बिहार के मुजफ्फरपुर स्थित प्रसाद हॉस्पिटल में हुए भीषण अग्निकांड को लेकर एक और दुखद खबर सामने आई है। इस हादसे में गंभीर रूप से झुलसे मरीज ब्रजनंदन राय ने देर शाम इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। उनकी मौत के साथ ही इस दर्दनाक घटना में जान गंवाने वालों की संख्या 5 से बढ़कर 6 हो गई है। हादसे के बाद जहां पूरे जिले में शोक का माहौल है, वहीं इतने बड़े हादसे को लेकर लोगों में गहरी नाराजगी भी देखी जा रही है।
17 घायलों का इलाज अब भी जारी
प्रसाद हॉस्पिटल अग्निकांड में घायल हुए 17 मरीजों का इलाज मुजफ्फरपुर समेत बिहार के अलग-अलग अस्पतालों में चल रहा है। इनमें से कई मरीजों की हालत अब भी गंभीर बताई जा रही है, जिन पर चिकित्सकों की टीम लगातार नजर बनाए हुए है। जिला प्रशासन ने घायलों के बेहतर इलाज के लिए विशेष व्यवस्था करने का दावा किया है।
आग और धुएं के बीच मच गई थी अफरा-तफरी
घटना के समय अस्पताल में भर्ती मरीज और उनके परिजन अचानक आग और धुएं की चपेट में आ गए थे। देखते ही देखते पूरे अस्पताल परिसर में अफरा-तफरी मच गई और लोग अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। स्थानीय लोगों तथा राहत-बचाव दल की मदद से कई मरीजों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, लेकिन कुछ लोग गंभीर रूप से झुलस गए, जिनका इलाज राज्य के विभिन्न अस्पतालों में चल रहा है।
अस्पताल प्रबंधन के खिलाफ दर्ज हुआ मुकदमा
इस गंभीर हादसे के बाद प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। ब्रह्मपुरा थाना में अस्पताल प्रबंधन के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और पुलिस विभिन्न धाराओं के तहत मामले की जांच में जुटी है। शुरुआती जांच में सुरक्षा मानकों की अनदेखी और लापरवाही की बात सामने आई है। मामले की तह तक पहुंचने के लिए पुलिस ने अस्पताल के कई कर्मचारियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की है।
अधिकारियों के अनुसार, हादसे के कारणों और इसके लिए जिम्मेदार लोगों की पहचान के लिए हर पहलू की बारीकी से जांच की जा रही है। पूछताछ में सामने आए तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
स्वास्थ्य मंत्री ने अस्पताल पहुंचकर ली जानकारी
बिहार के स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार घायल मरीजों का हालचाल जानने मेडांटा अस्पताल पहुंचे। उन्होंने भर्ती मरीजों और उनके परिजनों से मुलाकात कर स्वास्थ्य की जानकारी ली तथा चिकित्सकों से इलाज की प्रगति पर चर्चा की। इस दौरान मंत्री ने भरोसा दिलाया कि सभी घायलों को बेहतर से बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी और इलाज में किसी तरह की कमी नहीं रहने दी जाएगी। उन्होंने यह भी आश्वासन दिया कि सरकार की ओर से इलाज का पूरा खर्च उठाया जाएगा, ताकि पीड़ित परिवारों को राहत मिल सके।
दोषियों पर कार्रवाई का इंतजार कर रहे परिवार
प्रशासन ने पूरे मामले की विस्तृत जांच शुरू कर दी है। अग्निशमन विभाग, स्वास्थ्य विभाग और जिला प्रशासन की संयुक्त टीम अस्पताल में मौजूद सुरक्षा व्यवस्था, फायर सेफ्टी उपकरणों और आपातकालीन प्रबंधन की पड़ताल कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि किसी भी स्तर पर लापरवाही पाए जाने पर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
दूसरी ओर, हादसे में अपनों को खोने वाले परिवारों का रो-रोकर बुरा हाल है। मृतकों के परिजन दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और उचित मुआवजे की मांग कर रहे हैं।
https://hindi.news18.com/news/bihar/muzaffarpur-latest-news-muzaffarpur-prasad-hospital-fire-death-toll-rises-to-6-brajnandan-rai-death-local18-ws-l-10541607.html