फरीदाबाद के इस गांव में जमीन खरीदने की होड़, कम बजट में मिल रहे प्लॉट्स हरियाणा एक घंटा पहले 2
फरीदाबाद के चंदावली गांव में बुनियादी सुविधाओं और कनेक्टिविटी के कारण लोग निवेश के लिए आकर्षित हो रहे हैं। यहां जमीन के सरकारी सर्किल रेट और विकास परियोजनाओं के बारे में जानें विस्तार से।

तेजी से बढ़ता चंदावली गांव

फरीदाबाद में रियल एस्टेट की बढ़ती कीमतों ने आम आदमी के लिए घर का सपना पूरा करना मुश्किल कर दिया है। शहर के विकसित सेक्टरों में जमीन के दाम आसमान छू रहे हैं, जिसके चलते अब लोगों का ध्यान फरीदाबाद के ग्रामीण इलाकों की ओर शिफ्ट हो रहा है। इन्हीं में से एक प्रमुख नाम चंदावली गांव का है, जो अपनी शानदार कनेक्टिविटी और औद्योगिक विकास के कारण खरीदारों की पहली पसंद बनता जा रहा है।

क्यों खास है यह इलाका

प्रॉपर्टी विशेषज्ञों का मानना है कि चंदावली की भौगोलिक स्थिति इसे अन्य इलाकों से अलग बनाती है। यह गांव इंडस्ट्रियल एरिया के बिल्कुल करीब है, जिससे यहां रोजगार के व्यापक अवसर पैदा हो रहे हैं। इसके अलावा सेक्टर-69 का विकास और तेजी से बढ़ती IMT परियोजना इस गांव की वैल्यू को और भी बढ़ा रहे हैं। कनेक्टिविटी की बात करें तो बल्लभगढ़ मेट्रो स्टेशन और बस अड्डा यहां से महज 4 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। साथ ही, यह इलाका मुंबई एक्सप्रेसवे और मोहना रोड से सीधे जुड़ा हुआ है, जो इसे और भी सुलभ बनाता है।

क्या है जमीन का सरकारी सर्किल रेट

अगर आप यहां जमीन में निवेश करने की योजना बना रहे हैं, तो इसके आधिकारिक सर्किल रेट की जानकारी होना जरूरी है:

  • आवासीय जमीन का सर्किल रेट 24,200 रुपये प्रति गज है।
  • कमर्शियल जमीन के लिए सर्किल रेट करीब 33,000 रुपये प्रति गज तय किया गया है।
  • वहीं, प्रति एकड़ जमीन का सरकारी सर्किल रेट 2 करोड़ 14 लाख 50 हजार रुपये निर्धारित है।

खरीद-बिक्री की सुविधा

इस गांव की सबसे बड़ी खासियत यह है कि यहां जमीन की खरीद में किसी निश्चित आकार की बाध्यता नहीं है। गांव के निवासी अपनी जरूरत के अनुसार पैतृक जमीन का हिस्सा बेचते हैं, जिससे खरीदार अपने बजट के हिसाब से छोटे या बड़े प्लॉट का सौदा आपसी सहमति से कर सकते हैं। सुविधाओं की दृष्टि से यहां 12वीं कक्षा तक का सरकारी स्कूल पहले से मौजूद है। भविष्य में सेक्टर-66 के एयरोसिटी के रूप में विकसित होने से इस पूरे क्षेत्र के निवासियों को सीधा लाभ मिलेगा।

अंजलि सिंह पाबना की राज्य संवाददाता हैं, जो विभिन्न राज्यों की क्षेत्रीय खबरें और खानपान कवर करती हैं। स्थानीय घटनाओं, संस्कृति और जायके की कहानियों को वे करीब से रिपोर्ट करती हैं। अलग-अलग राज्यों की विविधता उनकी रिपोर्टिंग में नजर आती है।

आपकी प्रतिक्रिया?


आपको यह भी पसंद आ सकता हैं

Comments

https://pabna.in/assets/images/user-avatar-s.jpg

0 comment

Write the first comment for this!