घर के आंगन में उगाएं औषधीय कचूर, खुशबूदार पत्तियों से मिलेगा इत्र जैसा लाभ जीवनशैली एक घंटा पहले 3
बारिश का मौसम औषधीय पौधों को लगाने के लिए बेहतरीन है। कचूर का पौधा न केवल औषधीय गुणों से भरपूर है, बल्कि इसकी पत्तियों से आप घर पर ही नेचुरल इत्र भी तैयार कर सकते हैं।

घर में उगाएं औषधीय कचूर

अगर आप बागवानी के शौकीन हैं और अपने बगीचे में कोई ऐसा पौधा लगाना चाहते हैं जो औषधीय गुणों के साथ-साथ खुशबू भी बिखेरे, तो कचूर आपके लिए एक बेहतरीन विकल्प हो सकता है। बारिश का मौसम इस पौधे को लगाने का सबसे उपयुक्त समय माना जाता है। एक्सपर्ट्स के अनुसार, कचूर एक ऐसा जड़ी-बूटी वाला पौधा है जिसका व्यावसायिक स्तर पर भी काफी महत्व है। इसकी पत्तियों में छिपे सुगंधित तेल की वजह से इसे परफ्यूम और अन्य सुगंधित उत्पाद बनाने वाली इंडस्ट्री में बड़े पैमाने पर इस्तेमाल किया जाता है।

पौधा लगाने की सही विधि

छतरपुर जिले के नौगांव कृषि विज्ञान केंद्र में पदस्थ डॉ. कमलेश अहिरवार के अनुसार, कचूर का पौधा घर के गमलों या क्यारियों में उगाना बहुत सरल है। इसे लगाने के लिए आप इन स्टेप्स का पालन कर सकते हैं:

  • सबसे पहले जमीन में लगभग डेढ़ फीट गहरा और इतना ही चौड़ा गड्ढा खोदें।
  • इस गड्ढे को भरने के लिए आधी मात्रा में गोबर की खाद और बाकी आधी मात्रा में अच्छी उपजाऊ मिट्टी का मिश्रण तैयार करें।
  • तैयार गड्ढे में कचूर का पौधा लगाएं और चारों तरफ से मिट्टी डालकर उसे अच्छी तरह दबा दें।

बारिश के दिनों में इसे लगाना इसलिए भी फायदेमंद है क्योंकि इस दौरान पौधे को बहुत अधिक देखभाल की आवश्यकता नहीं होती है। इस मौसम में इसे रोजाना पानी देने की जरूरत भी नहीं पड़ती और खाद का उपयोग भी न्यूनतम रखना होता है। हालांकि, गर्मियों के मौसम में इस पौधे को अधिक देखरेख और नियमित पानी की जरूरत होती है।

इत्र और परफ्यूम बनाने में उपयोग

कचूर की खासियत यह है कि इसकी पत्तियों से निकलने वाला अर्क प्राकृतिक सेंट या इत्र की तरह काम करता है। औद्योगिक स्तर पर बड़ी मशीनों के माध्यम से इन पत्तियों से सुगंधित तेल निकाला जाता है, जिससे महंगे परफ्यूम और ब्यूटी प्रोडक्ट्स तैयार किए जाते हैं। डॉ. कमलेश का कहना है कि यदि आपके घर के बगीचे में यह पौधा मौजूद है, तो आपको बाजार से महंगे सेंट खरीदने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी। आप इसकी पत्तियों के रस को सीधे अपने कपड़ों पर लगा सकते हैं, जो लंबे समय तक एक भीनी और सुखद सुगंध का अहसास कराएगा।

कहां से प्राप्त करें यह पौधा

यदि आप अपने घर में कचूर लगाने का मन बना चुके हैं, तो इसे आसानी से हासिल किया जा सकता है। आप अपने नजदीकी किसी भी नर्सरी से इसके बारे में पूछताछ कर सकते हैं। इसके अलावा, नौगांव स्थित कृषि विज्ञान केंद्र से भी आप इस औषधीय पौधे को प्राप्त कर सकते हैं। यह पौधा जवाहरलाल नेहरू कृषि विश्वविद्यालय की नर्सरी में भी उपलब्ध होता है। कृषि विज्ञान केंद्र के विशेषज्ञ अक्सर वहीं से ऐसे लाभकारी पौधों को मंगवाते हैं, ताकि क्षेत्रीय स्तर पर इनका प्रसार किया जा सके। औषधीय लाभों के अलावा, इसकी मौजूदगी आपके घर के वातावरण को शुद्ध और सुगंधित बनाने में भी सहायक होती है।

अंजलि सिंह पाबना की राज्य संवाददाता हैं, जो विभिन्न राज्यों की क्षेत्रीय खबरें और खानपान कवर करती हैं। स्थानीय घटनाओं, संस्कृति और जायके की कहानियों को वे करीब से रिपोर्ट करती हैं। अलग-अलग राज्यों की विविधता उनकी रिपोर्टिंग में नजर आती है।

आपकी प्रतिक्रिया?

Comments

https://pabna.in/assets/images/user-avatar-s.jpg

0 comment

Write the first comment for this!

फेसबुक वार्तालाप