गुजरात में जैश-ए-मोहम्मद के 5 और आतंकी दबोचे गए: बम बनाने के लिए किए थे 6-7 प्रयास, पहले 8 की हुई थी गिरफ्तारी

गुजरात एटीएस ने जैश-ए-मोहम्मद से जुड़े पांच और संदिग्ध आतंकवादियों को गिरफ्तार किया है, जो स्थानीय स्तर पर बम विस्फोट की साजिश रच रहे थे। इससे पहले इसी महीने आठ अन्य आरोपियों को भी पकड़ा गया था, जिनकी निशानदेही पर यह कार्रवाई की गई।

गुजरात एटीएस की बड़ी कार्रवाई

गुजरात पुलिस की आतंकवाद निरोधी दस्ता यानी एटीएस ने राज्य में आतंकी मंसूबों को नाकाम करते हुए जैश-ए-मोहम्मद से जुड़े पांच और संदिग्धों को गिरफ्तार कर लिया है। इसी महीने की शुरुआत में भी एटीएस ने जैश से जुड़े आठ आतंकियों को दबोचा था। अब उन्हीं आरोपियों से मिली अहम जानकारियों और गहन जांच के बाद इन पांच नए आतंकियों की धरपकड़ हुई है। इस देशविरोधी साजिश की जड़ तक पहुंचने के लिए एटीएस ने कई विशेष टीमें गठित की थीं। गुजरात और राजस्थान के अलग-अलग शहरों में स्थानीय पुलिस का सहयोग लेकर इन संदिग्धों को हिरासत में लिया गया और पूछताछ के लिए एटीएस कार्यालय लाया गया। शुरुआती जांच में सामने आया है कि इन लोगों ने स्थानीय स्तर पर बम बनाकर उसे इस्तेमाल करने के 6-7 बार प्रयास किए थे। कल शाम इन सभी को अदालत में पेश किया गया, जहां से इन्हें पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया है।

गिरफ्तार आतंकियों का ब्योरा

एटीएस द्वारा पकड़े गए पांचों संदिग्धों की पहचान और उनका विवरण इस प्रकार है:

  • बिलाल आबिदभाई शेरा (24 वर्ष): मूल रूप से पाटन जिले के चाटावाड़ा के शेरावास का रहने वाला है। वर्तमान में यह अहमदाबाद के कठवाड़ा स्थित होटल दिव्या पैलेस में रह रहा था। उसने गढ़ा के जमीयत-उल-उलूम मदरसे से शिक्षा ली है।
  • मोहम्मद अयूब कड़ीवाला (22 वर्ष): यह पाटन जिले के सिद्धपुर तहसील के खडियासन का निवासी है और वर्तमान में खडियासन स्थित मियां अबुल हसन मदरसे से जुड़ा था।
  • मोहम्मद अयूबभाई सुणसरा उर्फ मोहम्मद खली (20 वर्ष): छात्र है और भरूच के दारुल उलूम माटलीवाला मदरसे का विद्यार्थी है। उसका मूल निवास पाटन जिले के सिद्धपुर में खली स्थित प्राथमिक विद्यालय के सामने है।
  • शफीअ रईस मुखी उर्फ शफी छापी (21 वर्ष): यह बनासकांठा के वडगाम तहसील के छापी का रहने वाला है और दाभेल स्थित मियां इस्लामिया तालीमुल नौन मदरसे में सक्रिय था।
  • मोहम्मद हसन हनीफभाई करड़िया उर्फ हसन हैदरपुरी (20 वर्ष): यह पाटन जिले की सरस्वती तहसील के हैदरपुरा का निवासी है और भरूच के दारुल उलूम माटलीवाला मदरसे का छात्र है।

साजिश और आतंकी गतिविधियों का खुलासा

जांच के दौरान यह तथ्य सामने आया है कि आरोपी वर्ष 2023 से ही बम बनाने की तकनीक और आईईडी के डेटोनेशन मैकेनिज्म का अध्ययन कर रहे थे। उन्होंने 'अकेला मुजाहिद जिहाद कैसे करे' जैसी खतरनाक पुस्तकों की प्रतियां जुटाकर न केवल खुद उनका अध्ययन किया, बल्कि आपस में साझा भी किया। इसके अलावा आरोपी मोहम्मद अमीन शेरा द्वारा जिहादी तकरीरें देकर लोगों को भड़काने की जानकारी भी मिली है। जांच में पता चला है कि साल 2023 से फरवरी 2026 के बीच इन लोगों ने कुल 8 बार अलग-अलग जगहों पर विस्फोटक टाइमर मैकेनिज्म का अभ्यास किया और बम विस्फोट करने के प्रयोग किए। इसके लिए उन्होंने स्थानीय बाजार और ऑनलाइन शॉपिंग प्लेटफॉर्म्स से गन पाउडर बनाने की सामग्री जुटाई थी। मोहम्मद अमीन शेरा के पास से आईईडी बनाने का सामान भी जब्त किया गया है। बिलाल आबिदभाई शेरा ने मसूद अजहर के जिहादी भाषणों और वीडियो वाली पेन ड्राइव मोहम्मद अमीन शेरा को दी थी। आरोपियों ने मदरसों के छात्रों को जिहाद के लिए उकसाने के लिए कुल 3 बड़ी कट्टरपंथी बैठकें भी आयोजित की थीं।

बरामद सामग्री

छापेमारी के दौरान एटीएस ने कई आपत्तिजनक वस्तुएं जब्त की हैं, जिनमें शामिल हैं:

  • जैश-ए-मोहम्मद का प्रतिबंधित झंडा।
  • आतंकी मसूद अजहर की जिहादी किताबों की मुद्रित प्रतियां।
  • मसूद अजहर को संबोधित पत्रों की प्रतियां।
  • आतंकी गतिविधियों में खर्च करने के लिए ₹1,30,000 की नकद राशि।

https://www.indiatv.in/gujarat/five-more-accused-arrested-in-connection-with-anti-national-conspiracy-with-jem-2026-07-17-1231767