बिहार से टीम इंडिया तक का सफर
कभी वह दौर था जब बिहार के क्रिकेटरों के लिए राष्ट्रीय टीम तक का सफर नामुमकिन सा लगता था, लेकिन आज परिस्थितियां पूरी तरह बदल गई हैं। ईशान किशन, मुकेश कुमार, आकाश दीप और वैभव सूर्यवंशी जैसे नाम इस बात का प्रमाण हैं कि बिहार भारतीय क्रिकेट का अगला टैलेंट हब बनकर उभर रहा है। साकिब हुसैन और अनुकूल रॉय जैसे उभरते खिलाड़ी भी अब बीसीसीआई के दरवाजे खटखटा रहे हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि यही रफ्तार बनी रही, तो अगले वनडे या टी20 वर्ल्ड कप तक टीम इंडिया में बिहार से तीन से चार वैभव सूर्यवंशी जैसे खिलाड़ी खेलते हुए दिखाई दे सकते हैं।
बर्बादी से चमक तक की कहानी
बिहार क्रिकेट का इतिहास संघर्षों और प्रशासनिक खामियों से भरा रहा है। साल 2000 में राज्य के विभाजन के बाद खेल का बुनियादी ढांचा और फंड झारखंड के हिस्से में चला गया। इसके बाद एसोसिएशन में फैली गुटबाजी और भ्रष्टाचार के कारण साल 2001 में बीसीसीआई ने बिहार की मान्यता तक रद्द कर दी थी। लगभग 18 वर्षों तक राज्य के खिलाड़ी रणजी ट्रॉफी जैसे प्रतिष्ठित टूर्नामेंट से वंचित रहे। इस दौरान कई होनहार खिलाड़ी अपना करियर बचाने के लिए बंगाल, दिल्ली या झारखंड का रुख करने को मजबूर हुए। आखिरकार, साल 2018 में सुप्रीम कोर्ट के हस्तक्षेप के बाद बिहार को फिर से मान्यता मिली और राज्य के क्रिकेट की खोई हुई साख वापस लौटने लगी।
संघर्ष की मिसाल बने खिलाड़ी
बिहार के खिलाड़ियों की सफलता की कहानियां बेहद प्रेरणादायक हैं। समस्तीपुर के छोटे से गांव ताजपुर से निकले वैभव सूर्यवंशी का संघर्ष हो या मुकेश कुमार की मेहनत, जिनके पिता कोलकाता में ऑटो चलाया करते थे। रोहतास के आकाश दीप ने भी अपने दम पर भारतीय टेस्ट टीम में जगह बनाई है। यह खिलाड़ी अब उन बाधाओं को पार कर चुके हैं जो कभी बिहार की प्रतिभाओं का गला घोंट रही थीं।
धोनी और सबा करीम का योगदान
बिहार ने भारतीय क्रिकेट को पहले भी कई बड़े नाम दिए हैं। सबा करीम बिहार से खेलने वाले अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों में प्रमुख थे। वहीं, 1983 की वर्ल्ड कप विजेता टीम के सदस्य कीर्ति आजाद का संबंध भी बिहार से रहा है। महेंद्र सिंह धोनी ने भी अपने शुरुआती क्रिकेट करियर की नींव अविभाजित बिहार में ही रखी थी। आज जब हम आधुनिक क्रिकेट को देखते हैं, तो पाते हैं कि बिहार की माटी से निकले ये सितारे न केवल आईपीएल बल्कि टीम इंडिया के लिए भी मैच विनर साबित हो रहे हैं।
- मुकेश कुमार: सटीक यॉर्कर और लाइन-लेंथ के लिए मशहूर।
- आकाश दीप: टेस्ट क्रिकेट में भारत के लिए नई उम्मीद।
- वैभव सूर्यवंशी: आईपीएल इतिहास के सबसे युवा करोड़पति खिलाड़ियों में से एक।
- ईशान किशन: ऑल फॉर्मेट प्लेयर के रूप में पहचान।
https://hindi.news18.com/cricket/how-bihar-become-factory-for-cricketers-vaibhav-sooryavanshi-ishan-kishan-akash-deep-mukesh-kumar-anukul-roy-sakib-hussain-team-india-10600069.html