जम्मू-कश्मीर
4 घंटे पहले
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ड्रोन आधारित तस्करी के गिरोह का भंडाफोड़
जम्मू पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम देते हुए पाकिस्तान से संचालित होने वाले नशीले पदार्थों और हथियारों के एक तस्करी मॉड्यूल का पर्दाफाश किया है। पुलिस के अनुसार यह गिरोह ड्रोन के जरिए अंतरराष्ट्रीय सीमा पार से मादक पदार्थों और हथियारों की खेप मंगवाता था। इस मामले में पुलिस ने दो संदिग्धों को गिरफ्तार किया है और उनके पास से भारी मात्रा में नशीली सामग्री तथा घातक हथियार बरामद किए गए हैं। यह कार्रवाई सुरक्षा एजेंसियों की सतर्कता को दर्शाती है, जो सीमा पार से आने वाले खतरों पर कड़ी नजर रख रही हैं।
अरनिया इलाके से हुई गिरफ्तारी
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि यह ऑपरेशन जम्मू के अरनिया सेक्टर में चलाया गया। खुफिया जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने अंतरराष्ट्रीय सीमा के नजदीक एक गांव में दबिश दी और तस्करी में शामिल दो लोगों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान राहुल कुमार, निवासी ट्रेवा, और अजय कुमार, निवासी तलाहार के रूप में हुई है। ये दोनों आरोपी लंबे समय से सीमा पार के हैंडलर्स के संपर्क में थे और ड्रोन के जरिए गिराई गई खेपों को ठिकाने लगाने का काम करते थे। सोमवार देर रात उनके घरों से उन्हें हिरासत में लिया गया।
भारी मात्रा में हथियार और नशीले पदार्थ बरामद
पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर की गई तलाशी के दौरान आपत्तिजनक वस्तुएं बरामद की हैं। बरामदगी का विवरण इस प्रकार है:
- इटली में बनी एक बेरेटा पिस्तौल
- पिस्तौल की 2 मैगजीन
- 4 जिंदा कारतूस
- 500 ग्राम हेरोइन
- 500 ग्राम अफीम
कुल मिलाकर पुलिस ने 1 किलोग्राम नशीले पदार्थ और अवैध हथियार जब्त किए हैं। जांच में यह सामने आया है कि आरोपी पहले भी ड्रोन के जरिए भेजी गई नशीले पदार्थों की दो खेप सफलतापूर्वक प्राप्त कर चुके थे।
पाकिस्तान स्थित हैंडलर्स से जुड़े हैं तार
पूछताछ के दौरान आरोपियों ने स्वीकार किया है कि वे पाकिस्तान में बैठे हैंडलर्स के इशारे पर काम कर रहे थे। ये हैंडलर्स ड्रोन का इस्तेमाल कर सीमा पार से नशीले पदार्थों की तस्करी को अंजाम देते हैं। आरोपियों ने यह भी कबूल किया है कि ड्रोन से गिराई गई खेपों को इकट्ठा करना और उन्हें सुरक्षित स्थानों तक पहुँचाना उनकी जिम्मेदारी थी। फिलहाल पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस नेटवर्क में और कौन-कौन से लोग शामिल हैं और अब तक कितनी बार ऐसी खेपें सीमा पार से आई हैं।
कानूनी कार्रवाई और आगे की जांच
जम्मू पुलिस ने इस संबंध में अरनिया पुलिस स्टेशन में संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है। आरोपियों के खिलाफ नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटेंस (NDPS) एक्ट और आर्म्स एक्ट के तहत FIR दर्ज की गई है। पुलिस की विशेष टीमें इस मामले की विस्तृत जांच कर रही हैं ताकि इस तस्करी के पूरे नेटवर्क को ध्वस्त किया जा सके। सुरक्षा एजेंसियों का कहना है कि सीमावर्ती क्षेत्रों में ड्रोन के बढ़ते इस्तेमाल को देखते हुए निगरानी तंत्र को और अधिक मजबूत किया जा रहा है ताकि भविष्य में ऐसी गतिविधियों को रोका जा सके।
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