संगीत की दुनिया का पहला बड़ा नाम
आज के दौर में भले ही गौहर जान का नाम मुख्यधारा की चर्चाओं में कम सुनाई देता हो, लेकिन एक समय था जब वे भारत की सबसे बड़ी शख्सियत और पहली सेलिब्रिटी गायिका मानी जाती थीं। उनकी कला और रसूख का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि तत्कालीन राजे-रजवाड़े भी उनका सम्मान करते थे।
रिकॉर्डिंग के जरिए रचा इतिहास
गौहर जान ने संगीत के क्षेत्र में एक बड़ा कीर्तिमान स्थापित किया था। उन्होंने साल 1902 में भारत की पहली ग्रामोफोन रिकॉर्डिंग पूरी की थी। अपनी गायकी के सफर में उन्होंने 10 से ज्यादा भाषाओं में 600 से अधिक गीतों को अपनी आवाज दी। उनकी गायकी का जादू हर तरफ छाया हुआ था।
अंग्रेजों को चलानी पड़ी स्पेशल ट्रेन
गौहर जान न केवल अपनी गायकी बल्कि अपने शाही जीवनशैली के लिए भी जानी जाती थीं। उनकी लोकप्रियता का आलम यह था कि एक बार एक कार्यक्रम में शामिल होने के लिए उनकी मांग पर ब्रिटिश शासन को उनके लिए एक स्पेशल ट्रेन चलानी पड़ी थी। यह उस दौर में किसी भी कलाकार के लिए बड़ी बात थी।
ब्रिटिश सम्राट के सामने प्रस्तुति
उनकी ख्याति देश की सीमाओं से बाहर तक फैली हुई थी। यही कारण है कि साल 1911 में जब ब्रिटिश सम्राट जॉर्ज पंचम भारत आए, तो उनके सामने प्रस्तुति देने के लिए गौहर जान को चुना गया था। वे उस समय की भारतीय कला और संस्कृति का एक बेहद प्रभावशाली चेहरा थीं।
https://hindi.news18.com/news/entertainment/bollywood-india-first-singing-star-gauhar-jaan-before-whom-kings-royals-bowed-even-british-run-special-train-at-her-behest-ws-l-10603203.html