आजम खान को बड़ा झटका, मौलाना मोहम्मद अली जौहर ट्रस्ट की टैक्स छूट खत्म उत्तर प्रदेश एक दिन पहले 11
समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता आजम खान के ट्रस्ट पर आयकर विभाग ने सख्त कार्रवाई की है। ट्रस्ट का 12A रजिस्ट्रेशन रद्द होने से उसे मिलने वाली टैक्स संबंधी सुविधाओं पर रोक लग गई है।

ट्रस्ट पर आयकर विभाग की बड़ी कार्रवाई

जेल में बंद समाजवादी पार्टी के नेता आजम खान की मुश्किलें और बढ़ गई हैं। आयकर विभाग ने उनके द्वारा संचालित मौलाना मोहम्मद अली जौहर ट्रस्ट का 12A रजिस्ट्रेशन रद्द कर दिया है। यह कार्रवाई 2020-21 से 2023-24 तक की अवधि के दौरान ट्रस्ट की गतिविधियों की जांच के बाद की गई है। लखनऊ स्थित पीसीआईटी (सेंट्रल) कार्यालय ने इस बाबत आदेश जारी किए हैं। इस फैसले के बाद ट्रस्ट अब आयकर अधिनियम के तहत मिलने वाले टैक्स लाभों का पात्र नहीं रहेगा।

अनियमितताओं और दबाव का आरोप

आयकर विभाग की जांच में ट्रस्ट की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए गए हैं। आधिकारिक रिपोर्ट के अनुसार, ट्रस्ट की गतिविधियों को जनहित के विपरीत माना गया है। जांच में यह तथ्य सामने आया है कि ट्रस्ट से जुड़े लोग डोनेशन लेने के लिए लोगों पर दबाव बना रहे थे। इसके अलावा, ट्रस्ट में डमी ट्रस्टी नियुक्त करने जैसे मामले भी सामने आए हैं। अधिकारियों का कहना है कि इन संदिग्ध गतिविधियों के कारण ट्रस्ट का रजिस्ट्रेशन खत्म करना आवश्यक हो गया था। अब इस ट्रस्ट से भारी टैक्स, ब्याज और पेनल्टी की वसूली की प्रक्रिया शुरू हो सकती है।

450 करोड़ की गड़बड़ी का मामला

यह कार्रवाई पिछले साल 13 सितंबर 2023 को आजम खान और उनके करीबियों के ठिकानों पर हुई आयकर छापेमारी के बाद आगे बढ़ी थी। विभाग को छापेमारी के दौरान मिले दस्तावेजों और सबूतों की गहन पड़ताल के बाद करीब 450 करोड़ रुपये की वित्तीय गड़बड़ी और कर चोरी का मामला सामने आया था। इससे पहले 17 जून को विभाग ने ट्रस्ट और रामपुर स्थित जौहर यूनिवर्सिटी को नोटिस जारी कर वित्तीय लेन-देन पर स्पष्टीकरण मांगा था।

ट्रस्ट और यूनिवर्सिटी पर संकट

मौलाना मोहम्मद अली जौहर यूनिवर्सिटी पूरी तरह से इसी ट्रस्ट के तहत संचालित होती है और आजम खान इसके लाइफटाइम चांसलर हैं। आयकर विभाग के इस सख्त फैसले के बाद अब ट्रस्ट की वित्तीय स्थिति के सामने गंभीर संकट खड़ा हो गया है। रजिस्ट्रेशन रद्द होने के कारण ट्रस्ट अब किसी भी तरह की व्यावसायिक या चैरिटेबल गतिविधि करने में अक्षम होगा, जिससे भविष्य में संस्थान के संचालन पर भी असर पड़ना तय माना जा रहा है।

चेतन तिवारी पाबना के उत्तर प्रदेश संवाददाता हैं और राज्य की राजनीति, प्रशासन तथा जमीनी मुद्दों को कवर करते हैं। लखनऊ में रहते हुए वे जिलों से लेकर विधानसभा तक की खबरें संतुलित रिपोर्टिंग के साथ पाठकों तक पहुंचाते हैं। आम लोगों के मुद्दों और स्थानीय घटनाओं पर उनका खास फोकस रहता है।

आपकी प्रतिक्रिया?


आपको यह भी पसंद आ सकता हैं

Comments

https://pabna.in/assets/images/user-avatar-s.jpg

0 comment

Write the first comment for this!