ब्रह्मोस का खौफ: किराना हिल्स बचाने पाकिस्तान ने चीन से मुंह मोड़ा, अमेरिकी रडार पर लगाया दांव

ऑपरेशन सिंदूर में किराना हिल्स के पास हुए हमले से सहमे पाकिस्तान ने अब इस संवेदनशील इलाके की सुरक्षा के लिए चीनी सिस्टम के बजाय अमेरिकी मूल का AN/TPS-77 लंबी दूरी का रडार तैनात कर दिया है। यह रडार करीब 450 से 470 किलोमीटर तक हवाई लक्ष्यों का पता लगाने में सक्षम माना जाता है।

ऑपरेशन सिंदूर के दौरान ब्रह्मोस क्रूज मिसाइल ने जो झलक दिखाई थी, उसका डर आज भी पाकिस्तानी आर्मी चीफ आसिम मुनीर और प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ के दिलों में बसा हुआ है। जिस किराना हिल्स में पाकिस्तान ने अपना परमाणु हथियार छिपा रखा है, उसे लेकर अब नई जानकारियां सामने आ रही हैं। रिपोर्टों के मुताबिक इस्लामाबाद ने यहां अत्याधुनिक तकनीक से लैस एक नया रडार सिस्टम लगाया है, ताकि किसी भी इनकमिंग खतरे को समय रहते रोका जा सके।

ऑपरेशन सिंदूर के समय भारत ने किराना हिल्स के नजदीक हमला कर पाकिस्तान को साफ संदेश दे दिया था कि उसका परमाणु ठिकाना भारतीय मारक क्षमता की पहुंच में है। ब्रह्मोस की उसी मार का खौफ अब तक पाकिस्तानी नेतृत्व के मन में कैद है, और यही वजह है कि पाकिस्तान किराना हिल्स को सुरक्षित रखने में पूरी ताकत झोंक रहा है।

अमेरिकी रडार को किया गया एक्टिव

पाकिस्तानी वायुसेना ने अपनी हवाई निगरानी और पूर्व-चेतावनी क्षमता को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। हालिया सैटेलाइट तस्वीरों और ओपन सोर्स इंटेलिजेंस (OSINT) विश्लेषण से पुष्टि हुई है कि पाकिस्तान ने पंजाब प्रांत में सरगोधा के पास रणनीतिक रूप से अहम किराना हिल्स क्षेत्र में अमेरिकी मूल के AN/TPS-77 लंबी दूरी के 3D एयर सर्विलांस रडार को सक्रिय कर दिया है।

यह तैनाती पाकिस्तान की वायु रक्षा प्रणाली को नई मजबूती देगी, खासकर कम ऊंचाई पर उड़ने वाली क्रूज मिसाइलों, ड्रोन और दूसरे हवाई खतरों की समय रहते पहचान करने में। किराना हिल्स का ऊंचा भूभाग रडार को बड़े क्षेत्र पर निगरानी रखने की सहूलियत देता है, जिससे सरगोधा स्थित पीएएफ के अहम एयरबेस और सैन्य ठिकानों की सुरक्षा और बेहतर हो सकेगी।

किराना हिल्स में बसती है पाकिस्तान की जान

किराना हिल्स लंबे समय से पाकिस्तान के रक्षा और परमाणु ढांचे से जुड़ा एक संवेदनशील इलाका माना जाता रहा है। ऐसे में यहां अत्याधुनिक रडार की तैनाती को पाकिस्तान की बहु-स्तरीय वायु रक्षा रणनीति का अहम हिस्सा माना जा रहा है। यह स्थान सरगोधा के निकट स्थित मुशाफ एयरबेस समेत कई हाई-वैल्यू एसेट्स की निगरानी और सुरक्षा के लिए आदर्श समझा जाता है।

‘इंडियन डिफेंस रिसर्च विंग’ की रिपोर्ट के अनुसार AN/TPS-77 रडार को अमेरिकी रक्षा कंपनी Lockheed Martin ने बनाया है। यह L बैंड आधारित 3D रडार है, जिसे करीब 450 से 470 किलोमीटर की दूरी तक हवाई लक्ष्यों का पता लगाने में सक्षम माना जाता है। इसकी सबसे बड़ी खूबी 360 डिग्री कवरेज और कम ऊंचाई पर उड़ने वाले लक्ष्यों के खिलाफ इसका प्रभावी प्रदर्शन है। इसके अलावा यह बैलिस्टिक मिसाइल ट्रैकिंग, एयर डिफेंस नेटवर्क इंटीग्रेशन और व्यापक हवाई निगरानी जैसे कई काम एक साथ संभाल सकता है।

क्या ब्रह्मोस और अग्नि-5 से बचा पाएगा यह रडार?

इस रडार की एक और अहम विशेषता इसकी गतिशीलता है। इसे अपेक्षाकृत कम समय में एक जगह से दूसरी जगह स्थानांतरित किया जा सकता है, जिससे बदलते सुरक्षा हालात में इसकी उपयोगिता और बढ़ जाती है। पाकिस्तान ने इस तरह के कई रडार अमेरिकी फॉरेन मिलिट्री सेल्स (FMS) कार्यक्रम के तहत हासिल किए थे।

गौरतलब है कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारत ने पाकिस्तान के HQ-9 एयर डिफेंस सिस्टम को अंधा कर दिया था। इसके बाद नूर खान, किराना हिल्स समेत कई संवेदनशील ठिकानों पर हमले किए गए थे और भारत के तीखे प्रहार से पाकिस्तान घुटनों पर आ गया था। पाकिस्तान ने HQ-9 एयर डिफेंस सिस्टम चीन से खरीदा था, लेकिन ऑपरेशन सिंदूर के बाद मुनीर और शहबाज शरीफ का चीनी सिस्टम से भरोसा उठ गया है। अब बड़ा सवाल यही है कि क्या यह नया रडार सिस्टम ब्रह्मोस और अग्नि-5 के हमलों से पाकिस्तान को बचा पाएगा।

नई रणनीतिक सोच का नतीजा

रक्षा विश्लेषकों का मानना है कि यह तैनाती पाकिस्तान की वायु रक्षा प्रणाली के आधुनिकीकरण अभियान का हिस्सा है। बीते वर्षों में ड्रोन, स्टैंड-ऑफ हथियारों और लंबी दूरी की मिसाइलों से उभरी चुनौतियों ने क्षेत्रीय देशों को अपनी एयर डिफेंस क्षमता उन्नत करने के लिए प्रेरित किया है। किराना हिल्स में TPS-77 की तैनाती को भी इसी रणनीतिक सोच का परिणाम माना जा रहा है।

ओपन सोर्स विश्लेषकों द्वारा साझा की गई सैटेलाइट तस्वीरों से संकेत मिलता है कि पाकिस्तान अपने केंद्रीय सैन्य क्षेत्रों की सुरक्षा और मजबूत करने के लिए बहु-स्तरीय निगरानी नेटवर्क विकसित कर रहा है। विशेषज्ञों के अनुसार यह कदम भविष्य में किसी भी संभावित हवाई खतरे के प्रति पाकिस्तान की जवाबी क्षमता को और प्रभावी बना सकता है।

https://hindi.news18.com/world/pakistan-brahmos-missile-attack-tps77-long-range-radar-operational-at-kirana-hills-lose-confidence-on-china-hq9-air-defence-system-10568988.html