में 250 से अधिक दिनों तक लगातार तैनात रहने के बाद अमेरिकी नौसेना का ताकतवर एयरक्राफ्ट कैरियर USS अब्राहम लिंकन अब अपने वतन की ओर लौट रहा है। वापसी के क्रम में यह विशाल युद्धपोत बुधवार सुबह पूर्वी थाईलैंड के तट पर पहुंच गया है। अधिकारियों के मुताबिक, जहाज को चोनबुरी प्रांत के लैम चाबांग बंदरगाह की ओर जाते हुए देखा गया है। इस दौरान जहाज पर लगभग 5 हजार सेवारत सैनिक मौजूद हैं जो लंबे समय से समुद्र में तैनात थे।
ईरान के खिलाफ रिकॉर्ड तैनाती
USS अब्राहम लिंकन की यह तैनाती पश्चिम एशिया में ईरान के विरुद्ध अमेरिका के सैन्य अभियानों में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही थी। समुद्र में लगातार 250 दिनों से भी ज्यादा समय तक तैनात रहना अपने आप में एक बड़ा रिकॉर्ड है। यह मिशन क्षेत्र में तनाव के बीच अमेरिकी नौसेना की ताकत का प्रतीक बना रहा।
वापसी की वजह और स्वास्थ्य चिंताएं
इतनी लंबी तैनाती को लेकर कई तरह की चिंताएं भी जताई जा रही थीं। रिपोर्ट्स के अनुसार, लगातार काम के दबाव की वजह से चालक दल के सदस्यों के मानसिक स्वास्थ्य पर प्रभाव पड़ने, जहाज पर साफ-सफाई की कमी और खाने-पीने के संसाधनों की समस्या जैसी खबरें सामने आई थीं। गौरतलब है कि अगस्त महीने में ही USS जॉर्ज वॉशिंगटन ने मिडिल ईस्ट में USS अब्राहम लिंकन की जगह ली थी ताकि मिशन में निरंतरता बनी रहे।
सैनिकों के लिए पटाया का सुकून
ऐसी उम्मीद है कि अमेरिकी सैनिक अपनी थकान मिटाने के लिए प्रसिद्ध बीच टाउन पटाया का रुख करेंगे। थाई अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि अमेरिकी बेस पर लौटने से पहले यह ठहराव सैनिकों को रिकवरी और जरूरी आराम देने के लिए है। स्थानीय प्रशासन ने इस यात्रा के मद्देनजर सुरक्षा व्यवस्था को काफी चाक-चौबंद कर दिया है ताकि सब कुछ सुचारू रूप से चल सके। अधिकारियों का मानना है कि इतनी बड़ी संख्या में अमेरिकी सैनिकों के आने से स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी काफी फायदा मिलेगा।
क्यों खास है पटाया शहर?
थाईलैंड की खाड़ी के पूर्वी तट पर बसा पटाया दुनिया भर में अपने खूबसूरत समुद्री तटों, शानदार नाइटलाइफ और रोमांचक वाटर स्पोर्ट्स के लिए जाना जाता है। इस शहर को कभी न सोने वाला शहर भी कहा जाता है। यहाँ की वॉकिंग स्ट्रीट रात होते ही क्लबों, बार और लाइव म्यूजिक से जगमगा उठती है, जो पर्यटकों के लिए मुख्य आकर्षण का केंद्र है।
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