मध्य प्रदेश
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समनापुर थाना क्षेत्र में फैली सनसनी
मध्यप्रदेश के डिंडौरी जिले के अंतर्गत आने वाले समनापुर थाना क्षेत्र से एक बेहद चौंकाने वाली घटना सामने आई है। यहाँ के ग्राम पिपरिया में एक व्यक्ति की हत्या का सनसनीखेज मामला सामने आया, जिसमें आरोपी ने पत्थर से सिर कुचलकर एक व्यक्ति की जान ले ली थी। हालांकि, पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए घटना के महज कुछ ही घंटों के भीतर आरोपी को धर दबोचा। पुलिस की विशेष टीम ने घने जंगल में चार से पांच घंटे तक चले सर्च ऑपरेशन के बाद घेराबंदी कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद उसे न्यायालय के समक्ष पेश किया गया और वहां से न्यायिक रिमांड पर जिला जेल भेज दिया गया। घटना की सूचना पुलिस को 26 जुलाई 2026 की सुबह लगभग साढ़े आठ बजे प्राप्त हुई थी, जिसके बाद मौके पर पहुंची टीम ने मृतक की पहचान कमल सिंह मरावी के तौर पर की।
कार्यक्रम से वापसी के दौरान शुरू हुआ विवाद
पुलिस जांच में मृतक की पत्नी हिंरदिया बाई ने पूरे घटनाक्रम का ब्योरा दिया। उन्होंने बताया कि उनके पति कमल सिंह मरावी एक दशगात्र कार्यक्रम से घर वापस लौट रहे थे। रास्ते में गांव के ही सुकल सिंह मरावी के साथ उनकी कहासुनी हो गई। यह विवाद देखते ही देखते बढ़ गया और दोनों के बीच धक्का-मुक्की की स्थिति पैदा हो गई। हालांकि, उस समय मामला शांत हो गया था, लेकिन आरोपी सुकल सिंह मरावी के मन में रंजिश बनी रही। आरोप है कि कुछ ही देर बाद आरोपी ने तालाब के पास कमल सिंह मरावी को घेर लिया और उनके सिर पर पत्थर से घातक वार कर दिए, जिससे मौके पर ही उनकी दर्दनाक मौत हो गई। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी तुरंत पास के घने जंगल में भाग गया।
पुलिस टीम की बड़ी कामयाबी
हत्या की खबर फैलते ही इलाके में हड़कंप मच गया और आनन-फानन में पुलिस बल मौके पर पहुँचा। मामले की गंभीरता को समझते हुए पुलिस अधीक्षक आशीष खरे और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रेखा धर्मेन्द्र सिंह ने इस हत्याकांड के खुलासे के लिए कड़े निर्देश जारी किए। इस पर एसडीओपी बजाग विवेक कुमार गौतम के नेतृत्व में एक विशेष टीम तैयार की गई। पुलिस ने आरोपी के छिपने के संभावित ठिकानों को चिन्हित किया और सघन तलाशी अभियान शुरू किया। जंगल में चार से पांच घंटे तक चली कड़ी मशक्कत और प्रभावी घेराबंदी के बाद आरोपी सुकल सिंह मरावी को पुलिस ने पकड़ लिया।
आरोपी को भेजा गया जेल
पुलिस की पूछताछ के दौरान आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है। गिरफ्तारी के बाद उसे विधिवत रूप से न्यायालय में पेश किया गया, जहाँ से उसे जिला जेल भेज दिया गया है। इस पूरे ऑपरेशन में एसडीओपी बजाग विवेक कुमार, समनापुर थाना प्रभारी हरिशंकर तिवारी, उप निरीक्षक लक्ष्मीप्रसाद पुष्पकार और चौकी प्रभारी संतोष यादव सहित स्थानीय पुलिस बल की अहम भूमिका रही। वरिष्ठ अधिकारियों का कहना है कि क्षेत्र में अपराध और अपराधियों के विरुद्ध पुलिस का सख्त अभियान जारी रहेगा। इस मामले में पुलिस आगे की विस्तृत विवेचना कर रही है।
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