मुजफ्फरपुर: लॉरेंस बिश्नोई गैंग के नाम पर पर्यटन मंत्री के बेटे से 50 लाख की रंगदारी मांगने वाला गिरफ्तार

बिहार के मुजफ्फरपुर में लॉरेंस बिश्नोई के नाम पर राजनेताओं को धमकाने वाले एक गिरोह का पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। मुख्य आरोपी कन्हाई सहनी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है, जो होटल के नंबर का इस्तेमाल कर फोन और व्हाट्सएप के जरिए लोगों से करोड़ों की वसूली कर रहा था।

गिरोह का खुलासा और गिरफ्तारी

बिहार के मुजफ्फरपुर जिले में कुख्यात लॉरेंस बिश्नोई गैंग का नाम लेकर प्रभावशाली लोगों को निशाना बनाने वाले एक गिरोह का पुलिस ने पर्दाफाश कर दिया है। यह गिरोह व्हाट्सएप कॉल और संदेशों के जरिए राज्य के कई बड़े राजनेताओं और प्रतिष्ठित हस्तियों को जान से मारने की धमकी देकर करोड़ों रुपये की वसूली कर रहा था। मुजफ्फरपुर और पटना पुलिस की एक संयुक्त टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए कांटी थाना क्षेत्र से इस गिरोह के मुख्य आरोपी कन्हाई सहनी को अपनी गिरफ्त में लिया है। पुलिस ने आरोपी के पास से वह मोबाइल फोन भी बरामद कर लिया है जिसका इस्तेमाल वह धमकी देने के लिए करता था।

मंत्री पुत्र समेत कई नेता थे निशाने पर

जांच के दौरान सामने आया है कि आरोपी ने कई नामचीन हस्तियों को अपना शिकार बनाया था। हाल के दिनों में ब्रह्मपुरा, साहेबगंज और सदर थाना क्षेत्रों में रंगदारी मांगने की कई शिकायतें दर्ज की गई थीं। आरोपी ने बिहार के पर्यटन मंत्री केदार प्रसाद गुप्ता के पुत्र से 50 लाख रुपये की रंगदारी मांगी थी। इसके अतिरिक्त, अन्य कई नेताओं को भी निशाना बनाया गया, जिनमें भाजपा नेता रंजीत सहनी से 50 लाख रुपये, राजेश कुमार साहनी से 1 करोड़ रुपये और 25 जुलाई को पूर्व विधायक डॉ. संजीव कुमार से 1 करोड़ रुपये की मांग शामिल है। पूछताछ के दौरान आरोपी ने स्वीकार किया कि उसने 4 जुलाई 2026 को उत्तर प्रदेश के वृंदावन स्थित एक होटल में मिले मोबाइल नंबर का उपयोग कर व्हाट्सएप प्रोफाइल बनाई और लॉरेंस बिश्नोई गैंग के नाम का खौफ पैदा किया।

वृंदावन से शुरू हुआ था अपराध का नेटवर्क

सिटी एसपी मोहिबुल्लाह अंसारी के मुताबिक, आरोपी कन्हाई सहनी पहले उत्तर प्रदेश के वृंदावन के एक होटल में काम करता था। वहां उसने होटल मालिक के मोबाइल नंबर का दुरुपयोग करते हुए व्हाट्सएप पर लॉरेंस बिश्नोई ग्रुप के नाम से फर्जी प्रोफाइल तैयार की। मुजफ्फरपुर वापस आने के बाद, उसने अपने साथियों के साथ मिलकर स्थानीय कारोबारियों और राजनेताओं को डराना-धमकाना शुरू कर दिया।

पुलिस की आगे की कार्रवाई

एसएसपी कांतेश कुमार मिश्रा के दिशा-निर्देशों पर एक विशेष टीम का गठन किया गया था, जिसने तकनीकी साक्ष्यों और मानवीय खुफिया जानकारी के आधार पर आरोपी को पकड़ा। पटना पुलिस आरोपी को अपने साथ ले गई है और मामले में गहन पूछताछ चल रही है। पुलिस अब आरोपी को रिमांड पर लेकर यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस पूरे नेटवर्क में और कौन-कौन से लोग शामिल हैं।

https://www.indiatv.in/bihar/extortion-demand-of-50-lakh-made-from-tourism-ministers-son-in-the-name-of-the-lawrence-bishnoi-gang-police-arrest-the-accused-2026-07-27-1233752